Halloween party ideas 2015

 आज का राशिफल

दिनाँक 17 जनवरी,2026

दिन शनिवार

rashifal today 17 jan 2026


मेष

अ, आ, चू, चे, चो, ला, ली, लू, ले, लो

आवश्यकताएं बढ़ेंगी। आर्थिक तंगी हो सकती है। कर्ज से बचें। लाभ के अवसर हाथ आएंगे। शत्रु परेशान करेंगे। हानि नहीं पहुंचा पाएंगे। चिंता तथा तनाव रहेंगे। फालतू खर्च होगा। कुसंगति से बचें। चोट व रोग से बचें। विवाद न करें।



वृषभ

ई, ऊ, ए, ओ, वा, वी, वू, वे, वो

यात्रा, नौकरी व निवेश मनोनुकूल रहेंगे। बकाया वसूली होगी। व्यवसाय ठीक चलेगा। विवाद न करें। नेत्र पीड़ा की संभावना। कुछ लाभ। यात्रा के योग टलेंगे। विरोधी सक्रिय होंगे। ज्ञानीजनों से मुलाकात होगी। शांति बनाना आवश्यक है। अकारण भय व्याप्त होगा।


मिथुन

का, की, कू, घ, ङ, छ, के, को, ह

कार्यप्रणाली में सुधार होगा। योजना फलीभूत होगी। प्रतिष्ठा बढ़ेगी। जोखिम व जमानत के कार्य टालें। यात्रा के योग बनेंगे। लाभ होगा। राज्य से परेशानी हो सकती है। स्त्री को कष्ट। जायदाद वृद्धि के योग बनेंगे। विरोधी सक्रिय होंगे।


कर्क

ही, हू, हे, हो, डा, डी, डू, डे, डो

राजकीय सहयोग प्राप्त होगा। धर्म-कर्म में रुचि रहेगी। व्यवसाय ठीक चलेगा। आय बढ़ेगी। हानि-लाभ का वातावरण बनेगा। पराक्रम बढ़ेगा। विजय मिलेगी, गर्व न करें। ईमानदारी से कार्य करते रहें। समय पक्ष का है। स्त्री सुख, यात्रा में हानि, दुख। विरोधी कष्ट देंगे।



सिंह

मा, मी, मू, मे, मो, टा, टी, टू, टे

चोट, चोरी व विवाद आदि से हानि संभव है। व्यवसाय ठीक चलेगा। जल्दबाजी न करें। कष्ट होंगे। खर्च बढ़ेंगे। कर्ज लेना पड़ सकता है। धनागम के अवसर बनेंगे। 'आ बैल मुझे मार' की स्‍थिति निर्मित न होने दें। अकारण भय बना रहेगा। व्यापारी सोच-समझकर निर्णय लें।


कन्या

ढो, पा, पी, पू, ष, ण, ठ, पे, पो

कोर्ट व कचहरी के कार्य बनेंगे। प्रेम-प्रसंग में अनुकूलता रहेगी। धन प्राप्ति सुगम होगी। हानि, भय, कष्ट का वातावरण बनेगा। कुछ लाभ के आसार दिखेंगे। दुखद समाचार मिलने की संभावना है। अस्वस्थता होगी। कुसंग से हानि, कुछ लाभ के आसार दिखेंगे।


तुला

रा, री, रू, रे, रो, ता, ती, तू, ते

संपत्ति के कार्य लाभi देंगे। थकान महसूस होगी। रोजगार में वृद्धि होगी। प्रसन्नता रहेगी। कष्टों में वृद्धि के योग हैं। कुछ नए कार्य की संभावना सिद्ध होगी। कष्टों में निवृत्ति नहीं होगी। कलह से बचना होगा। अधिकार के लिए प्रयत्न करना होगा।



वृश्चिक

तो, ना, नी, नू, ने, नो, या, यी, यू

रचनात्मक कार्य सफल रहेंगे। स्वादिष्ट भोजन का आनंद मिलेगा। व्यवसाय मनोनुकूल लाभ होगा। रोग घेरेंगे। चिंताएं बढ़ेंगी। शत्रु शांत होंगे। अपमान, कष्ट, कलह से बचना होगा। राज्य से लाभ के अवसर बढ़ेंगे। लाभ होगा। शत्रु8 परेशान करेंगे। कुछ नुकसान होगा।


धनु

ये, यो, भा, भी, भू, धा, फा, ढा, भे

दौड़-धूप अधिक होगी। बुरी सूचना मिल सकती है। विवाद न करें। स्वास्थ्य कमजोर रहेगा। धनलाभ के अवसर प्राप्त होंगे। अकारण भय व्याप्त होगा। शत्रु शांत होंगे। वाहन देखकर चलाएं। परिस्‍थितियां अनुकूल होंगी। कुछ विरोध होगा। विरोधी अपमान करेंगे। शांति होगी।


मकर

भो, जा, जी, खी, खू, खे, खो, गा, गी

मेहनत‍ का फल मिलेगा। कार्यसिद्धि होगी। प्रसन्नता रहेगी। घर-बाहर पूछ-परख बनी रहेगी। मातृपक्ष से परेशानी होगी। दुर्घटना की संभावना। धन मिलने की परिस्‍थिति निर्मित होगी। अंतरप्रेरणा से कार्य करें। धनागम के अवसर बढ़ेंगे। प्रमाद का त्याग करना होगा।



कुंभ

गू, गे, गो, सा, सी, सू, से, सो, दा

भूले-बिसरे साथियों से मुलाकात होगी। उत्साहवर्धक सूचना मिलेगी। व्यवसाय ठीक चलेगा। शत्रु शांत होंगे। कष्ट-भय की संभावना, अस्वस्थता, आलस्य का अनुभव करेंगे। धनागम होगा। शरीर शिथिल होगा। शत्रु शांत रहेंगे। लाभ-हानि बराबर रहेंगे। प्रमाद बढ़ेगा।


मीन

दी, दू, थ, झ, ञ, दे, दो, चा, ची

यात्रा, नौकरी व निवेश मनोनुकूल रहेंगे। अप्रत्याशित लाभ होगा। प्रसन्नता रहेगी। प्रमाद न करें। शुभ समाचार की आशा बंधेगी। शत्रु षड्यंत्र रचेंगे। सावधान रहने की आवश्यकता है। पराक्रम दिखलाने का अवसर है। लाभ होगा। रिश्वत न लें। नम्रता बनाए रखें।

 


मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी), रुड़की में आपदा जोखिम न्यूनीकरण एवं सहनशीलता विषय पर एक दिवसीय कार्यशाला को वर्चुअल माध्यम से संबोधित किया।

IITRoorkee CM Dhami


 मुख्यमंत्री ने  कहा कि इस कार्यशाला में आपदा जोखिम न्यूनीकरण, आपदा-पूर्व तैयारी, प्रारंभिक चेतावनी प्रणालियों तथा सामुदायिक सहभागिता जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर गहन विचार-विमर्श होगा। साथ ही, तकनीकी नवाचार, अनुसंधान सहयोग एवं साझेदारी को मजबूत बनाने की दिशा में ठोस रणनीतियां तैयार की जाएंगी।


मुख्यमंत्री ने कहा कि इस कार्यशाला से प्राप्त सुझाव उत्तराखंड सहित संपूर्ण हिमालयी क्षेत्रों के लिए उपयोगी सिद्ध होंगे। उन्होंने देवभूमि उत्तराखंड की भौगोलिक स्थिति के कारण आने वाली प्राकृतिक आपदाओं जैसे भूकंप, भूस्खलन, बादल फटना, अतिवृष्टि, हिमस्खलन एवं वनाग्नि का उल्लेख करते हुए कहा कि इनका दुष्प्रभाव वैज्ञानिक दृष्टिकोण, समयबद्ध तैयारी एवं सामूहिक प्रयासों से कम किया जा सकता है।


 मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने आपदा जोखिम न्यूनीकरण के लिए  4P (Predict, Prevent, Prepare, Protect) मंत्र दिया है, उसी के आधार पर 10-सूत्रीय एजेंडा पर इसके लिए कार्य किए जा रहे हैं।  मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा आपदा-पूर्व तैयारी, एआई आधारित चेतावनी प्रणालियां, डिजिटल मॉनिटरिंग सिस्टम, ग्लेशियर रिसर्च सेंटर, ड्रोन सर्विलांस, जीआईएस मैपिंग, सैटेलाइट मॉनिटरिंग, रैपिड रिस्पॉन्स टीमें, फॉरेस्ट फायर अर्ली वार्निंग सिस्टम एवं वनाग्नि प्रबंधन कार्ययोजना पर निरंतर कार्य किए जा रहे हैं। इसके लिए आपदा प्रबंधन विभाग, वन विभाग, एनडीआरएफ, एसडीआरएफ एवं स्थानीय प्रशासन के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर कार्य किए जा रहे हैं।


मुख्यमंत्री ने आईआईटी रुड़की के योगदान की सराहना करते हुए कहा कि संस्थान ने भूकंप पूर्व चेतावनी प्रणाली के विकास में अग्रणी भूमिका निभाई है। राज्य सरकार आईआईटी के सहयोग से इस प्रणाली के विस्तार, भूस्खलन संवेदनशील क्षेत्रों की मैपिंग एवं बाढ़ पूर्व चेतावनी प्रणालियों के विकास पर कार्य कर रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि पर्यावरण संतुलन के लिए राज्य में पौधारोपण, जल संरक्षण, सौर ऊर्जा के क्षेत्र में अनेक कार्य किए जा रहे हैं। जल संरक्षण तथा संवर्धन की दिशा में स्प्रिंग रिजुविनेशन अथॉरिटी (SARA) द्वारा कार्य किए जा रहे हैं।


मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों से सुरक्षित घरों एवं इंफ्रास्ट्रक्चर निर्माण पर ध्यान देने तथा अधिकारियों से सुरक्षा मानकों का पालन सुनिश्चित करने का आह्वान किया।


इस अवसर पर जोनल कॉर्डिनेटर, प्रज्ञा प्रवाह, श्री भगवती प्रसाद राधव , निदेशक, आईआईटी रुड़की प्रो. के. के. पन्त ,  उपनिदेशक, आईआईटी रुड़की, प्रो. यू .पी.सिंह , प्रो.संदीप सिंह एवं विभिन्न राज्यों से आए वैज्ञानिक उपस्थित थे।



 सुखवंत सिंह आत्महत्या प्रकरण में गठित *विशेष अन्वेषण दल (SIT) द्वारा जनपद उधमसिंहनगर के थाना ITI पहुंचकर विवेचना प्रारंभ कर दी गई है। 


SIT in case of farmer suicide


केस डायरी और अन्य अभिलेखों का परीक्षण करते हुए Investigation को आगे बढ़ाया जा रहा है। साथ ही SIT द्वारा प्रकरण से संबंधित *थाना काठगोदाम से मृतक की पोस्टमार्टम रिपोर्ट, मोबाइल फोन एवं अन्य अभिलेखीय साक्ष्यों* के अवलोकन की प्रक्रिया भी की जा रही है। साथ ही *मृतक के मोबाइल फोन और घटना में प्रयुक्त Fire Arm को फॉरेंसिक परीक्षण हेतु FSL* भेजा जा रहा है।


 SIT की Technical Team द्वारा मृतक द्वारा भेजे गए *ई-मेल का विस्तृत परीक्षण प्रारंभ* कर दिया गया है। उक्त ई-मेल में मृतक द्वारा विभिन्न स्थानीय लोगों एवं पुलिस के अधिकारियों / कर्मियों पर कतिपय आरोप अंकित किये गये थे।


◼️ यह भी अवगत कराना है कि आयुक्त कुमाऊँ मण्डल द्वारा की जा रही मजिस्ट्रेट जांच के अतिरिक्त उक्त *प्रकरण से सम्बन्धित समस्त अभियोगों की विवेचनात्मक कार्यवाही IG STF की अध्यक्षता में गठित SIT* द्वारा ही की जाएगी।

*पुलिस महानिदेशक, श्री दीपम सेठ ने बताया कि SIT द्वारा प्रकरण से जुड़े सभी तथ्यों एवं साक्ष्यों का निष्पक्ष, पारदर्शी एवं गहन परीक्षण किया जा रहा है।*



मंत्रिमंडल के निर्णय--

*दिनांक 15 जनवरी 2026*

cabinet decision 15 jan 2026 CM Dhami



1. पेराई सत्र 2025-26 हेतु प्रदेश की सहकारी एवं सार्वजनिक क्षेत्र की चीनी मिलों को बैंको से ऋण लिये जाने हेतु शासकीय प्रत्याभूति प्रदान किये जाने का अनुमोदन प्रदान किया गया।


पेराई सत्र 2025-26 हेतु भी राज्य सरकार द्वारा राज्य की सहकारी एवं सार्वजनिक क्षेत्र की चीनी मिलों डोईवाला, किच्छा, नादेही व बाजपुर हेतु कुल रू० 270.28 करोड़ (रू० दौ सौ सत्तर करोड़ अट्ठाईस लाख मात्र) की शासकीय प्रत्याभूति प्रदान किये जाने का निर्णय लिया गया।


2. राज्य की चीनी मिलों द्वारा पेराई सत्र 2025-26 में क्रय किये जाने वाले गन्ने का राज्य परामर्शित मूल्य एवं गन्ना विकास अंशदान (कमीशन) की दर निर्धारित किये जाने पर मंत्रिमंडल द्वारा सहमति प्रदान की गई।


राज्य परामर्शी समिति की संस्तुति के आधार पर मुख्यमंत्री के द्वारा विचलन के माध्यम प्रदान की गई स्वीकृति के क्रम में पेराई सत्र 2025-26 हेतु गन्ने का राज्य परामर्शित मूल्य अगेती प्रजातियों हेतु रू० 405.00 प्रति कुन्तल तथा सामान्य प्रजातियों हेतु रू० 395.00 प्रति कुन्तल (मिल गेट पर) निधारित करने के साथ ही वर्तमान पेराई सत्र 2025-26 हेतु चीनी मिलों के बाह्य क्रय केन्द्रों से गन्ने का परिवहन मिल तक कराये जाने के मद में होने वाली कटौती हेतु रू० 11.00 प्रति कुन्तल तथा विगत पेराई सत्र की भांति गन्ना विकास अंशदान (कमीशन) की दर रू० 5.50 प्रति कुन्तल निर्धारित करने पर सहमति प्रदान की गई।


3. उत्तराखण्ड निर्वाचन विभाग के निजी सचिव संवर्ग की सेवा नियमावली अनुमोदित।


मंत्रिमंडल द्वारा निर्वाचन विभाग के विभागीय ढाँचे का पुनर्गठन किये जाने के क्रम में पुनर्गठित निजी सचिव संवर्ग के विभिन्न पदों पर पदोन्नति किये जाने हेतु अधिसूचना दिनांक 29.08.2025 के द्वारा प्रमुख निजी सचिव, वरिष्ठ निजी सचिव (समूह-क), निजी सचिव (समूह-ख) तथा अपर निजी सचिव (समूह-ग) सेवा में नियुक्त व्यक्तियों की भर्ती तथा सेवा नियमावली, 2025 का प्रख्यापन किये जाने का अनुमोदन प्रदान किया गया।


4. उत्तराखण्ड संस्कृत अकादमी, हरिद्वार का नाम “उत्तराखण्ड संस्कृत संस्थानम्“ किये जाने का निर्णय।


मंत्रिमंडल द्वारा संस्कृत प्रदेश उत्तराखण्ड में संस्कृत प्रचार-प्रसार हेतु संस्थापित प्रतिष्ठान का नाम शुद्ध, संस्कारित व संस्कृतनिष्ठ किए जाने हेतु “उत्तराखण्ड संस्कृत अकादमी“ का नाम परिवर्तित कर “उत्तराखण्ड संस्कृत संस्थानम्“ किये जाने का निर्णय लिया गया।


5. उत्तराखण्ड राज्य विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद् (यू-कॉस्ट) के अन्तर्गत उप आंचलिक विज्ञान केन्द्र, अल्मोड़ा एवं विज्ञान केन्द्र, चम्पावत हेतु कुल 12 पदों का सृजन किये जाने का मंत्रिमंडल ने दिया अनुमोदन।


सूचना प्रौद्योगिकी, सुराज एवं विज्ञान प्रौद्योगिकी विभाग के अधीन संचालित स्वायत्तशासी संस्था उत्तराखण्ड राज्य विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद् (यू-कॉस्ट) के अन्तर्गत उप आंचलिक विज्ञान केन्द्र, अल्मोड़ा एवं विज्ञान केन्द्र, चम्पावत हेतु  विभिन्न श्रेणी के पदों कुल 12  का सृजन का अनुमोदन।


6. कम्पनी अधिनियम 2013 की धारा 395 (इ) के अनुपालन में पावर ट्रांसमिशन कारपोरेशन आफ उत्तराखण्ड लि० के वित्तीय वर्ष 2024-25 के वार्षिक वित्तीय प्रतिवेदन को विधान सभा के पटल पर रखे जाने का अनुमोदन।


7. उत्तराखण्ड वन विकास निगम के वित्तीय वर्ष 2021-22 एवं वर्ष 2022-23 के वार्षिक लेखों की सम्परीक्षा राज्य विधान सभा को प्रस्तुत किये जाने के संबंध में अनुमोदन।


8. बागवानी मिशन योजनान्तर्गत एन्टीहेल नेट योजना पर भारत सरकार द्वारा देय 50 प्रतिशत राज सहायता के अतिरिक्त राज्यांश के रूप में 25 प्रतिशत अतिरिक्त राज सहायता प्रदान किये जाने का निर्णय।


बागवानी फसलों (सेब, आडू, प्लम, खुबानी, नाशपाती आदि) को ओलावृष्टि से बचाने हेतु एन्टीहेल नेट का प्रयोग किया जाता है। एन्टीहेल नेट से आच्छादित फल फसलों को ओलावृष्टि, ऑधी तूफान से 100 प्रतिशत तक बचाया जा सकता है तथा इसके प्रयोग से फल फसलों को चिड़ियों से भी सुरक्षा प्राप्त होती है। बागवानी मिशन योजना संचालित रहने की अवधि तक भारत सरकार द्वारा जो भी लक्ष्य निर्धारित किये जाएंगे, उसी के अनुसार राज्य सरकार द्वारा राज्यांश के रूप में 25 प्रतिशत अतिरिक्त राज सहायता उन वर्षों हेतु स्वीकृत किए जाने का मंत्रिमंडल द्वारा  अनुमोदन प्रदान किया गया।

9. दून विश्वविद्यालय, देहरादून में हिन्दू अध्ययन केन्द्र (सेंटर ऑफ हिन्दू स्टडीज) में 6 पदों के सृजन की मंजूरी।

दून विश्वविद्यालय, देहरादून में हिन्दू अध्ययन केन्द्र की स्थापना एवं संचालन हेतु 04 शैक्षिक (प्रोफेसर 01 पद, एसोसिएट प्रोफेसर 01 पद एवं असिस्टेंट प्रोफेसर 02 पद ) तथा 02 शिक्षणेत्तर (कनिष्ठ सहायक 01 पद, परिचारक 01 आउटसोर्स) इस प्रकार कुल 06 पदों का सृजन किए जाने हेतु कैबिनेट द्वारा अनुमोदन प्रदान किया गया।

10. उपनल द्वारा प्रायोजित कर्मियों को प्रथम चरण में 10 वर्ष की निरंतर सेवा पूर्ण करने वाले उपनल कर्मियों को समान कार्य के लिए समान वेतन से संबंधित लाभ प्रदान करने का निर्णय।


जनहित याचिका संख्या-116/2018 कुन्दन सिंह बनाम उत्तराखण्ड राज्य एवं अन्य में मा० उच्च न्यायालय द्वारा दिनांक 12.11.2018 को पारित आदेश के क्रम में गठित मंत्रिमण्डलीय उप समिति की बैठक दिनांक 8.12.2025 में उप समिति द्वारा की गयी संस्तुतियों पर मंत्रिमण्डल द्वारा विचार कर निर्णय लिया गया कि राज्य की आर्थिक स्थिति को दृष्टिगत रखते हुए उपनल के माध्यम से कार्यरत उपनल कर्मियों को चरणबद्ध रूप से समान कार्य के लिए समान वेतन से संबंधित लाभ प्रदान किए जाएंगे और प्रथम चरण में उपनल द्वारा प्रायोजित ऐसे उपनल कर्मियों, जिनके द्वारा 10 वर्ष की निरन्तर सेवायें पूर्ण कर ली गई हों को वेतन से संबंधित लाभ अनुमन्स कराए जाने का निर्णय लिया गया।

11. उच्चतम न्यायालय, नई दिल्ली में योजित क्रिमिनल रिट याचिका संख्या-5191/2021 सतेन्द्र कुमार अन्टिल बनाम सी०बी०आई० में पारित निर्णय दिनांक 06.08.2024 के अनुपालन में उत्तराखण्ड उच्च न्यायालय, नैनीताल के मुख्य न्यायाधीश की अध्यक्षता में गठित उच्च स्तरीय कमेटी की संस्तुतियों के क्रम में NDPS Act, Pocso Act, NI Act, Prevention of Corruption Act & PMLA Act  से सम्बन्धित वादों के शीघ्र निस्तारण के लिए राज्य में प्रथम चरण में जनपद देहरादून, हरिद्वार, नैनीताल एवं ऊधम सिंह नगर में 16 विशेष न्यायालयों (07 ADJ एवं 09 ACJM विशेष न्यायालय) हेतु कुल 144 पद सृजित किए जाने हेतु मंत्रिमंडल द्वारा अनुमोदन प्रदान किया गया।


12. उत्तराखण्ड की पंचम विधान सभा के वर्ष 2026 का प्रथम सत्र (आय-व्ययक अधिवेशन) आहूत करने हेतु मंत्रिमण्डल द्वारा मुख्यमंत्री को अधिकृत किया गया।


13. औद्योगिक विकास (खनन) विभाग से संबंधित अधिसूचना सं0 613, दिनांक 07.03.2025 द्वारा गौला, कोसी, दाबका व नन्धौर हेतु लागू संशोधित बिक्री दर में अंकित शब्द “नन्धौर“ के स्थान पर “नन्धौर एव अन्य नदियां“ अंकित करते हुए तद्नुसार संशोधन किये जाने का अनुमोदन।


14. युवा कल्याण एवं प्रान्तीय रक्षक दल विभाग में संचालित योजना “खेल महाकुम्भ’ के अन्तर्गत होने वाली खेलकूद प्रतियोगिताओं में विधानसभा स्तर पर विधायक चैम्पियनशिप ट्रॉफी तथा रू. 01.00 लाख की प्रोत्साहन राशि, संसदीय क्षेत्र स्तर पर सांसद चैम्पियनशिप ट्राफी तथा रू. 02.00 लाख की प्रोत्साहन राशि एवं राज्य स्तर पर मुख्यमंत्री चैम्पियनशिप ट्रॉफी तथा रू. 05.00 लाख की पुरस्कार धनराशि प्रदान किये जाने का मंत्रिमंडल द्वारा निर्णय लिया गया।


15. उत्तराखण्ड राज्य अवस्थापना विकास निगम (ब्रिडकुल) के कार्यों में विस्तार करते हुए ब्रिडकुल को रोपवे, आटोमेटेड/मैकेनाईज्ड कार पार्किंग, टनल/कैविटी पार्किंग से सम्बन्धित निर्माण कार्यों हेतु राज्य की कार्यदायी संस्थाओं की सूची में सम्मिलित किये जाने का निर्णय।



16. उत्तराखण्ड दस्तावेजों की सूची प्रारूप नियमावली, 2025 का अनुमोदन।


भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 (2023 का केन्द्रीय अधिनियम 46) की धारा 330 की उपधारा (2) के अन्तर्गत न्यायालय के समक्ष दस्तावेजों की सूची तथा स्वरूप निर्धारित करने हेतु न्यायिक प्रक्रियाओं में दस्तावेजों की सूची को मानकीकृत कर न्यायालय में दायर दस्तावेजों की पहचान, प्रमाणिकता एवं सत्यापन से सम्बन्धित अस्पष्टताओं का निवारण करने तथा न्यायिक प्रक्रिया और भी पारदर्शी एवं प्रभावी बनाने के उद्देश्य सें “उत्तराखण्ड दस्तावेजों की सूची प्रारूप नियमावली, 2025“ को मंत्रिमण्डल द्वारा अनुमोदित किया गया।

17. समान नागरिक संहिता, उत्तराखण्ड (संशोधन) अध्यादेश, 2025 लाने पर सहमति।


समान नागरिक संहिता, उत्तराखण्ड, 2024 दिनांक 27.01.2025 से सम्पूर्ण प्रदेश में लागू है। समान नागरिक संहिता, उत्तराखण्ड, 2024 के लिए गठित समिति द्वारा की गयी संस्तुति/अनुशंसाओं के आधार पर तथा मूल संहिता के कतिपय प्रावधानों के क्रियान्वयन में आ रही व्यावहारिक कठिनाईयों व लिपिकीय त्रुटियों के समाधान हेतु मूल संहिता में अध्यादेश के माध्यम से आवश्यक संशोधन किए जाने का मंत्रिमंडल द्वारा अ नुंमोदन प्रदान किया गया।


18. उत्तराखण्ड पर्यटन, यात्रा व्यवसाय, होम स्टे एवं बेड-एण्ड ब्रेकफास्ट पंजीकरण नियमावली-2026“ का प्रख्यापन किये जाने का निर्णय। जिसके तहत अब होम स्टे योजना का लाभ राज्य के स्थायी निवासी ही ले सकेंगे। 

राज्य में पर्यटन व्यवसाय के पंजीकरण एवं विनियमन हेतु उत्तराखण्ड पर्यटन एवं यात्रा व्यवसाय पंजीकरण नियमावली-2014 तथा संशोधन नियमावली-2016 पूर्व से प्रभावी है साथ ही होम स्टे के विनियमन हेतु एक पृथक अतिथि उत्तराखण्ड गृह आवास (होम-स्टे) पंजीकरण नियमावली-2015 (समय-समय पर यथासंशोधित), उत्तराखण्ड पर्यटन विकास परिषद द्वारा अधिसूचित की गई है, जिसके परिणामस्वरूप राज्य में पर्यटन गतिविधियों के पंजीकरण हेतु एकाधिक नियमावलियां प्रभावी होने जैसी स्थिति बन रही थी।

उक्त स्थिति का समुचित समाधान करते हुए तथा उत्तराखण्ड के ग्रामीण क्षेत्रों के स्थानीय निवासियों के अपने स्वामित्व वाले परिसर में स्वावलंबी स्व-रोजगार अव्यवसायिक दरों पर प्रदान किये जाने एवं उत्तराखण्ड के स्थानीय निवासियों के इतर व्यक्तियों हेतु रोजगार / व्यवसाय प्रदान किये जाने हेतु उत्तराखण्ड पर्यटन, यात्रा व्यवसाय, होम स्टे एवं बेड एण्ड ब्रेकफास्ट पंजीकरण नियमावली-2026“ प्रख्यापित किए जाने का अनुमोदन प्रदान किया गया।


19. श्री केदारनाथ धाम में खच्चर के गोबर को पर्यावरण अनुकूल ईंधन पेलेट में परिवर्तित किए जाने सम्बन्धित पायलट प्रोजेक्ट को संचालित किये जाने का मंत्रिमंडल द्वारा अनुमोदन।


श्री केदारनाथ धाम में दर्शन हेतु श्रद्धालुओं द्वारा एवं माल ढुलाई हेतु काफी अधिक संख्या मे खच्चर संचालित किये जाते हैं। खच्चरों द्वारा रास्ते में किये जाने वाला गोबर काफी हानिकारक होने के दृष्टिकोण से गोबर एवं चीड़ की पत्तियों को 50ः50 अनुपात में मिश्रित कर पर्यावरण-अनुकूल बायोमास पेलेट का उत्पादन किये जाने हेतु एक वर्ष की अवधि की पायलट प्रोजेक्ट पर अनुमति प्रदान की गयी है।

[15/01, 20:21] Ravi BijarNiya dipr Ravi BijarNia: 14. युवा कल्याण एवं प्रान्तीय रक्षक दल विभाग में संचालित योजना “खेल महाकुम्भ’ के अन्तर्गत होने वाली खेलकूद प्रतियोगिताओं में विधानसभा स्तर पर विधायक चैम्पियनशिप ट्रॉफी तथा रू. 01.00 लाख की प्रोत्साहन राशि, संसदीय क्षेत्र स्तर पर सांसद चैम्पियनशिप ट्राफी तथा रू. 02.00 लाख की प्रोत्साहन राशि एवं राज्य स्तर पर मुख्यमंत्री चैम्पियनशिप ट्रॉफी तथा रू. 05.00 लाख की पुरस्कार धनराशि प्रदान किये जाने का मंत्रिमंडल द्वारा निर्णय लिया गया।


15. उत्तराखण्ड राज्य अवस्थापना विकास निगम (ब्रिडकुल) के कार्यों में विस्तार करते हुए ब्रिडकुल को रोपवे, आटोमेटेड/मैकेनाईज्ड कार पार्किंग, टनल/कैविटी पार्किंग से सम्बन्धित निर्माण कार्यों हेतु राज्य की कार्यदायी संस्थाओं की सूची में सम्मिलित किये जाने का निर्णय।



16. उत्तराखण्ड दस्तावेजों की सूची प्रारूप नियमावली, 2025 का अनुमोदन।


भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 (2023 का केन्द्रीय अधिनियम 46) की धारा 330 की उपधारा (2) के अन्तर्गत न्यायालय के समक्ष दस्तावेजों की सूची तथा स्वरूप निर्धारित करने हेतु न्यायिक प्रक्रियाओं में दस्तावेजों की सूची को मानकीकृत कर न्यायालय में दायर दस्तावेजों की पहचान, प्रमाणिकता एवं सत्यापन से सम्बन्धित अस्पष्टताओं का निवारण करने तथा न्यायिक प्रक्रिया और भी पारदर्शी एवं प्रभावी बनाने के उद्देश्य सें “उत्तराखण्ड दस्तावेजों की सूची प्रारूप नियमावली, 2025“ को मंत्रिमण्डल द्वारा अनुमोदित किया गया।

17. समान नागरिक संहिता, उत्तराखण्ड (संशोधन) अध्यादेश, 2025 लाने पर सहमति।


समान नागरिक संहिता, उत्तराखण्ड, 2024 दिनांक 27.01.2025 से सम्पूर्ण प्रदेश में लागू है। समान नागरिक संहिता, उत्तराखण्ड, 2024 के लिए गठित समिति द्वारा की गयी संस्तुति/अनुशंसाओं के आधार पर तथा मूल संहिता के कतिपय प्रावधानों के क्रियान्वयन में आ रही व्यावहारिक कठिनाईयों व लिपिकीय त्रुटियों के समाधान हेतु मूल संहिता में अध्यादेश के माध्यम से आवश्यक संशोधन किए जाने का मंत्रिमंडल द्वारा अ नुंमोदन प्रदान किया गया।


18. उत्तराखण्ड पर्यटन, यात्रा व्यवसाय, होम स्टे एवं बेड-एण्ड ब्रेकफास्ट पंजीकरण नियमावली-2026“ का प्रख्यापन किये जाने का निर्णय। जिसके तहत अब होम स्टे योजना का लाभ राज्य के स्थायी निवासी ही ले सकेंगे। 

राज्य में पर्यटन व्यवसाय के पंजीकरण एवं विनियमन हेतु उत्तराखण्ड पर्यटन एवं यात्रा व्यवसाय पंजीकरण नियमावली-2014 तथा संशोधन नियमावली-2016 पूर्व से प्रभावी है साथ ही होम स्टे के विनियमन हेतु एक पृथक अतिथि उत्तराखण्ड गृह आवास (होम-स्टे) पंजीकरण नियमावली-2015 (समय-समय पर यथासंशोधित), उत्तराखण्ड पर्यटन विकास परिषद द्वारा अधिसूचित की गई है, जिसके परिणामस्वरूप राज्य में पर्यटन गतिविधियों के पंजीकरण हेतु एकाधिक नियमावलियां प्रभावी होने जैसी स्थिति बन रही थी।

उक्त स्थिति का समुचित समाधान करते हुए तथा उत्तराखण्ड के ग्रामीण क्षेत्रों के स्थानीय निवासियों के अपने स्वामित्व वाले परिसर में स्वावलंबी स्व-रोजगार अव्यवसायिक दरों पर प्रदान किये जाने एवं उत्तराखण्ड के स्थानीय निवासियों के इतर व्यक्तियों हेतु रोजगार / व्यवसाय प्रदान किये जाने हेतु उत्तराखण्ड पर्यटन, यात्रा व्यवसाय, होम स्टे एवं बेड एण्ड ब्रेकफास्ट पंजीकरण नियमावली-2026“ प्रख्यापित किए जाने का अनुमोदन प्रदान किया गया।


19. श्री केदारनाथ धाम में खच्चर के गोबर को पर्यावरण अनुकूल ईंधन पेलेट में परिवर्तित किए जाने सम्बन्धित पायलट प्रोजेक्ट को संचालित किये जाने का मंत्रिमंडल द्वारा अनुमोदन।


श्री केदारनाथ धाम में दर्शन हेतु श्रद्धालुओं द्वारा एवं माल ढुलाई हेतु काफी अधिक संख्या मे खच्चर संचालित किये जाते हैं। खच्चरों द्वारा रास्ते में किये जाने वाला गोबर काफी हानिकारक होने के दृष्टिकोण से गोबर एवं चीड़ की पत्तियों को 50ः50 अनुपात में मिश्रित कर पर्यावरण-अनुकूल बायोमास पेलेट का उत्पादन किये जाने हेतु एक वर्ष की अवधि की पायलट प्रोजेक्ट पर अनुमति प्रदान की गयी है।

 *उपनल कर्मचारियों ने मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी से भेंट कर ‘समान कार्य–समान वेतन’ पर कैबिनेट के ऐतिहासिक निर्णय के लिए व्यक्त किया आभार* 





मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी से आज सचिवालय में उपनल कर्मचारियों के प्रतिनिधिमंडल ने भेंट की। इस अवसर पर उपनल कर्मचारियों ने समान कार्य–समान वेतन के संबंध में आज राज्य मंत्रिमंडल द्वारा लिए गए ऐतिहासिक  निर्णय के लिए मुख्यमंत्री एवं प्रदेश सरकार के प्रति आभार एवं धन्यवाद व्यक्त किया।


उपनल कर्मचारियों ने कहा कि यह निर्णय लंबे समय से चली आ रही उनकी मांगों को पूरा करने के साथ-साथ उनके सम्मान और आर्थिक सुरक्षा की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इस फैसले से प्रदेश के हजारों उपनल कर्मचारियों में उत्साह एवं विश्वास का वातावरण बना है।


मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने इस अवसर पर कहा कि राज्य सरकार उपनल कर्मियों के हितों की रक्षा, उनके सम्मान और भविष्य को सुरक्षित करने के लिए पूर्ण रूप से प्रतिबद्ध है। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि उपनल कर्मचारी राज्य की प्रशासनिक व्यवस्था की एक महत्वपूर्ण कड़ी हैं और उनके योगदान को सरकार पूरी गंभीरता से मान्यता देती है। प्रदेश सरकार कर्मचारियों के कल्याण से जुड़े सभी मुद्दों पर संवेदनशीलता के साथ कार्य कर रही है।



इस अवसर पर उपनल कर्मचारियों के प्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री को आश्वस्त किया कि वे सरकार की नीतियों एवं निर्णयों के अनुरूप पूरी निष्ठा और प्रतिबद्धता के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करते रहेंगे।


मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने बुधवार को खटीमा में आयोजित कार्यक्रम में प्रतिभाग करते हुए ₹ 33 करोड़ 36 लाख 49 हजार की 9 विकास योजनाओं का लोकार्पण व शिलान्यास किया। जिसमें जिला विकास प्राधिकरण द्वारा 11 करोड़ 27 लाख 50 हजार की धनराशि से नवनिर्मित हाईटेक महाराणा प्रताप बस स्टेशन भी शामिल है। 

khatima CM Dhami


मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि नानकमत्ता में बाला जी मंदिर के सौंदर्यीकरण किया जाएगा। नानकमत्ता विधानसभा के अंतर्गत ब्राह्मदेव मंदिर लोहिया पुल खटीमा में सौंदर्यीकरण व पुनःनिर्माण कार्य किया जाएगा। नानकमत्ता विधानसभा के अंतर्गत देवभूमि धर्मशाला में कक्ष, हॉल एवं सौंदर्यीकरण कार्य किया जाएगा। नानकमत्ता विधानसभा के अंतर्गत सोनूखरी - किशनपुर - बरकीडांडी - कैथुला - टुकड़ी मार्ग का हॉटमिक्स सड़क का कार्य किया जाएगा। 


मुख्यमंत्री ने हाईटेक महाराणा प्रताप बस स्टेशन, नगर पालिका के वार्ड नंबर 7 व 8 में 48.45 लाख की धनराशि से निर्मित पेयजल नलकूप, ओवर हेड टेंक, पाईप लाईन कार्यों, विधानसभा क्षेत्र नानकमत्ता के अंतर्गत 490.21 लाख की धनराशि से राजस्व निरीक्षक व उपनिरीक्षक के आवासीय भवनों व 359.91 लाख की लागत से उपनिरीक्षकों के कार्यालय भवनों, खटीमा में ग्राम मझोला में झील से लेकर पॉलिगंज की ओर 225.62 लाख की लागत से नाला निर्माण कार्यों का लोकार्पण तथा खटीमा क्षेत्र में 499.65 लाख की लागत से 300 नग हेंडपम्प स्थापना कार्य, 29.65 लाख की लागत से खटीमा के नवनिर्मित बस अड्डे में महाराणा प्रताप द्वार निर्माण, 24.50 लाख की लागत से खटीमा में हाईटेक शौचालय निर्माण एवं 95 लाख की लागत से थारू इंटर कॉलेज खटीमा का पुनःनिर्माण कार्य का शिलान्यास किया।


मुख्यमंत्री ने कहा कि मकर संक्रांति और घुघुतिया पर्व के पावन अवसर पर 11 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से निर्मित हाईटेक बस स्टैंड का शुभारंभ हो रहा है, जो पूरे क्षेत्र के लिए हर्ष का विषय है। मुख्यमंत्री ने कहा उन्होंने स्वयं कई बार बस स्टैंड की स्थापना के लिए प्रयास किए थे और इसकी घोषणा भी की थी। जिसका कार्य आज धरातल में उतर गया है। मुख्यमंत्री ने कहा नवनिर्मित बस स्टैंड क्षेत्र की परिवहन व्यवस्था को और अधिक सुगम और सुव्यवस्थित बनाएगा साथ ही स्थानीय व्यापार, पर्यटन और रोज़गार के नए अवसर सृजित कर क्षेत्र के विकास को भी गति प्रदान करेगा।



मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में राज्य विकास और समृद्धि के नए कीर्तिमान स्थापित कर रहा है। शहरों से लेकर सुदूर पर्वतीय गाँवों तक सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल सहित सभी महत्वपूर्ण क्षेत्रों से जुड़ा इंफ्रास्ट्रक्चर मजबूत बन रहा है। समाज के अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति को मुख्यधारा से जोड़ने के लिए सरकार संकल्पित होकर कार्य कर रहे हैं। उन्होंने कहा खटीमा उनका घर है और सभी खटीमावासी उनके परिवार के सदस्य हैं। मुख्यमंत्री ने कहा उन्होंने खटीमा से ही जनसेवा की यात्रा आरंभ की थी। क्षेत्र की प्रत्येक गली और गाँव उनके दिल के बेहद करीब है। खटीमा की माटी और यहाँ के लोगों से उन्हें ऊर्जा और प्रेरणा मिलती है, उसी के बल पर वो प्रदेश के विकास के लिए कार्य कर पा रहे हैं।


मुख्यमंत्री ने कहा राज्य सरकार, खटीमा के समग्र विकास के लिए निरंतर प्रयासरत है। खटीमा क्षेत्र में कनेक्टिविटी को बेहतर बनाने के लिए गदरपुर-खटीमा बाईपास और नौसर में पुल का निर्माण, पूरे क्षेत्र में सड़कों के व्यापक नेटवर्क का विकास भी सुनिश्चित किया गया है। उन्होंने कहा खटीमा में केंद्रीय विद्यालय की स्थापना करने के साथ ही चकरपुर में राष्ट्रीय स्तर के आधुनिक खेल स्टेडियम का निर्माण भी कराया गया है। मुख्यमंत्री ने कहा खटीमा में आधुनिक आईटीआई और पॉलीटेक्निक कॉलेज तथा 100 बेड के नए अस्पताल परिसर का निर्माण कर बुनियादी सुविधाओं को मजबूत किया गया है। विद्यार्थियों के लिए साथी केंद्र एवं औद्योगिक विकास को गति देने लिए सिडकुल की स्थापना भी की गई है। उन्होंने कहा कि हम खटीमा और टनकपुर के बीच एक भव्य सैन्य स्मारक भी बनाने जा रहे हैं, जिस पर जल्द ही कार्य प्रारंभ हो जाएगा। 


मुख्यमंत्री ने कहा सरकार पंतनगर में अंतर्राष्ट्रीय स्तर के हवाई अड्डे के निर्माण पर कार्य कर रही हैं। जिस पर शीघ्र ही कार्य प्रारंभ हो जाएगा। उन्होंने कहा राजकीय महाविद्यालय खटीमा में एमकॉम और एमएससी की कक्षाएं शुरू कराई गई हैं,  जनजाति बाहुल्य क्षेत्र में एकलव्य विद्यालय का संचालन भी प्रारंभ किया गया है। राज्य सरकार ने जमरानी बांध बहुउद्देशीय परियोजना का निर्माण पुनः प्रारंभ कर पूरे तराई क्षेत्र की पेयजल और सिंचाई की समस्या का समाधान करने की दिशा में कार्य किया है। वहीं, क्षेत्र के लोगों को उत्कृष्ट चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए एम्स के सेटेलाइट सेंटर की स्थापना करने के साथ-साथ खुरपिया में इंडस्ट्रियल स्मार्ट सिटी के माध्यम से इस पूरे क्षेत्र के विकास को गति देने का प्रयास भी किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि आगे भी खटीमा के विकास में कोई कमी नहीं आने दी जायेगा। 


मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में दंगों की राजनीति करने वालों को सबक सिखाने के लिए  सख्त दंगारोधी कानून बनाकर दंगों में होने वाले नुकसान की भरपाई भी दंगाईयों से ही करने का काम किया गया है। राज्य सरकार ने राज्य में नया कानून लागू कर मदरसा बोर्ड को भी समाप्त करने का निर्णय लिया है। इस कानून के लागू होने के पश्चात 1 जुलाई 2026 के बाद उत्तराखंड में केवल वही मदरसे संचालित हो पाएंगे, जिनमें हमारे सरकारी बोर्ड द्वारा निर्धारित पाठ्यक्रम पढ़ाया जाएगा। उन्होंने कहा कि सरकार ने राज्य में अवैध रूप से संचालित लगभग 250 से अधिक मदरसों को भी बंद करवाया है। हमारा प्रयास है कि राज्य में शिक्षा के मंदिर स्थापित हों, जहां तय मानकों के अनुरूप गुणवत्तापूर्ण शिक्षा दी जाए । उन्होंने कहा कि सरकार राज्य में सनातन संस्कृति को बदनाम करने वाले पाखंडियों के विरुद्ध भी ऑपरेशन कालनेमि के माध्यम से भी सख्त कार्रवाई कर रही है।


मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने भर्ती प्रक्रियाओं को पारदर्शी बनाने और नकल माफियाओं पर अंकुश लगाने के लिए देश का सबसे सख्त नकल विरोधी कानून लागू किया। इसी का परिणाम है कि पिछले साढ़े 4 वर्षों में राज्य के लगभग 27 हजार युवाओं को सरकारी नौकरी प्राप्त हुई है, जो अपने आप में नया रिकॉर्ड है। इस कानून के लागू होने के बाद बीते 4 वर्षों में 100 से अधिक नकल माफियाओं को सलाखों के पीछे पहुंचाया गया है। उन्होंने कहा हमने समाज में असमानताओं को समाप्त करने तथा सभी के लिए समान अधिकार एवं न्याय सुनिश्चित करने के लिए देश में सबसे पहले 'समान नागरिक संहिता' कानून को लागू करने का साहसिक कार्य भी किया है। उन्होंने कहा कि हमारा प्रदेश, देवभूमि है इसकी संस्कृति, अस्मिता और सम्मान के साथ हम किसी भी प्रकार का कोई षड्यंत्र बर्दाश्त नहीं करेंगे। 


सांसद श्री अजय भट्ट एवं पूर्व विधायक डॉ प्रेम सिंह राणा ने नवनिर्मित बस अड्डे के लोकार्पण पर सभी क्षेत्रवासियों को बधाई दी। उन्होंने कहा की यह बस अड्डा निर्माण मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का ड्रीम प्रोजेक्ट था। उन्होंने नवनिर्मित हाईटेक बस अड्डे का का नाम महाराणा प्रताप रखने पर मुख्यमंत्री का आभार भी व्यक्त किया। उन्होंने कहा की मुख्यमंत्री श्री धामी के कार्यों व निर्णयों को देश के अन्य राज्य भी अनुशरण कर रहे है यह हमारे लिए गर्व की बात है। उन्होंने कहा की मुख्यमंत्री क्षेत्र व प्रदेश के सर्वागींण विकास के लिए कटिबद्ध है।


कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष अजय मौर्य, विधायक शिव अरोरा, नगर पालिका अध्यक्ष खटीमा रामेश चंद्र जोशी, नगर पंचायत अध्यक्ष नानकमत्ता प्रेम सिंह टूरना, दर्जा मंत्री अनिल कपूर डब्बू, फरजाना बेगम, मंजीत सिंह, जिलाध्यक्ष कमल जिन्दल, महामंत्री रमेश जोशी, जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक मणिकांत मिश्रा, एवं अन्य लोग मौजूद रहे।

 उत्तरकाशी:



मकर संक्रांति के पावन पर्व के अवसर पर उत्तरकाशी मुख्यालय में जिला पंचायत उत्तरकाशी के सौजन्य से आयोजित पौराणिक एवं ऐतिहासिक “बाड़ाहाट का थौलू (माघ मेला)” का विधिवत एवं भव्य शुभारंभ संपन्न हुआ। इस अवसर पर जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों एवं श्रद्धालु जनसमूह की गरिमामयी उपस्थिति रही।


इष्ट देव श्री कंडार एवं भगवान श्री हरि महाराज की पावन उपस्थिति तथा देव डोलियों के दिव्य सान्निध्य में सूबे के माननीय मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने माघ मेले का विधिवत उद्घाटन कर समस्त जनपदवासियों को मेले की शुभकामनाएँ प्रेषित कीं।


शुभारंभ अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष रमेश चौहान, भाजपा जिलाध्यक्ष नागेंद्र चौहान, क्षेत्रीय विधायक सुरेश चौहान, पुरोला विधायक दुर्गेश्वर लाल, पूर्व विधायक विजयपाल सजवाण, दायित्वधारी रामसुंदर नौटियाल,  प्रताप पंवार, जगत सिंह चौहान सहित जिला पंचायत सदस्यगण, नगर पालिका अध्यक्ष, सभासदगण, पंचायत जनप्रतिनिधि एवं पार्टी पदाधिकारीगण उपस्थित रहे।


इस अवसर पर वक्ताओं ने कहा कि बाड़ाहाट का थौलू माघ मेला जनपद उत्तरकाशी की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, लोक आस्था एवं पौराणिक परंपराओं का जीवंत प्रतीक है, जो सामाजिक समरसता एवं सांस्कृतिक एकता को सुदृढ़ करता है।


माघ मेले के शुभारंभ पर जनपदवासियों में उत्साह का वातावरण रहा तथा बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने सहभागिता निभाई।

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