*मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के प्रयास रंग लाए, केंद्र से मिली बड़ी सड़क परियोजना को हरी झंडी*
*ऋषिकेश में जाम से मिलेगी राहत, 12.67 किमी बाईपास निर्माण को केंद्र की स्वीकृति*
*चारधाम यात्रा और पर्यटन को मिलेगा बूस्ट, धामी सरकार की पहल से बड़ा इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट मंजूर*
मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी के निरंतर प्रयासों और प्रभावी पैरवी के फलस्वरूप ऋषिकेश बाईपास के 4-लेन निर्माण कार्य को भारत सरकार के सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय से बड़ी स्वीकृति प्राप्त हुई है। मंत्रालय द्वारा इस महत्वपूर्ण परियोजना के लिए ₹1105.79 करोड़ की तकनीकी, प्रशासनिक एवं वित्तीय स्वीकृति जारी की गई है।
यह बहुप्रतीक्षित परियोजना राष्ट्रीय राजमार्ग-7 पर टीनपानी फ्लाईओवर (किमी 529.750) से लेकर खरासोटे पुल (किमी 542.420) तक विकसित की जाएगी। लगभग 12.670 किलोमीटर लंबा यह बाईपास भट्टोवाला एवं ढालवाला गांवों से होकर गुजरेगा और इसे EPC (इंजीनियरिंग, प्रोक्योरमेंट एवं कंस्ट्रक्शन) मोड पर क्रियान्वित किया जाएगा।
मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने इस स्वीकृति पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि राज्य सरकार प्रदेश में सड़क कनेक्टिविटी को सुदृढ़ बनाने के लिए निरंतर प्रयासरत है। उन्होंने कहा कि ऋषिकेश बाईपास परियोजना के पूर्ण होने से क्षेत्र में यातायात का दबाव कम होगा, जाम की समस्या से राहत मिलेगी और स्थानीय नागरिकों के साथ-साथ चारधाम यात्रा एवं पर्यटन गतिविधियों को भी बड़ी सुविधा प्राप्त होगी।
मुख्यमंत्री ने कहा, “ *यह परियोजना उत्तराखंड के समग्र विकास और बेहतर कनेक्टिविटी की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। हमारी सरकार राज्य के दूरस्थ और शहरी क्षेत्रों को मजबूत सड़क नेटवर्क से जोड़ने के लिए प्रतिबद्ध है।”*
मंत्रालय के अनुसार, इस परियोजना के लिए प्रारंभिक अनुमान ₹1151.18 करोड़ था, जिसे संशोधित कर ₹1139.40 करोड़ किया गया और अंततः ₹1105.79 करोड़ की स्वीकृति प्रदान की गई है।
परियोजना को तीन वर्षों की समयावधि में पूरा किया जाएगा और कार्य में किसी प्रकार की लागत या समय वृद्धि स्वीकार नहीं की जाएगी। निविदाएं ई-टेंडरिंग प्रक्रिया के माध्यम से आमंत्रित की जाएंगी तथा सभी कार्य निर्धारित दिशा-निर्देशों के अनुरूप किए जाएंगे।
इस परियोजना के लिए व्यय वित्त वर्ष 2025-26 में भारत सरकार के बजट प्रावधान (GBS) के अंतर्गत किया जाएगा। देहरादून स्थित क्षेत्रीय अधिकारी को इस कार्य के लिए ड्रॉइंग एवं डिस्बर्सिंग ऑफिसर (DDO) नामित किया गया है।
इस परियोजना के पूर्ण होने से ऋषिकेश क्षेत्र में यातायात व्यवस्था सुगम होगी, जाम की समस्या में कमी आएगी तथा राज्य के आर्थिक और पर्यटन विकास को नई गति मिलेगी।
₹55.52 करोड़ की लागत से बन रहे अत्याधुनिक साइंस सेंटर का मुख्यमंत्री ने किया निरीक्षण
*विज्ञान, अनुसंधान और नवाचार का बनेगा प्रमुख केंद्र*
मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने मंगलवार को जनपद चम्पावत के भ्रमण के दौरान लगभग ₹55.52 करोड़ की लागत से निर्माणाधीन अत्याधुनिक साइंस सेंटर का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने निर्माण कार्यों की गुणवत्ता, प्रगति एवं समयबद्धता का बारीकी से अवलोकन करते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने प्रस्तावित वैज्ञानिक गैलरियों एवं चार मंजिला साइंस कैंपस सुविधा का अवलोकन किया। इस कैंपस में 40 विद्यार्थियों के लिए छात्रावास, स्टाफ क्वार्टर तथा अन्य आवश्यक सुविधाएं विकसित की जा रही हैं, जिससे यह केंद्र विद्यार्थियों के लिए आवासीय वैज्ञानिक शिक्षण का भी महत्वपूर्ण स्थल बनेगा।
इस अवसर पर यूकॉस्ट के महानिदेशक डॉ. दुर्गेश पंत ने अवगत कराया कि दो मंजिला साइंस गैलरी ब्लॉक में “फन साइंस गैलरी”, प्रदर्शनी कक्ष, विज्ञान एवं कृषि गैलरी, प्रशिक्षण हॉल तथा अत्याधुनिक एस्ट्रोनॉमी गैलरी विकसित की जा रही है। इसके अतिरिक्त परिसर में 120 क्षमता वाला ऑडिटोरियम, 71 सीटों वाला आधुनिक प्लैनेटेरियम (तारामंडल) — जिसमें इनर एवं आउटर डोम की सुविधा होगी — तथा स्टाफ के लिए कॉन्फ्रेंस एवं डेवलपमेंट हॉल जैसी विश्वस्तरीय व्यवस्थाएं भी स्थापित की जा रही हैं।
निरीक्षण के उपरांत मुख्यमंत्री ने विभिन्न विद्यालयों के छात्र-छात्राओं द्वारा तैयार किए गए विज्ञान मॉडलों का अवलोकन किया तथा नन्हे वैज्ञानिकों से संवाद कर उनका उत्साहवर्धन किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह साइंस सेंटर भविष्य में प्रदेश के विद्यार्थियों के लिए शिक्षा, अनुसंधान एवं नवाचार का प्रमुख केंद्र बनेगा। उन्होंने कहा कि विज्ञान के बिना विकास की परिकल्पना अधूरी है और इस केंद्र के माध्यम से दूरस्थ क्षेत्रों के बच्चों को भी आधुनिक वैज्ञानिक तकनीकों एवं खगोल विज्ञान को समझने का अवसर प्राप्त होगा। राज्य सरकार का उद्देश्य युवाओं में वैज्ञानिक दृष्टिकोण विकसित कर उन्हें भविष्य की चुनौतियों के लिए सक्षम बनाना है।
मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने कार्यदायी संस्था को निर्देशित किया कि निर्माण कार्य को निर्धारित समयसीमा में उच्च गुणवत्ता के साथ पूर्ण किया जाए। साथ ही उन्होंने निर्माण के दौरान पर्यावरणीय मानकों एवं श्रमिकों की सुरक्षा का विशेष ध्यान रखने पर भी बल दिया।
इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष आनंद सिंह अधिकारी, दर्जा राज्य मंत्री श्याम नारायण पांडे, भाजपा जिलाध्यक्ष गोविंद सिंह सामंत, भाजपा प्रदेश मंत्री निर्मल मेहरा, नगर पालिका अध्यक्ष प्रेमा पांडे, ब्लॉक प्रमुख अंचला बोहरा, जिलाधिकारी मनीष कुमार, पुलिस अधीक्षक रेखा यादव मुख्य विकास अधिकारी डॉ. जी.एस. खाती, अपर जिलाधिकारी कृष्णनाथ गोस्वामी सहित विभिन्न जनप्रतिनिधि, अधिकारी, विभिन्न विद्यालयों के छात्र छात्राएं एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
लॉ एंड ऑर्डर पर सीएम धामी सख्त, अधिकारियों को कड़ी चेतावनी
*कानून व्यवस्था से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं, आपराधिक प्रवृत्ति के लोगों पर कार्यवाही के लिए सघन अभियान चलाने के डीजीपी को दिए निर्देश*
*कुठालगेट चौकी इंचार्ज और उप आबकारी निरीक्षक निलंबित*
देहरादून में हाल ही में हुई कानून-व्यवस्था से जुड़ी घटना पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गहरी नाराजगी व्यक्त करते हुए सख्त रुख अपनाया है। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि राज्य में किसी भी कीमत पर कानून व्यवस्था से समझौता नहीं किया जाएगा।
मुख्यमंत्री के निर्देश पर सोबन सिंह उप, उप आबकारी निरीक्षक क्षेत्र-3 मसूरी, जनपद-देहरादून और प्रभारी कुठालगेट चौकी उपनिरीक्षक ना.पु अशोक कुमार को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्रदेशभर में तत्काल प्रभाव से व्यापक चेकिंग अभियान चलाया जाए और सभी अवांछित एवं हुड़दंग करने वाले तत्वों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि रोड रेज, फायरिंग, और देर रात तक चलने वाली अवैध गतिविधियों पर पूरी तरह अंकुश लगाया जाए।
मुख्यमंत्री ने दो टूक कहा कि राज्य सरकार की प्राथमिकता आम जनता की सुरक्षा है और इसके लिए हर जरूरी कदम उठाया जाएगा। उन्होंने पुलिस और प्रशासन को पूरी सख्ती और मुस्तैदी के साथ कार्य करने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने साफ कहा कि ड्यूटी में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।देहरादून में हालिया घटना के बाद संबंधित अधिकारियों के निलंबन को इसी सख्ती का उदाहरण बताते हुए उन्होंने कहा कि आगे भी ऐसी कार्रवाई जारी रहेगी।
उधर मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन ने मंगलवार को सचिवालय में शहर में लॉ एंड ऑर्डर को लेकर गृह और पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक ली। मुख्य सचिव ने रोड रेज और हुड़दंग की घटनाओं के बढ़ने पर नाराजगी व्यक्त करते हुए ऐसी घटनाओं रोकने के लिए निगरानी बढ़ाए जाने और हुड़दंगियों पर कठोर कार्रवाई किए जाने के निर्देश दिए।
मुख्य सचिव ने देहरादून शहर और उसके आसपास के क्षेत्रों में पुलिस की गस्त बढ़ाए जाने के निर्देश दिए। उन्होंने एसएसपी देहरादून को अपने सभी थानेदारों को पीक ऑवर में गस्त बढ़ाए जाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि डे - नाईट पेट्रोलिंग के साथ ही मॉर्निंग पेट्रोलिंग को भी बढ़ाया जाए।
मुख्य सचिव ने बार और रेस्टोरेंट क्लोजिंग के लिए निर्धारित समय को कठोरता से लागू करने के निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि सप्ताहांत में देहरादून को पार्टी और हुड़दंगियों को अड्डा ना बनने दिया जाए, इसके लिए हुड़दंगियों पर कठोर कार्रवाई की जाए।
मुख्य सचिव ने बार संचालन के नियमों का पालन ना करने वाले बार और अवैध बार संचालकों पर भी कठोर कार्रवाई किए जाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अपनी ड्यूटी को मुस्तेदी से ना करने वाले लापरवाह अधिकारियों पर भी कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि शहर के आसपास के क्षेत्रों में खुले होम स्टे पर भी निगरानी किए जाने की आवश्यकता है। इसके लिए होम स्टे की मैपिंग की जाए एवं निगरानी रखी जाए कि ये होम स्टे जो टूरिज्म प्रमोशन के लिए बने थे, कहीं लगातार बार लाइसेंस लेकर इसका दुरुपयोग तो नहीं कर रहे हैं। किरायेदारों और पीजी में रहने वालों का भी सघन सत्यापन अभियान चलाया जाए।
मुख्यमंत्री ने चम्पावत को दी ₹36.83 करोड़ की विकास योजनाओं की सौगात।
मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने जनपद चम्पावत के समग्र विकास को नई दिशा देते हुए जनकल्याण एवं आधारभूत संरचना को सशक्त बनाने के लिये 36.83 करोड़ की 17 योजनाओं शिलान्यास एवं लोकार्पण किया। इसमें ₹ 7.12 करोड़ लागत वाली 4 योजनाओं का लोकार्पण तथा ₹29.71 करोड़ की 13 योजनाओं का शिलान्यास शामिल है। मुख्यमंत्री ने कहा इन योजनाओं से चम्पावत के अंतिम छोर तक विकास का लाभ पहुंचेगा और जनपद तेजी से “आदर्श जनपद” के रूप में स्थापित होगा। मुख्यमंत्री ने गांधी चौक में स्थापित 100 फीट ऊंचे राष्ट्रीय ध्वज का विधिवत अनावरण भी किया।
इस अवसर पर अपने सम्बोधन में मुख्यमंत्री ने कहा कि तिरंगा केवल एक ध्वज नहीं, बल्कि देश की एकता, अखंडता और संप्रभुता का प्रतीक है, जो प्रत्येक नागरिक में राष्ट्रसेवा का भाव जागृत करता है तथा आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करता है।
मुख्यमंत्री ने कहा प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में उत्तराखंड विकास और समृद्धि के नए आयाम स्थापित कर रहा है तथा चम्पावत को “आदर्श जनपद” बनाने का संकल्प इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने बताया कि जनपद में ₹117 करोड़ से अधिक की लागत से गोलज्यू कॉरिडोर का निर्माण प्रगति पर है। स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करते हुए जिला चिकित्सालय में ₹20 करोड़ की लागत से 50 बेड का अत्याधुनिक क्रिटिकल केयर यूनिट स्थापित किया गया है तथा ₹5 करोड़ की लागत से सीटी स्कैन एवं एमआरआई जैसी सुविधाएं भी उपलब्ध कराई गई हैं, जिससे स्थानीय लोगों को अब बाहर नहीं जाना पड़ेगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि ₹57 करोड़ की लागत से बन रहा साइंस सेंटर, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के इस युग में बच्चों को आधुनिक ज्ञान से जोड़ते हुए उन्हें वैश्विक प्रतिस्पर्धा के लिए तैयार करेगा। उन्होंने बताया कि शारदा कॉरिडोर के निर्माण से पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा और स्थानीय लोगों के लिए स्वरोजगार के नए अवसर सृजित होंगे।
उन्होंने कहा कि खेल क्षेत्र में बेटियों को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से लोहाघाट में ₹257 करोड़ की लागत से राज्य का पहला महिला स्पोट्र्स कॉलेज निर्माणाधीन है। इसके साथ ही भारत-नेपाल सीमा पर ड्राई पोर्ट निर्माण तथा बुजुर्गों के लिए ₹8.99 करोड़ की लागत से वृद्धाश्रम भवन निर्माणाधीन है।
मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम के दौरान वीर सैनिकों, वीर नारियों एवं पर्यावरण मित्रों को शॉल ओढ़ाकर सम्मानित किया और कहा कि सरकार विकास योजनाओं को धरातल पर उतारने के लिए पूर्णतः प्रतिबद्ध है।
इस दौरान दर्जा राज्य मंत्री श्याम नारायण पांडे, अध्यक्ष जिला पंचायत आनंद सिंह अधिकारी, भाजपा जिलाध्यक्ष गोविंद सामंत, अध्यक्ष नगर पालिका चंपावत श्रीमती प्रेमा पांडेय, लोहाघाट गोविंद वर्मा, ब्लॉक प्रमुख अंचला बोहरा, जिलाधिकारी मनीष कुमार, पुलिस अधीक्षक रेखा यादव, मुख्य विकास अधिकारी डॉ जीएस खाती, व्यापार मंडल अध्यक्ष विकास शाह सहित जनप्रतिनिधि, विभागीय अधिकारी कर्मचारी, भूतपूर्व सैनिक, वीर नारियां एवं बड़ी संख्या में नागरिक व अन्य मौजूद रहे।