Halloween party ideas 2015

 

फूल संक्रांत या फूलदेई उत्तराखंड का एक अत्यंत सुंदर लोकपर्व है, जिसे फूलों के त्योहार के रूप में जाना जाता है। 

foolsakrant fooldai



यह पर्व ऋतुराज वसंत के आगमन और प्रकृति के नवजीवन का प्रतीक है। होली के रंगों के बाद आने वाला यह त्योहार रंग-बिरंगे फूलों और प्रकृति की सुगंध से भरा हुआ होता है। 


उत्तराखंड के विभिन्न क्षेत्रों में इसे स्थानीय परंपराओं और रीति-रिवाजों के अनुसार अलग-अलग ढंग से मनाया जाता है।

मैं गढ़वाल मंडल के टिहरी जनपद के नरेंद्रनगर विकासखंड के अंतर्गत आने वाली 'दोगी पट्टी' का निवासी हूँ। इसलिए अपने क्षेत्र में इस पर्व को जिस प्रकार मनाया जाता है, उसी की एक मधुर झलक यहाँ साझा कर रहा हूँ -


जब मैं छोटा था और गाँव में रहता था, तब चैत्र (चैत) महीने का विशेष इंतज़ार रहता था—खासकर चैत्र संक्रांति के दिन आने वाली 'फूलसंक्रांत' का। इस पर्व की तैयारियाँ एक दिन पहले ही शुरू हो जाती थीं। माँ जी शाम को ही दाल (रंगणवास/नौरंगी) या पिण्डालू (अरबी) पकाने के लिए रख देती थीं।

उधर हम बच्चे भी दो–चार दिन पहले ही अपनी फूलकंडी (फूल रखने की छोटी, हत्थीदार टोकरी) तैयार कर लेते थे। यह फूलकंडी प्रायः रिंगाल के तनों से बनाई जाती थी, जिसे गाँव के कंडोलिया या कोई बुजुर्ग बड़ी कुशलता से बनाते थे। यह छोटी-सी टोकरी देखने में बहुत सुंदर और मनमोहक होती थी।

फूल संक्रांत के दिन सुबह होते ही घर में दाल या अरबी–आलू के स्वादिष्ट भरे पकोड़े, जिन्हें हमारे यहाँ स्वाले कहा जाता है, बनाए जाते थे। सबसे पहले दो स्वाले फूलकंडी में रखे जाते और उसकी पूजा की जाती। इसके बाद हम बच्चे अपनी फूलकंडी लेकर खेतों (सारियों) की ओर निकल पड़ते और वहाँ से फ्योंली के पीले-पीले फूल तोड़कर लाते।

फिर घर आकर हर देळी (दरवाजे की चौखट) के दोनों ओर थोड़े-थोड़े फूल डालते। यह परंपरा पूरे चैत्र महीने तक चलती थी।

इस एक महीने की परंपरा में भी कुछ नियम थे। शुरुआती आठ दिनों तक केवल फ्योंली के ताजे फूल ही लाए जाते थे। आठ दिन बाद अन्य फूलों का भी उपयोग किया जा सकता था, जैसे— गुरियाळ, धाई, ढाँक, दालिम, बासिंग और बुगरा (सहजन) आदि के फूल।

आठ दिनों के बाद सुबह के लिए फूल शाम को ही इकट्ठा कर लिए जाते थे। उन्हें फूलकंडी में हल्का पानी छिड़ककर घर के बाहर नीम या डैंकरण के पेड़ पर टांग दिया जाता था, ताकि वे सुबह तक ताज़ा बने रहें।

यह पूरी प्रक्रिया चैत्र महीने भर चलती थी और अंततः बैसाखी (बिखोत) के दिन एक भव्य और उल्लासपूर्ण समापन के साथ पूरी होती थी। बैसाखी के दिन विशेष रूप से दालिम और ढाँक के फूलों की सुंदर मालाएँ बनाई जाती थीं और उन्हें घर के दरवाजों की चौखट (मोरी) पर सजाया जाता था।

इसके लिए फूल दो–तीन दिन पहले से ही इकट्ठा किए जाते थे। उस दिन देळी पर सामान्य दिनों से अधिक फूल डाले जाते थे। फिर हम छोटे बच्चे खुशी-खुशी उस देळी को लाँघते थे और बदले में हमें पूरे महीने की प्रोत्साहन राशि मिलती थी।

हम बच्चों के लिए यह क्षण बहुत आनंददायक होता था, क्योंकि ठीक छह दिन बाद सात गते का हिंडौला थौल भी आने वाला होता था।

वास्तव में यह एक महीने तक चलने वाला पर्व प्रकृति, उत्साह, बालसुलभ आनंद और सामुदायिक परंपराओं का अद्भुत संगम होता था। आज समय के साथ यह परंपरा कई स्थानों पर कम होती जा रही है, परंतु इसकी मधुर स्मृतियाँ आज भी मन में उसी ताजगी और आनंद के साथ जीवित हैं।

आप सभी को प्रकृति, रंग और उमंग से भरे इस सुंदर लोकपर्व फूल संक्रांत / फूलदेई की हार्दिक शुभकामनाएँ.

प्रो. (डॉ.) राकेश चन्द्र रयाल (मनरागी)

 खटीमा:

CM Dhami khatima


मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) की प्रतिष्ठित सिविल सेवा परीक्षा में चयनित शांभवी तिवारी निवासी किच्छा,प्रिया चौहान काशीपुर, सौम्या गर्ब्याल निवासी भीमताल से अपने निजी आवास नगला तराई में संवाद कर बधाईयां दी। मुख्यमंत्री ने कहा बेटियों ने परिवार ही नहीं बल्कि पूरे जिले और प्रदेश का नाम रोशन किया है। 

 

इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि तीनों बेटियों की यह उपलब्धि प्रदेश के युवाओं के लिए प्रेरणादायक है और उनके समर्पण, अनुशासन व मेहनत का परिणाम है।

मुख्यमंत्री ने सिविल सेवा में चयनित तीनों बेटियों को पुस्तक,उपहार व शॉल भेंट कर सम्मानित किया तथा इस सफलता के लिए बधाईयां दी और भविष्य के लिए शुभकामनाएं दी। उन्होंने उनके परिजनों से भी वार्ता की व बधाईयां दी ।


मुख्यमंत्री श्री धामी ने जनपद की जिला पर्यटन विकास अधिकारी लता बिष्ट को भारतीय पर्वतारोहण फाउंडेशन नई दिल्ली द्वारा आयोजित माउंट चंद्रभागा -13 (6264 )मीटर व माउंट चंद्रभागा - 14 (6074 )मीटर के पर्वतारोहण अभियान का टीम लीडर के रूप में  नेतृत्व कर सफलता पूर्वक आरोहण करने के लिए बधाईयां दी व उन्हें शाल व प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया।


इस दौरान जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय गणपति,मुख्य विकास अधिकारी दिवेश शाशनी, एएसपी डॉ उत्तम सिंह नेगी, उपजिलाधिकारी तुषार सैनी, प्रोवेशन अधिकारी व्योमा जैन आदि मौजूद थे। 


मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने खटीमा भ्रमण के दौरान रविवार को नगला तराई व हेलीपैड, लोहियाहेड में जनप्रतिनिधियों व जनता  से मुलाकात कर जनसमस्याएं सुनी तथा समस्याओं का समाधान करने के निर्देश अधिकारियों को दिए। उन्होंने कहा जनसमस्याओं का निराकरण सरकार की प्राथमिकता है इसलिए अधिकारी  जन समस्याओं का त्वरित समाधान करें।


 इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष अजय मौर्य, अध्यक्ष नगर पालिका खटीमा रमेश चंद्र जोशी, नानकमत्ता प्रेम सिंह टूरना, दर्जा मंत्री अनिल कपूर डब्बू,सतीश भट्ट , जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया,वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय गणपति,  व अन्य लोग उपस्थित थे।


मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने खटीमा भ्रमण के दौरान रविवार को नगला तराई व हेलीपैड, लोहियाहेड में जनप्रतिनिधियों व जनता  से मुलाकात कर जनसमस्याएं सुनी तथा समस्याओं का समाधान करने के निर्देश अधिकारियों को दिए।


 उन्होंने कहा जनसमस्याओं का निराकरण सरकार की प्राथमिकता है इसलिए अधिकारी  जन समस्याओं का त्वरित समाधान करें।

 इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष अजय मौर्य, अध्यक्ष नगर पालिका खटीमा रमेश चंद्र जोशी, नानकमत्ता प्रेम सिंह टूरना, दर्जा मंत्री अनिल कपूर डब्बू,सतीश भट्ट , जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया,वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय गणपति,  व अन्य लोग उपस्थित थे।

इस दौरे का उद्देश्य आधुनिक राजमार्ग का बुनियादी ढांचा किस प्रकार स्थिरता और वन्यजीव संरक्षण पर विशेष ज़ोर देते हुए विकसित किया जा रहा है रहा

- यह एक्सप्रेसवे दिल्ली और देहरादून के बीच यात्रा के समय को काफी कम कर देगा, साथ ही पूरे क्षेत्र में परिवहन दक्षता में भी सुधार करेगा


ओडिशा मीडिया प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों ने अपने प्रेस दौरे के अंतिम चरण में दिल्ली-सहारनपुर-देहरादून एक्सप्रेसवे परियोजना का दौरा किया। इस दौरे का उद्देश्य यह देखना था कि आधुनिक राजमार्ग बुनियादी ढांचा किस प्रकार स्थिरता और वन्यजीव संरक्षण पर विशेष ज़ोर देते हुए विकसित किया जा रहा है। इस दौरे से प्रतिनिधिमंडल को यह समझने का बेहतर अवसर मिला कि बड़े पैमाने पर कनेक्टिविटी परियोजनाएं किस तरह विकास की ज़रूरतों और पारिस्थितिक संरक्षण के बीच संतुलन बनाने के लिए डिज़ाइन की जा रही हैं।


प्रतिनिधिमंडल का स्वागत PIU वसंत विहार के परियोजना निदेशक सौरभ सिंह ने गर्मजोशी से किया। उन्होंने प्रतिनिधिमंडल को एक्सप्रेसवे की प्रगति और क्षेत्रीय कनेक्टिविटी को मज़बूत करने में इसके महत्व के बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि एक बार पूरा हो जाने पर, यह एक्सप्रेसवे दिल्ली और देहरादून के बीच यात्रा के समय को काफी कम कर देगा, साथ ही पूरे क्षेत्र में परिवहन दक्षता में भी सुधार करेगा।


अधिकारियों ने बताया कि राजाजी राष्ट्रीय उद्यान के पास स्थित पर्यावरण की दृष्टि से संवेदनशील क्षेत्रों से गुज़रने वाले हिस्सों में विशेष सावधानी बरती गई है। वन्यजीवों की सुरक्षा सुनिश्चित करने और वन क्षेत्र में जानवरों की प्राकृतिक आवाजाही को बनाए रखने के लिए इसमें अभिनव इंजीनियरिंग उपायों को शामिल किया गया है।


दौरे के दौरान, राजाजी राष्ट्रीय वन रेंज के SDO अजय लिंगवाल ने NHAI के साइट इंजीनियर सुमित सिंह के साथ मिलकर प्रतिनिधिमंडल से बातचीत की और परियोजना में शामिल वन्यजीव संरक्षण उपायों के बारे में विस्तार से बताया। इन उपायों में वन्यजीवों के लिए समर्पित अंडरपास, इको-ब्रिज और प्राकृतिक गलियारों का निर्माण शामिल है, जिससे जानवर अपने आवास को बिना किसी बाधा के सुरक्षित रूप से राजमार्ग पार कर सकें।


प्रतिनिधिमंडल को बताया गया कि ऐसी विशेषताएं विस्तृत पारिस्थितिक अध्ययनों के बाद डिज़ाइन की जाती हैं और वन क्षेत्रों में बुनियादी ढांचे के विकास का एक प्रमुख घटक बनती जा रही हैं। ये उपाय वन्यजीवों से जुड़ी सड़क दुर्घटनाओं को रोकने में मदद करते हैं, साथ ही उस क्षेत्र की पारिस्थितिक निरंतरता को भी बनाए रखते हैं।


प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों ने परियोजना के पीछे की सोच-समझकर की गई योजना की सराहना की और कहा कि यह एक्सप्रेसवे सतत कनेक्टिविटी के प्रति एक प्रगतिशील दृष्टिकोण का प्रतिनिधित्व करता है, जहाँ बुनियादी ढांचे का विकास और पर्यावरण संरक्षण साथ-साथ चलते हैं।

इस दौरे ने प्रतिनिधिमंडल को यह जानने का एक मूल्यवान अवसर प्रदान किया कि भारत में बुनियादी ढांचा परियोजनाएं कनेक्टिविटी को बढ़ाते हुए जैव विविधता की रक्षा के लिए किस प्रकार अभिनव और ज़िम्मेदार प्रथाओं को अपना रही हैं।


इस मीडिया प्रतिनिधिमंडल में ओडिशा के विभिन्न मीडिया संस्थानों के नौ वरिष्ठ पत्रकार और संपादक शामिल हैं।

 ऋषिकेश : 


ऋषिकेश विधानसभा क्षेत्र के छिद्दरवाला में इन दिनों गैस उपभोक्ताओं को बुकिंग के लिए भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। ऑनलाइन बुकिंग की सुविधा सही तरीके से काम नहीं करने के कारण लोगों को गैस एजेंसी पहुंचकर ही सिलेंडर बुक कराना पड़ रहा है।

शनिवार को छिद्दरवाला स्थित एस.एस. इंडेन गैस एजेंसी में इसका नजारा साफ देखने को मिला, जहां सुबह से ही गैस बुकिंग के लिए उपभोक्ताओं की लंबी कतारें लग गईं। बड़ी संख्या में लोग गैस बुक कराने के लिए एजेंसी पहुंचे, जिससे वहां भीड़ की स्थिति बन गई।

उपभोक्ताओं का कहना है कि ऑनलाइन बुकिंग न होने से उन्हें बार-बार एजेंसी के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं। खासकर बुजुर्गों और महिलाओं को इससे ज्यादा दिक्कत हो रही है। लोगों ने संबंधित विभाग से ऑनलाइन बुकिंग व्यवस्था को जल्द दुरुस्त करने की मांग की है, ताकि उपभोक्ताओं को राहत मिल सके।

 

मेष

अ, आ, चू, चे, चो, ला, ली, लू, ले, लो

नई योजना बनेगी। नए अनुबंध होंगे। लाभ के अवसर बढ़ेंगे। कार्यस्थल पर परिवर्तन हो सकता है। परिवार की समस्याओं की चिंता रहेगी। समय की अनुकूलता का लाभ अधिकाधिक लेना चाहिए। नवीन उपलब्धियों की प्राप्ति संभव है। व्यापार-व्यवसाय अच्छा चलेगा।

Rashifal 15 march 2026


वृषभ

ई, ऊ, ए, ओ, वा, वी, वू, वे, वो

संपत्ति के कार्य लाभ देंगे। बेरोजगारी दूर होगी। धन की आवक बनी रहेगी। जोखिम व जमानत के कार्य न करें। लक्ष्य को ध्यान में रखकर प्रयत्न करें, सफलता मिलेगी। शुभ कार्यों में संलग्न होने से सुयश एवं सम्मान प्राप्त हो सकेगा। व्यापारिक निर्णय लेने में देर नहीं करें।


मिथुन

का, की, कू, घ, ङ, छ, के, को, ह

रचनात्मक कार्य सफल रहेंगे। किसी आनंदोत्सव में भाग लेने का मौका मिलेगा। घर-बाहर प्रसन्नता रहेगी। आपके व्यवहार एवं कार्यकुशलता से अधिकारी वर्ग से सहयोग मिलेगा। संतान के कार्यों पर नजर रखें। पूँजी निवेश बढ़ेगा। प्रचार-प्रसार से दूर रहें।


कर्क

ही, हू, हे, हो, डा, डी, डू, डे, डो

क्रोध पर नियंत्रण रखें। स्वास्थ्य का ध्यान रखें। दु:खद समाचार मिल सकता है। चिंता बनी रहेगी। व्यापार-व्यवसाय में सावधानी रखें। वास्तविकता को महत्व दें। प्रयासों में सफलता के योग कम हैं। परिवार में कलह-कलेश का माहौल रह सकता है।


सिंह

मा, मी, मू, मे, मो, टा, टी, टू, टे

नए अनुबंधों का लाभ मिलेगा। धन प्राप्ति सुगम होगी। पूछ-परख रहेगी। रुके कार्य बनेंगे। जोखिम न लें। वाणी पर नियंत्रण रखना होगा। व्यवहार कुशलता एवं सहनशीलता के बल पर आने वाली बाधाओं का समाधान हो सकेगा। खानपान पर नियंत्रण रखें।


कन्या

ढो, पा, पी, पू, ष, ण, ठ, पे, पो

मेहमानों का आवागमन होगा। उत्साहवर्धक सूचना मिलेगी। प्रसन्नता रहेगी। मान बढ़ेगा। जल्दबाजी न करें। जोखिम के कार्यों से दूर रहें। पराक्रम में वृद्धि होगी। परिवार में सहयोग का वातावरण रहेगा। अभिष्ट कार्य की सिद्धि के योग हैं। उलझनों से मुक्ति मिलेगी।


तुला

रा, री, रू, रे, रो, ता, ती, तू, ते

यात्रा, नौकरी व निवेश मनोनुकूल लाभ देंगे। भेंट आदि की प्राप्ति होगी। कोई बड़ा कार्य होने से प्रसन्नता रहेगी। व्यापार में उन्नति के योग हैं। संतान की ओर से सुखद स्थिति बनेगी। प्रयास की मात्रा के अनुसार लाभ की अधिकता रहेगी। अपनी वस्तुएँ संभालकर रखें।


वृश्चिक

तो, ना, नी, नू, ने, नो, या, यी, यू

वाणी पर नियंत्रण रखें। अप्रत्याशित बड़े खर्च सामने आएंगे। कर्ज लेना पड़ सकता है, जोखिम न लें। अजनबी व्यक्ति पर विश्वास न करें। उदर विकार के योग के कारण खान-पान पर संयम रखें। विवादों से दूर रहना चाहिए। आर्थिक प्रगति में रुकावट आ सकती है।


धनु

ये, यो, भा, भी, भू, धा, फा, ढा, भे

कोर्ट व कचहरी के काम निबटेंगे। व्यवसाय ठीक चलेगा। तंत्र-मंत्र में रुचि रहेगी। धनार्जन होगा। प्रमाद न करें। संतान के कार्यों से समाज में प्रतिष्ठा बढ़ेगी। नेतृत्व गुण की प्रधानता के कारण प्रशासन व नेतृत्व संबंधी कार्य सफल होंगे। शत्रुओं से सावधान रहें।


मकर

भो, जा, जी, खी, खू, खे, खो, गा, गी

मेहनत का फल मिलेगा। कार्यसिद्धि से प्रसन्नता रहेगी। प्रतिष्ठा बढ़ेगी। शत्रु शांत रहेंगे। धनार्जन होगा। आज विशेष लाभ होने की संभावना है। बुद्धि एवं मनोबल से सुख-संपन्नता बढ़ेगी। व्यापार में कार्य का विस्तार होगा। सगे-संबंधी मिलेंगे।


कुंभ

गू, गे, गो, सा, सी, सू, से, सो, दा

प्रेम-प्रसंग में अनुकूलता रहेगी। कोर्ट व कचहरी में अनुकूलता रहेगी। धनार्जन होगा। स्वास्थ्य कमजोर रहेगा। प्रमाद न करें। व्यापार-व्यवसाय में इच्छित लाभ की संभावना है। भाइयों की मदद मिलेगी। संपत्ति के लेनदेन में सावधानी रखें।


मीन

दी, दू, थ, झ, ञ, दे, दो, चा, ची

वाहन व मशीनरी के प्रयोग में सावधानी रखें। दूसरों की जमानत न लें। कीमती वस्तुएं संभालकर रखें। पारिवारिक जीवन में तनाव हो सकता है। व्यापार में नई योजनाओं से लाभ के योग हैं। स्थायी संपत्ति क्रय करने के योग बनेंगे। प्रतिष्ठित व्यक्तियों से भेंट होगी।



 *जिला देहरादून में एक ही दिन में राष्ट्रीय लोक अदालत में 12,063 मामलों का निस्तारण

lok adalat in dehradun raided on cylinders and gas agency


राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण, नई दिल्ली के निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, देहरादून के तत्वावधान में दिनांक 14 मार्च 2026 को प्रातः 10.00 बजे से सायं 05.00 बजे तक जिला मुख्यालय देहरादून, बाह्य न्यायालय ऋषिकेश, विकासनगर, डोईवाला, मसूरी एवं चकराता के न्यायालयों में वर्ष 2026 की प्रथम राष्ट्रीय लोक अदालत का सफल आयोजन किया गया। 


इस लोक अदालत में मोटर दुर्घटना क्लेम, सिविल मामले, पारिवारिक मामलें, चैक बाउन्स से सम्बंधित मामले, शमनीय प्रकृति के आपराधिक मामलें तथा अन्य प्रकृति के मामले लगाये गये थे। इस लोक अदालत में जनपद देहरादून में फौजदारी के शमनीय प्रकृति के 207 मामलें, चैक सम्बंधी 693 मामलें, धन वसुली सम्बंधी 18 मामले, मोटर दुर्घटना क्लेम ट्राईबुनल के 62 मामलें, पारिवारिक विवाद सम्बंधी 129 मामलें श्रम सम्बंधी 01 मामले, मोटर वाहन अधिनियम के अन्तर्गत शमनीय अपराधों के 6075 मामले, उपभोक्ता फोरम सम्बंधी 15 एवं अन्य सिविल प्रकृति के 55 मामलों सहित कुल 7255 मामलों का निस्तारण किया गया तथा 496212074/- रू0 की धनराशि पर समझौता हुआ। 


साथ ही बाह्य न्यायालय, विकासनगर के न्यायिक अधिकारियों द्वारा लोक अदालत में कुल 739 मामलों का आपसी राजीनामे के आधार पर निस्तारण किया गया, जिसमें कुल 9958000/-रू० की धनराशि पर समझौता किया गया तथा बाह्य न्यायालय ऋषिकेश के न्यायिक अधिकारियों द्वारा लोक अदालत में कुल 911 मामलों का निस्तारण कर कुल 33198531/- रूपये की धनराशि पर समझौता किया गया। बाह्य न्यायालय डोईवाला द्वारा 312 मामलों का निस्तारण कर कुल 272474100/- रूपये की धनराशि पर समझौता किया गया। बाह्य न्यायालय मसूरी द्वारा 47 मामलों का निस्तारण कर कुल 2504711/- रूपये की धनराशि पर समझौता किया गया तथा बाह्य न्यायालय चकराता द्वारा 14 मामलों का निस्तारण कर कुल 1952500/- रूपये की धनराशि पर समझौता किया गया । इस राष्ट्रीय लोक अदालत में विभिन्न बैंकों व अन्य संस्थानों द्वारा प्री-लिटिगेशन स्तर के मामले भी निस्तारित किये गये। उक्त लोक अदालत में प्री-लिटिगेशन स्तर के कुल 4808 मामलों का सफल निस्तारण किया गया तथा 3,22,11,036/- रू0 की धनराशि पर पक्षकारों के मध्य समझौता हुआ।


एलपीजी गैस की कालाबाजारी पर जिला प्रशासन सख्त, दो गैस एजेंसियों का औचक निरीक्षण


गैस डिलिविरी अनियमितता पर सुपरवाईजर, डिलिविरीमैन पर मुकदमा दर्ज करने के निर्देश


देहरादून दिनांक 14 मार्च 2026, (सूवि), जिलाधिकारी सविन बंसल के निर्देशों के अनुपालन में जनपद में एलपीजी गैस की उपलब्धता एवं वितरण व्यवस्था को सुव्यवस्थित बनाए रखने तथा गैस की कालाबाजारी पर प्रभावी नियंत्रण के हेतु नगर मजिस्ट्रेट प्रत्युष सिंह एवं उप जिलाधिकारी सदर हरिगिरि द्वारा जनपद अवस्थित अमरदीप गैस एजेंसी एवं सत्यशील गैस एजेंसी का औचक निरीक्षण किया गया।

निरीक्षण के दौरान नगर मजिस्ट्रेट एवं उप जिलाधिकारी सदर ने गैस एजेंसियों में उपभोक्ताओं की मांग, वितरण व्यवस्था, बैकलॉग एवं उपलब्ध स्टॉक की विस्तृत जानकारी प्राप्त की। इस दौरान गैस लेने पहुंचे उपभोक्ताओं की समस्याएं भी सुनी गईं तथा उनका मौके पर समाधान किया गया। अधिकारियों ने उपभोक्ताओं से अपील करते हुए कहा कि गैस की पर्याप्त उपलब्धता है, अतः अनावश्यक रूप से घबराने की आवश्यकता नहीं है।

नगर मजिस्ट्रेट एवं उप जिलाधिकारी सदर ने उपभोक्ताओं को जागरूक करते हुए कहा कि गैस डिलिवरी से संबंधित ओटीपी नंबर किसी भी व्यक्ति को फोन पर साझा न करें। गैस की होम डिलिवरी के समय ही डिलिवरी मैन को ओटीपी नंबर प्रदान करें। साथ ही गैस एजेंसी संचालकों को निर्देशित किया गया कि गैस सिलेंडर की आपूर्ति केवल होम डिलिवरी के माध्यम से ही सुनिश्चित की जाए तथा उपभोक्ताओं की जागरूकता के लिए एजेंसी परिसर में बड़े फ्लेक्सी के माध्यम से आवश्यक जानकारी प्रदर्शित की जाए। इसके साथ ही उपभोक्ताओं से विनम्र व्यवहार करने के निर्देश भी दिए गए।

अमरदीप गैस एजेंसी के निरीक्षण के दौरान कुछ उपभोक्ताओं द्वारा शिकायतें भी दर्ज कराई गईं। उपभोक्ता अरुण खरबंदा (बड़ोवाला) एवं जितेंद्र अरोड़ा (आशुतोषनगर, अमृत विहार) ने बताया कि डिलिवरी मैन द्वारा फोन पर ओटीपी नंबर मांगा गया तथा ओटीपी देने के बाद गैस डिलिवरी का मैसेज प्राप्त हो गया, लेकिन वास्तविक रूप से सिलेंडर की आपूर्ति नहीं की गई। इसी प्रकार खुड़बुड़ा निवासी पंकज ठाकुर ने बताया कि उनके खाते में 6 फरवरी को गैस डिलिवरी दर्शाई गई, जबकि उन्हें सिलेंडर प्राप्त नहीं हुआ। वहीं बहादुर रोड, सेलाकुई निवासी रविंद्र ने भी शिकायत की कि 3 मार्च को गैस डिलिवरी दर्शाई गई है, लेकिन उन्हें सिलेंडर नहीं मिला और अब पुनः बुकिंग 25 दिन बाद ही संभव बताई जा रही है। इन शिकायतों के संबंध में जब गैस एजेंसी के सुपरवाइजर से जानकारी ली गई तो वह संतोषजनक उत्तर देने में असमर्थ रहे। इस पर नगर मजिस्ट्रेट एवं उप जिलाधिकारी सदर ने पूर्ति निरीक्षक को संबंधित सुपरवाइजर एवं डिलिवरी मैन के विरुद्ध मुकदमा दर्ज करने के निर्देश दिए।

निरीक्षण के दौरान नगर मजिस्ट्रेट एवं उप जिलाधिकारी सदर ने स्पष्ट किया कि जनपद में एलपीजी गैस का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है तथा उपभोक्ता पूर्व की भांति अपनी आवश्यकता के अनुसार गैस सिलेंडर प्राप्त करें। साथ ही एजेंसी संचालकों को निर्देशित किया गया कि ओटीपी आधारित होम डिलिवरी प्रणाली का कड़ाई से पालन किया जाए तथा उपभोक्ताओं को जागरूक करने के लिए एजेंसी के बाहर सूचना फ्लेक्सी अनिवार्य रूप से लगाई जाए। निरीक्षण के दौरान सीओ सिटी स्वप्निल मुयाल, पूर्ति विभाग के अधिकारी एवं पूर्ति निरीक्षक सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे। 

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देहरादून दिनांक 14 मार्च 2026 (सूवि), दूनमेडिकल कॉलेज एवं जिला चिकित्सालय की मैस में गैस सिलेंडर की किल्लत के सम्बन्ध में विभिन्न माध्यम से प्राप्त शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी सविन बसंल ने सम्बन्धित अधिकारियों को वस्तुस्थिति से अवगत कराने तथा समाधान करने के निर्देशों के अनुपालन में नगर मजिस्टेªट प्रत्युष सिंह एवं उप जिलाधिकारी सदर ने मुख्य चिकित्साधिकारी, दूनमेडिकल कालेज के चिकित्सक एवं जिला पूर्ति अधिकारी के साथ बैठक कर आवश्यक निर्देश दिए। 

बैठक में अवगत कराया गया कि चिकित्सालय मैस के पास खपत के अनुसार पर्याप्त मात्रा में गैस सिलेंडर है। बताया गया कि दून मेडिकल  प्रतिमाह 30 सिलेंडर, गांधी शताब्दी चिकित्सालय में 8, जिला चिकित्सालय में 08, इन्दिरेश हास्पिटल में 12, तथा चकशाह नगर टेªनिंग सेंटर में 8 सिलेंडर प्रतिमाह खपत है तथा संस्थान में प्रतिदिन आवश्यकतानुसार पर्याप्त मात्रा में गैस सिलेंडर की उपलब्धता है। बैठक में मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ मनोज कुमार, जिलापूर्ति अधिकारी के.के अग्रवाल दून मेडिकल कालेज से डॉ बबली, कारोनेशन से डॉ नौटियाल उपस्थित रहेे।


जिला प्रशासन की बड़ी कार्यवाही 17 गैस एजेंसियों, 45 प्रतिष्ठानों; 05 पेट्रोलपम्प का औचक निरीक्षण; 19 गैस सिलेंडर जब्त; गैस की कालाबाजारी में 02 गिरफ्तार; 2 मुकदमें दर्ज 


देहरादून दिनांक 14 मार्च 2026,(सूवि) जिला प्रशासन द्वारा एलपीजी गैस से जुड़ी समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए कंट्रोलरूम सक्रिय है। जिलाधिकारी देहरादून सविन बंसल के निर्देशों जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण एवं जिला आपातकालीन परिचालन केन्द्र में संचालित कंट्रोलरूम में नागरिकों की एलपीजी गैस सम्बन्धी शिकायतों/समस्याओं के निस्तारण के सम्बन्ध कार्यवाही की जा रही है। 

जिला प्रशासन द्वारा प्रसारित  1077, 0135-2626066, 2726066  और व्हाट्सएप नंबर 7534826066 के माध्यम से 05 बजे तक कुल 341 शिकायतें एलपीजी गैस की आपूर्ति के सम्बन्ध में दर्ज हुई है, वही कंट्रोल रूम में मौजूद  जिला खाद्य पूर्ति विभाग, देहरादून में सप्लाई कर रही एलपीजी गैस के सभी एजेंसियों के प्रतिनिधित्व और जिला प्रशासन की टीम द्वारा लगातार आ रही  एलपीजी गैस की आपूर्ति, सिलेंडर उपलब्धता या अन्य किसी प्रकार की समस्या को लेकर तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित की जा रही है। प्राप्त जानकारी के अनुसार जिले में आज लगभग 29120 अधिक उपभोक्ताओं कोे घरेलू तथा 69 अपभोक्ताओं को व्यवसायिक गैस सिलेंडर की आपूर्ति की गई है। जबकि घरेलू गैस सिलेंडर में 67 हजार के लगभग बैकलॉग है। 1 मार्च से अब तक 191548 घरेलू तथा 15336 व्यवसायिक गैस सिलेंडर का वितरण किया गया है। स्टॉक में 31807 सिलेंडर शेष है   जिलें में एलपीजी गैस की मांग अनुसार आपूर्ति किये जाने हेतु लोड बढा दिए गए हैं, जिससे जल्द ही बैकलॉग में कमी आयेगी। जनमानस की सुविधा के लिए विभिन्न माध्यमों से गैस बुकिंग की सुविधा प्रदान की गई है। 

जिलाधिकारी के निर्देश पर  आज जिला प्रशासन की विभिन्न टीमों  द्वारा जिले में 17 गैस एजेसियों 45 प्रतिष्ठानो, 05 पैट्रोल पम्प का औचक निरीक्षण किया गया। 19 गैस सिलेंडर जब्त किए गए डोईवाला में एक प्राथमिकी दर्ज करते हुए 2 को गिरफ्तार किया गया।  

जिला प्रशासन ने जनमानस से अपील की है कि वे घबराएं नही होमडिलिविरी के माध्यम से प्रत्येक उपभोक्ता तक घर तक गैस आपूर्ति की जाएगी। वर्तमान में शहरी क्षेत्र के लिए एक बार गैस सिलेंडर प्राप्त करने के उपरान्त 25 दिन तथा ग्रामीण क्षेत्रों में 45 दिन बाद ही अगला सिलेंडर बुकिंग करा पाएंगे। 




मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को मुख्यमंत्री आवास में सपरिवार लोकपर्व फूलदेई मनाया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने प्रदेश वासियों को फूलदेई की शुभकामनाएं दीं। 

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मुख्यमंत्री आवास में लोकपर्व फूलदेई, हर्षोल्लास और पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ मनाया गया। पारंपरिक परिधान पहनकर आए बच्चों ने घर की देहरी पर फूल व चावल अर्पित किए और सभी के सुख-समृद्धि की कामना की। बच्चों ने "फूल देई-छम्मा देई,  जतुके दियाला- उतुके सई" जैसे लोकगीत गाए। मुख्यमंत्री ने बच्चों का स्वागत करते हुए उन्हें उपहार भेंट किए। 


मुख्यमंत्री ने कहा कि लोकपर्व फूलदेई राज्य की समृद्ध लोकसंस्कृति, परंपराओं और प्रकृति के प्रति सम्मान के भाव को बनाए रखने का त्योहार है। उन्होंने कहा यह त्योहार बसंत ऋतु के आगमन के साथ प्रकृति की सुंदरता और जीवन में नई ऊर्जा का संदेश देता है। यह त्योहार दर्शाता है कि जीवन में हमेशा प्रकृति का आभार व्यक्त करना चाहिए। 


मुख्यमंत्री ने कहा उत्तराखंड की लोक संस्कृति और लोकपर्व हमारी सांस्कृतिक धरोहर हैं, जिन्हें संरक्षित करना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा हमने अपने लोक त्योहारों को धूमधाम से मनाना चाहिए जिससे कि यह त्यौहार आने वाली पीढ़ी तक पहुंचे और हमारी लोक संस्कृति हमेशा अमर रहे।


मुख्यमंत्री ने कहा प्रकृति के प्रति कृतज्ञता, बसंत के स्वागत और हमारी लोकसंस्कृति के संरक्षण का संदेश देने वाला फूलदेई पर्व हमें अपनी जड़ों से जुड़े रहने और आने वाली पीढ़ियों को इन अमूल्य परंपराओं से परिचित कराने की प्रेरणा देता है।


इस अवसर पर श्रीमती गीता पुष्कर धामी भी मौजूद रहीं।


*चारधाम यात्रा से पहले ट्रैफिक व्यवस्था दुरुस्त करने की तैयारी, गौचर-कर्णप्रयाग-चमोली में पार्किंग परियोजनाओं का निरीक्षण*


*मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशों पर आवास विभाग सक्रिय, सचिव डॉ आर राजेश कुमार ने मौके पर पहुंचकर परखी व्यवस्थाएं*


मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के दिशा-निर्देशों पर चारधाम यात्रा मार्ग पर यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए राज्य सरकार ने तैयारियां तेज कर दी हैं। इसी क्रम में आवास विभाग के सचिव डॉ आर राजेश कुमार ने जनपद चमोली के गौचर, कर्णप्रयाग और चमोली में निर्माणाधीन तथा प्रस्तावित पार्किंग परियोजनाओं का स्थलीय निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान सचिव डॉ आर राजेश कुमार ने संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ निर्माण कार्यों की प्रगति की विस्तार से समीक्षा की और सभी परियोजनाओं को तय समय सीमा के भीतर पूरा करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की प्राथमिकता के अनुरूप चारधाम यात्रा के दौरान तीर्थयात्रियों और स्थानीय लोगों को सुगम यातायात सुविधा उपलब्ध कराना सरकार की प्रमुख प्राथमिकताओं में शामिल है।


*गौचर में पार्किंग निर्माण पूरा, संचालन जल्द*

निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने सचिव डॉ आर राजेश कुमार को बताया कि गौचर में पार्किंग का निर्माण कार्य पूरा कर लिया गया है। इस पार्किंग की वाहन क्षमता 27 वाहनों की है और इसका निर्माण उत्तराखंड पेयजल एवं निर्माण निगम द्वारा कराया गया है। सचिव डॉ आर राजेश कुमार ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि इस पार्किंग को जल्द से जल्द संचालन के लिए तैयार किया जाए ताकि स्थानीय लोगों और यात्रियों को इसका लाभ मिल सके। उन्होंने कहा कि चारधाम यात्रा के दौरान ऐसे छोटे लेकिन महत्वपूर्ण पार्किंग स्थल यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाने में अहम भूमिका निभाते हैं।


*नंदा राजजात यात्रा से पहले कर्णप्रयाग पार्किंग पूरी करने के निर्देश*

इसके बाद सचिव डॉ आर राजेश कुमार ने कर्णप्रयाग में निर्माणाधीन पार्किंग परियोजना का निरीक्षण किया। इस पार्किंग का निर्माण जिला स्तरीय विकास प्राधिकरण, चमोली द्वारा कराया जा रहा है। निरीक्षण के दौरान सचिव डॉ आर राजेश कुमार ने निर्माण कार्यों की गति तेज करने के निर्देश देते हुए कहा कि आगामी नंदा राजजात यात्रा से पहले इस पार्किंग का निर्माण हर हाल में पूरा किया जाए। उन्होंने कहा कि यात्रा के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु यहां पहुंचते हैं और उस समय यातायात व्यवस्था बनाए रखने के लिए पर्याप्त पार्किंग व्यवस्था बेहद जरूरी है।


*चमोली में दो नई पार्किंग से मिलेगी राहत*

इसी क्रम में सचिव डॉ आर राजेश कुमार ने चमोली में टैक्सी स्टैंड के समीप स्थित पार्किंग और खड्ड साइड स्थित पार्किंग स्थल का भी निरीक्षण किया। अधिकारियों ने जानकारी दी कि टैक्सी स्टैंड के पास बनने वाली पार्किंग की क्षमता 21 वाहनों की है, जबकि खड्ड साइड स्थित पार्किंग की क्षमता 82 वाहनों की होगी। इन दोनों पार्किंग स्थलों का निर्माण ग्रामीण निर्माण विभाग द्वारा कराया जा रहा है। सचिव डॉ आर राजेश कुमार ने संबंधित विभाग को निर्देश दिए कि निर्माण कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र पूरा किया जाए ताकि आगामी चारधाम यात्रा से पहले इन पार्किंग स्थलों को श्रद्धालुओं और आम नागरिकों के लिए संचालित किया जा सके।


*जाम वाले स्थानों की पहचान कर बनाई जाएगी नई पार्किंग*

निरीक्षण के दौरान सचिव डॉ आर राजेश कुमार ने चारधाम यात्रा मार्ग पर बढ़ते ट्रैफिक दबाव को देखते हुए अधिकारियों को महत्वपूर्ण निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि यात्रा मार्ग पर ऐसे स्थानों को चिन्हित किया जाए जहां अक्सर जाम की समस्या उत्पन्न होती है। उन स्थानों के समीप उपयुक्त भूमि का चयन कर नई पार्किंग विकसित की जाए ताकि भविष्य में चारधाम यात्रा मार्ग पर लगने वाले जाम की समस्या का प्रभावी समाधान किया जा सके।


*आवास सचिव डॉ आर राजेश कुमार का बयान*

आवास सचिव डॉ आर राजेश कुमार ने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के मार्गदर्शन में चारधाम यात्रा मार्ग पर यातायात व्यवस्था को सुव्यवस्थित करने के लिए राज्य सरकार लगातार कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि हर वर्ष चारधाम यात्रा के दौरान लाखों श्रद्धालु उत्तराखंड पहुंचते हैं, ऐसे में पार्किंग और ट्रैफिक प्रबंधन की मजबूत व्यवस्था बेहद जरूरी हो जाती है। डॉ आर राजेश कुमार ने बताया कि गौचर, कर्णप्रयाग और चमोली में विकसित की जा रही पार्किंग परियोजनाएं स्थानीय यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी। उन्होंने कहा कि निर्माणाधीन परियोजनाओं को निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं ताकि आगामी चारधाम यात्रा और नंदा राजजात जैसे बड़े आयोजनों के दौरान यात्रियों को किसी प्रकार की असुविधा न हो। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि चारधाम मार्ग पर ऐसे स्थानों की पहचान की जाए जहां जाम की समस्या अधिक रहती है और वहां नई पार्किंग विकसित करने की संभावनाओं पर कार्य किया जाए। इससे भविष्य में यातायात प्रबंधन को और अधिक सुगम बनाया जा सकेगा।

पंतनगर में 119वें अखिल भारतीय किसान मेले का मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने किया शुभारम्भ


 *किसान हमारे अन्नदाता और असली नायक हैं: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी* 



 *प्रदेश के 9 लाख से अधिक किसानों को मिल रहा किसान सम्मान निधि का लाभ: मुख्यमंत्री* 



 *कृषि को जंगली जानवरों से बचाने के लिए केंद्र से 25 करोड़ की पहली किस्त जारी* 



 *पॉलीहाउस, एरोमा वैली और ड्रैगन फ्रूट को बढ़ावा देकर किसानों की आय बढ़ाने पर जोर*



मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को कृषि एवम् प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, पंतनगर में 119 वें अखिल भारतीय किसान मेला एवं कृषि उद्योग प्रदर्शनी का शुभारम्भ किया। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने प्रगतिशील किसानों को सम्मानित किया व विश्विद्यालय साहित्य का विमोचन भी किया।


मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि हमारे लिए हर्ष का विषय है कि पंतनगर विश्वविद्यालय में 119वे कृषि मेले का आयोजन किया जा रहा है। इस प्रकार के मेले आयोजन कृषकों के लिए अति महत्वपूर्ण होते हैं, नवाचारों की जानकारियां मिलती है व वैज्ञानिकों से सीधे संवाद का अवसर मिलता है।


मुख्यमंत्री ने कहा कि किसान बन्धु हमारे अन्नदाता है व हमारे असली नायक हैं। किसानों की मेहनत व समर्पण से ही हमे अन्न मिल रहा है और देश आगे बढ़ रहा है।  उन्होंने कहा प्रधानमंत्री के विकसित भारत संकल्पना में किसान की महत्वपूर्ण भूमिका है। कृषकों के मेहनत व समर्पण से ही गांव, क्षेत्र और देश का विकास होता है।



मुख्यमंत्री ने कहा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा देश के 10 करोड़ से अधिक किसानों को किसान सम्मान निधि का लाभ दिया जा रहा है।  शुक्रवार को प्रधानमंत्री ने किसान सम्मान निधि की 22 वीं किस्त जारी की है। प्रदेश के 09 लाख से अधिक किसानों को किसान सम्मान निधि का लाभ प्राप्त हो रहा है। उन्होंने कहा कि कृषि को जंगली जानवरों से बचाव के लिए घेरबाड़ हेतु केंद्र द्वारा हमें प्रथम किस्त के रूप में 25 करोड़ की धनराशि जारी की गई है।


मुख्यमंत्री ने कहा प्रधानमंत्री, अन्नदाताओं के जीवन को बेहतर बनाने के लिए निरंतर कार्य कर रहे हैं। उन्होंने कहा किसानों को फसल बीमा योजना, मृदा स्वास्थ्य कार्ड योजना, किसान मानधन योजना, बागवानी विकास योजना, कृषि यंत्र अनुदान योजना, बूंद बूंद सिंचाई योजना जैसी योजनाएं के माध्यम से किसानों को सशक्त किया जा रहा है। किसानों के हितों को ध्यान में रखते हुए किसान क्रैडिट कार्ड के सीमा 03 लाख से बढ़ाकर 05 लाख कर दी गई है।


मुख्यमंत्री ने कहा भारत सरकार द्वारा किसानों के लिए 14 हजार करोड़ लागत की 07 नई परियोजनाएं लागू की गई हैं। प्रदेश सरकार द्वारा किसानों को 03 लाख तक ऋण का बिना ब्याज के उपलब्ध कराया जा रहा है। उन्होंने कहा किसानों की आय बढ़ाने हेतु पॉलीहाउस लगाने हेतु 200 करोड़ की धनराशि रखी गई है,अभी तक 115 करोड़ की लागत से 350 पॉलीहाउस स्थापित किए जा चुके हैं।



मुख्यमंत्री के कहा प्रदेश में भौगोलिक परिस्थितियाँ अलग अलग है। इसलिए, भौगौलिक स्थितियों को देखते हुए क्षेत्र विशेष के लिए योजनाऐं चलाई जा रही हैं।उन्होंने कहा 1200 करोड़ के लागत से नई सेब नीति लागू की गई है, कृषकों के हित में कई नई नीतियां लागू की गई है तथा कई योजनाओं में 80 प्रतिशत तक राज्य सहायता दी जा रही है। उन्होंने कहा प्रदेश में 07 एरोमा वैली विकसित किये जा रहे हैं। ड्रेगन फ्रूट की मांग बढ़ रही है इसलिए ड्रेगन फ्रूट को भी बढ़ावा दिया जा रहा है।


मुख्यमंत्री ने कहा प्रदेश में फलों के उत्पादन में ढ़ाई प्रतिशत तक वृद्धि हुई है तथा मशरूम का  उत्पादन 27 हजार मीट्रिक टन हो गया है व मशरूम उत्पादन में हम देश में पांचवें स्थान पर आ गए हैं। उन्होंने कहा प्रदेश में मौन पालन शहद उत्पादन की अपार संभावनाएं हैं,राज्य में 33 सौ मीट्रिक टन शहद उत्पादन हो रहा है और हम देश में 08 वे स्थान पर आ गए हैं।


मुख्यमंत्री ने कहा कि सत्र में 01 लाख 11 हजार करोड़ का बजट पारित किया गया है, जिसमें कृषि,उद्यान, एरोमैटिक, मत्स्य, मौन पालन,शोध आदि में धनराशि प्राविधान की गई है। डबल इंजन सरकार ने किसानों के हितों को सर्वोपरि रखा है और सरकार, कृषकों का कंधे से कंधा मिलाकर साथ देगी। उन्होंने कृषकों से जागरूक होकर नई कृषि तकनीकि अपनाकर लाभ उठाने की अपील की। उन्होंने कहा हम सब मिलकर प्रदेश व देश को आगे बढ़ाने में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाये।


कुलपति पंतनगर विश्वविद्यालय डॉ मनमोहन सिंह चौहान ने विश्वविद्यालय परिवार व कृषकों को ओर से सभी  अतिथियों का स्वागत व अभिनंदन किया। उन्होंने कहा विश्वविद्यालय 119 वें कृषि मेले का आयोजन कर रहा है, यह हमारे लिए गौरव की बात है। उन्होंने कहा कि मेले में 350 से अधिक स्टॉल लगे हैं। प्रतिदिन लगभग 20 हजार लोग मेले में प्रतिभाग कर रहे हैं। उन्होंने विश्वविद्यालय द्वारा किए जा रहे कार्यों, क्रियाकलापों की विस्तृत जानकारियां दी।


कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष अजय मौर्य, विधायक तिलक राज बेहड, मेयर विकास शर्मा, दर्जा मंत्री अनिल कपूर डब्बू, फरजाना बेगम, पूर्व विधायक राजेश शुक्ला,पूर्व दर्जा मंत्री राजेश कुमार, जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय गणपति, एवं अन्य लोग मौजूद रहे।

*टनकपुर से मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने दी चम्पावत को स्वास्थ्य सेवाओं की बड़ी सौगात*


*एसीएलएस एम्बुलेंस को दिखाई हरी झंडी, उपजिला चिकित्सालय में आधुनिक फेकोइमल्सीफिकेशन मशीन का लोकार्पण*


जनपद चम्पावत के नागरिकों को बेहतर एवं त्वरित स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने उपजिला चिकित्सालय टनकपुर से एडवांस्ड कार्डियोवस्कुलर लाइफ सपोर्ट (ACLS) एम्बुलेंस को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।


इस अत्याधुनिक एम्बुलेंस के संचालन से क्षेत्र के मरीजों को आपातकालीन परिस्थितियों में अधिक उन्नत और त्वरित चिकित्सा सहायता उपलब्ध हो सकेगी, जिससे गंभीर मरीजों को अस्पताल तक सुरक्षित एवं शीघ्र पहुंचाने में बड़ी सहायता मिलेगी।


मुख्यमंत्री श्री धामी ने इस अवसर पर उपजिला चिकित्सालय टनकपुर में आधुनिक फेकोइमल्सीफिकेशन (Phacoemulsification) मशीन का भी लोकार्पण किया। इस अत्याधुनिक मशीन की स्थापना से अब मोतियाबिंद सहित विभिन्न नेत्र रोगों का उपचार आधुनिक तकनीक के माध्यम से स्थानीय स्तर पर ही संभव हो सकेगा। इससे मरीजों को उपचार के लिए अन्य जनपदों की ओर नहीं जाना पड़ेगा तथा क्षेत्र के बुजुर्गों सहित सभी नेत्र रोगियों को विशेष लाभ मिलेगा।


एडवांस्ड कार्डियोवस्कुलर लाइफ सपोर्ट (ACLS) एम्बुलेंस को बहल पेपर मिल्स लिमिटेड, काशीपुर (सीएसआर के अंतर्गत) उपलब्ध कराया गया है। यह एम्बुलेंस अत्याधुनिक जीवनरक्षक उपकरणों से सुसज्जित है, जो गंभीर हृदय रोग, दुर्घटना तथा अन्य आपातकालीन स्थितियों में मरीजों को तत्काल चिकित्सा सहायता प्रदान करने में सक्षम है।


मुख्यमंत्री श्री धामी ने अस्पताल परिसर में स्थापित नई डायलिसिस मशीन का भी निरीक्षण किया तथा उनकी कार्यप्रणाली के संबंध में चिकित्सकों से विस्तृत जानकारी ली। 


इसके साथ ही उन्होंने अस्पताल के आपातकालीन कक्ष (इमरजेंसी वार्ड) का भी भ्रमण किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने उपचाराधीन मरीजों एवं उनके परिजनों से आत्मीय संवाद कर अस्पताल में उपलब्ध स्वास्थ्य सेवाओं, दवाओं की उपलब्धता तथा उपचार व्यवस्था के संबंध में फीडबैक भी प्राप्त किया। 


मुख्यमंत्री ने चिकित्सा अधिकारियों को निर्देश दिए कि अस्पताल में आने वाले प्रत्येक मरीज को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं, त्वरित उपचार तथा संवेदनशील व्यवहार सुनिश्चित किया जाए।


इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष श्री आनंद सिंह अधिकारी, भाजपा जिलाध्यक्ष श्री गोविंद सामंत, नगर पालिका अध्यक्ष टनकपुर श्री विपिन कुमार, ब्लॉक प्रमुख चम्पावत श्रीमती अंचला बोहरा, विधायक प्रतिनिधि टनकपुर श्री दीपक रजवार, जिला महामंत्री श्री हिमेश कलखुड़िया, जिलाधिकारी श्री मनीष कुमार, पुलिस अधीक्षक श्रीमती रेखा यादव, मुख्य विकास अधिकारी डॉ. जी.एस. खाती, अपर जिलाधिकारी श्री कृष्णनाथ गोस्वामी, नोडल अधिकारी मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय श्री केदार सिंह बृजवाल, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. देवेश चौहान सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिक एवं अन्य लोग उपस्थित रहे।

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