Halloween party ideas 2015

 देहरादून:



डीएम के आदेश पर शिक्षा माफियाओं पर रातों-रात मुकदमे दर्ज

जीएसटी चोरी, फर्जी प्रकाशन के साथ ही कई  किताबों  के आईएसबीन नंबर नहीं हुए ट्रैक।

स्कूलों से  गठजोड़ वाली प्रमुख दुकानों जिनकी अभिभावकों से अधिक शिकायतें प्राप्त हो रही थी, पर हुई कार्रवाई ।

अब  बड़े  निजी स्कूल प्रबंधन पर भी डीएम की नजर।


यूनिवर्सल बुक डिपो, नेशनल बुक डिपो, ब्रदर पुस्तक भंडार पर संगीन धाराओं में प्राथमिकी  दर्ज स्टॉकस, बिल बुक ज़ब्त।

[29/03, 20:28] Bahandari Viren Dio: मा0 सीएम के निर्देश पर 

अब शिक्षा माफियाओं के तांडव  पर चला सटीक प्रहार, एक साथ कई दुकानों पर मल्टिपल रेड 


सिटी मजिस्ट्रेट एवं तीन एसडीएम की चार टीमों द्वारा अलग- अलग दुकानों पर अवैध ट्रांजैक्शन, ओवर रेटिंग टैक्स चोरी करने वाली बुक स्टेशनरी शॉप पर की गई छापेमारी, प्राथमिकी की दर्ज , बिल बुक, स्टॉक रजिस्टर सीज


आए दिन अभिभावकों को कॉपी किताबों स्टेशनरी के लिए उच्च दाम,  स्टेशनरी खरीदने के लिए दबाव बना कर किया जा रहा है विवस 


मा0 सीएम के डीएम को हैं निर्देश, शिक्षा  माफियाओं का हो सफाया 


शहर के प्रतिष्ठित स्कूल, पब्लिशर रिटेलर्स का है आपसी गाजोड़, अभिभावकों का किया जा रहा है शोषण 


स्कूलों से भी मिली भगत होने की प्राप्त हो रही है शिकायतें

सुदृढ़ होगा शिक्षा माफियाओं पर  जिला प्रशासन शिकंजा

नगर मजिस्ट्रेट प्रत्यूष सिंह , उप जिलाधिकारी सदर हरी गिरी, संयुक्त मजिस्ट्रेट गौरी प्रभात, उप जिलाधिकारी कुमकुम जोशी, उप जिलाधिकारी अपूर्व सिंह , मुख्य मुख्य शिक्षा अधिकारी विनोद कुमार,  सहायक राज्य का आयुक्त अविनाश पांडे आदि अधिकारी टीमों में शामिल रहे।



लच्छीवाला टोल प्लाज के विरोध में परवादून जिला कांग्रेस का हल्ला बोल । केंद्रीय परिवहन मंत्री के नाम सौंपा ज्ञापन।


टोल प्लाजा पर बड़ी संख्या में कांग्रेसियों सहित दून, डोईवाला, ऋषिकेश व हरिद्वार से आए लोगों ने प्रदर्शन करके धरना दिया ।


डोईवाला:


 लच्छीवाला टोल हटाने की मांग को लेकर परवादून जिला कांग्रेस के आह्वान पर बड़ी संख्या में कांग्रेसियों और देहरादून, डोईवाला, ऋषिकेश व हरिद्वार से आए लोगों ने टोल प्लाजा पर धरना दिया। लच्छीवाला टोल प्लाजा पर आए दिन होने वाली दुर्घटनाओ के लिए प्रदेश सरकार और प्रशासन को जिम्मेदार ठहराते हुए कहा गया कि मानकों की अनदेखी करके बनाए गए टोल प्लाजा से होकर यात्रा करना सुरक्षित नहीं है। प्रदर्शनकारियों ने टोल प्लाजा को आर्थिक उत्पीड़न का जरिया करार देते हुए चेतावनी दी कि यदि इसको जल्द ही यहां से नहीं हटाया गया तो आंदोलन तेज किया जाएगा।


परवादून जिला कांग्रेस के आह्वान पर रविवार सुबह साढ़े दस बजे बड़ी संख्या में लोगों ने टोल प्लाजा पहुंचकर धरना दिया। इस दौरान प्रदेश और केंद्र सरकार के खिलाफ प्रदर्शन करते हुए लच्छीवाला टोल को हादसों का टोल करार दिया गया। धरने के पश्चात डोईवाला उपजिलाधिकारी के माध्यम से केंद्रीय परिवहन मंत्री के नाम ज्ञापन भी सौंपा गया।


इस दौरान आयोजित सभा में पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने कहा, बीते सोमवार टोल प्लाजा पर डंपर की चपेट में आने से कार सवार दो व्यक्तियों की मृत्यु हो गई। इस दर्दनाक दुर्घटना की वजह टोल प्लाजा पर मानकों का उल्लंघन है। सरकार और प्रशासन इन हादसों की जिम्मेदारी लेते हुए पीड़ित परिवारों से माफी मांगे और मृतकों के परिजनों को समुचित मुआवजा प्रदान करे।  

परवादून कांग्रेस जिलाध्यक्ष मोहित उनियाल ने कहा कि देहरादून की ओर से तेज ढलान पर बने टोल प्लाजा पर लोडेड भारी वाहनों की गति अनियंत्रित हो जाती है। तेज रफ्तार वाहन यहां भीषण दुर्घटनाओं को अंजाम दे रहे हैं। बीते सोमवार की दुर्घटना से पहले भी यहां इसी तरह के हादसे हुए हैं, पर सरकार, नेशनल हाईवे और जिला प्रशासन के अफसर अंजान बने हैं, क्योंकि जनता का आर्थिक शोषण करते हुए टैक्स जो वसूला जा रहा है। 24 मार्च को टोल हादसे में जिन लोगों की मृत्यु हुई उनके परिवार को 50 लाख मुआवजा दिया जाए ।


पीसीसी सदस्य गौरव चौधरी ने कहा कि टोल टैक्स की दरों में वृद्धि कर दी गई। पहले से ही महंगाई की मार झेल रही जनता पर आर्थिक लूट का एक और भार डाला जा रहा है, जिसे कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उनियाल ने कहा, लच्छीवाला टोल प्लाजा पर आए दिन वाहन स्वामियों से अभद्रता और मारपीट की घटनाएं होती हैं, लेकिन पुलिस और प्रशासन मौन साधे हैं। आसपास के क्षेत्रों से आने वाले वाहनों से वसूली करना न्यायसंगत नहीं है। स्थानीय जनता टोल प्लाजा से निजात पाना चाहती है। लच्छीवाला से टोल प्लाजा को जल्द से जल्द हटा लिया जाए, नहीं तो कांग्रेस जनता के साथ बड़ा आंदोलन करेगी। 


डोईवाला कांग्रेस नगर अध्य्क्ष करतार नेगी ने कहा, वैसे से देश में वन विभाग के तमाम मानक हैं, जो जनता तक बुनियादी सुविधाएं पहुंचाने में बाधा बनते हैं, पर लच्छीवाला वन क्षेत्र में आने वाले इस एलीफेंट कॉरिडोर में टोल टैक्स वसूली के लिए सभी नियम ध्वस्त कर दिए गए। यहां से हाथियों की आवाजाही रहती है, पर वन्य जीवों और पर्यावरण को लेकर बड़ी बड़ी बातें करने वाली सरकार ने टोल प्लाजा के मामले में अनदेखी कर दी।


उनियाल ने कहा कि केंद्र और उत्तराखंड की सरकार जनता के हितों से खिलवाड़ कर रही है। सरकार को न तो यहां होने वाले हादसों की चिंता है और न ही जनता के आर्थिक नुकसान से उसका कोई वास्ता है। टोल टैक्स में बढोतरी करके लोगों को महंगाई के दुष्चक्र में फंसाया जा रहा है। यहउत्पीड़न बर्दाश्त से बाहर है, इसके खिलाफ एकजुटता का प्रदर्शन करते हुए हमें बड़ा आंदोलन करना होगा। जनता के आंदोलन के सामने सरकारों को झुकना पड़ता है। 10 दिन तक अगर टोल हटाने का फैसला नही लिया गया तो कांग्रेस द्वारा उग्र आंदोलन किया जाएगा ।


प्रदर्शन के दौरान पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत,परवादून कांग्रेस जिलाध्यक्ष मोहित उनियाल,पीसीसी सदस्य गौरव चौधरी,सेवादल प्रदेश अध्यक्ष हेमा पुरोहित,डोईवाला कांग्रेस नगर अध्यक्ष करतार नेगी,ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष महेंद्र भट्ट,ऋषिकेश कांग्रेस अध्य्क्ष राकेश सिंह,मनोज नौटियाल, सागर मनवाल,पूर्व प्रधान राजेश गुरुंग,प्रदेश प्रवक्ता प्रमोद कपरुवांन,राहुल सैनी,सावन राठौर,प्रकाश नेगी,उमेद बोरा,जीतेन्द्र कुमार,गौरव मल्होत्रा,अमित सैनी,देवराज सावन,सुशील सैनी,नौशाद अली,प्रवीण सैनी,आरिफ अली,रईस, मोइन खान,भारत भूषण,बलविन्दर सिंह,जीतेन्द्र बर्थवाल,सुधांशु जोशी,अर्जुन रावत,शार्दूल नेगी,भव्य चमोला,यशवंत नेगी,विनोद कोठियाल,ताजेंद्र सिंह ताज,इंदरजीत सिंह,बलबीर सिंह,हरेंद्र बालियान,रोहित पांडे,सुनील थपलियाल,सचिन थापा,ग्राम प्रधान रेखा बहुगुणा,ललित मोहन मिश्र,प्रदीप रावत,सुनील बर्मन,अंशुल त्यागी,रेनु चुनारा, अफसाना अंसारी,रश्मि देवराड़ी,विनीत प्रसाद भट्ट,सौरभ ममगई,हिमांशु रावत,सिद्धार्थ अग्रवाल,ललित मोहन मिश्र,सरोजनी थपलियाल आदि उपस्थित रहे ।

 

आज का राशिफल

*दिनांक:- 30/03/2025, रविवार*

प्रतिपदा , शुक्ल पक्ष, 

चैत्र

Rashifal today 30 march 2025


*💮🚩    विशेष जानकारी   🚩💮*


*हिंदू नव वर्ष प्रारम्भ 


*गुड़ी पड़वा (चैत्र नवरात्रि) प्रारम्भ 


*सर्वार्थ सिद्धि योग 16:32 से 


*💮🚩💮   शुभ विचार   💮🚩💮*


हस्ती अंकुशमात्रेण बाजी हस्तेन ताड्यते ।

श्रृड्गि लकुटहस्ते न खड्गहस्तेन दुर्जनः ।।

।। चा o नी o।।


 अपना पैर कभी भी इनसे न छूने दे...

१. अग्नि 

२. अध्यात्मिक गुरु 

३. ब्राह्मण 

४. गाय 

५. एक कुमारिका 

६. एक उम्र में बड़ा आदमी. 

५. एक बच्चा.


*🚩💮🚩  सुभाषितानि  🚩💮🚩*


गीता -:दैवासुरसम्पद्विभागयोग :- अo-15


द्वौ भूतसर्गौ लोकऽस्मिन्दैव आसुर एव च।,

दैवो विस्तरशः प्रोक्त आसुरं पार्थ में श्रृणु॥,


 हे अर्जुन! इस लोक में भूतों की सृष्टि यानी मनुष्य समुदाय दो ही प्रकार का है, एक तो दैवी प्रकृति वाला और दूसरा आसुरी प्रकृति वाला।, उनमें से दैवी प्रकृति वाला तो विस्तारपूर्वक कहा गया, अब तू आसुरी प्रकृति वाले मनुष्य समुदाय को भी विस्तारपूर्वक मुझसे सुन॥,6॥,


*💮🚩   दैनिक राशिफल   🚩💮*


देशे ग्रामे गृहे युद्धे सेवायां व्यवहारके।

नामराशेः प्रधानत्वं जन्मराशिं न चिन्तयेत्।।

विवाहे सर्वमाङ्गल्ये यात्रायां ग्रहगोचरे।

जन्मराशेः प्रधानत्वं नामराशिं न चिन्तयेत ।।


🐏मेष

पार्टी व पिकनिक का कार्यक्रम बन सकता है। स्वादिष्ट व्यंजनों का आनंद प्राप्त होगा। विद्यार्थी वर्ग सफलता हासिल करेगा। कारोबार में वृद्धि होगी। आय के नए स्रोत प्राप्त हो सकते हैं। नौकरी में कार्य की प्रशंसा होगी। नए विचार दिमाग में आएंगे। भाग्य का साथ मिलेगा। धनार्जन होगा।


🐂वृष

कीमती वस्तुएं संभालकर रखें। काम में मन नहीं लगेगा। दूसरे आपसे अधिक की अपेक्षा करेंगे व्यापार-व्यवसाय लाभदायक रहेगा। दु:खद समाचार प्राप्त हो सकता है। वाणी में हल्के शब्दों के प्रयोग से बचें। क्रोध व उत्तेजना पर नियंत्रण रखें। पुराना रोग उभर सकता है।


👫मिथुन

प्रयास सफल रहेंगे। पराक्रम वृद्धि होगी। सामाजिक कार्य करने का अवसर प्राप्त होगा। मान-सम्मान मिलेगा। कारोबार में वृद्धि होगी। निवेश शुभ रहेगा। नौकरी में कार्य की प्रशंसा होगी। आय में वृद्धि होगी। जल्दबाजी न करें। प्रतिद्वंद्विता में वृद्धि होगी। लाभ होगा।


🦀कर्क

व्यवसाय ठीक चलेगा। आय में निश्चितता रहेगा।अप्रत्याशित खर्च सामने आएंगे। विवाद से स्वाभिमान को ठेस पहुंच सकती है। पुराना रोग उभर सकता है। जोखिम व जमानत के कार्य टालें। किसी भी अपरिचित व्यक्ति की बातों में न आएं।


🐅सिंह

अप्रत्याशित लाभ हो सकता है। रोजगार प्राप्ति के प्रयास सफल रहेंगे। नौकरी में अधिकार वृद्धि हो सकती है। व्यावसायिक यात्रा सफल रहेगी। निवेश मनोनकूल रहेगा। घर-बाहर प्रसन्नता का वातावरण बनेगा। किसी कार्य के प्रति चिंता रहेगी। शारीरिक कष्ट संभव है।


🙍‍♀️कन्या

दूर से शुभ समाचार प्राप्त होंगे। आत्मविश्वास में वृद्धि होगी। जोखिम उठाने का साहस कर पाएंगे। घर में अतिथियों का आगमन होगा। प्रसन्नता तथा उत्साह बने रहेंगे। व्यापार-व्यवसाय मनोनुकूल लाभ देगा। आलस्य हावी रहेगा। प्रमाद न करें। विवेक का प्रयोग करें।


⚖️तुला

यात्रा में जल्दबाजी न करें। शारीरिक कष्ट संभव है। पुराना रोग उभर सकता है। वाहन व मशीनरी के प्रयोग में सावधानी रखें। हंसी-मजाक में हल्कापन न हो, ध्यान रखें। कीमती वस्तुएं इधर-उधर हो सकती हैं, संभालकर रखें। व्यापार-व्यवसाय ठीक चलेगा। आय में निश्चितता रहेगी।


🦂वृश्चिक

धर्म-कर्म में रुचि रहेगी। कोर्ट व कचहरी के काम मनोनुकूल लाभ देंगे। किसी बड़े काम की रुकावट दूर होगी। लाभ के अवसर हाथ आएंगे। व्यापार-व्यवसाय लाभदायक रहेगा। पारिवारिक सहयोग प्राप्त होगा। घर-बाहर प्रसन्नता रहेगी। दूसरों के कार्य में हस्तक्षेप न करें।


🏹धनु

नई योजना बनेगी। कार्यप्रणाली में सुधार होगा। मान-सम्मान मिलेगा। आय के नए स्रोत प्राप्त हो सकते हैं। व्यापार-व्यवसाय में मनोनुकूल लाभ होगा। शेयर मार्केट व म्युचुअल फंड इत्यादि से लाभ होगा। प्रेम-प्रसंग में जल्दबाजी न करें। थकान रहेगी। किसी कार्य की चिंता रहेगी।


🐊मकर

बकाया वसूली के प्रयास सफल रहेंगे। व्यावसायिक यात्रा सफल रहेगी। लाभ के अवसर हाथ आएंगे। व्यापार-व्यवसाय लाभदायक रहेगा। नौकरी में अनुकूलता रहेगी। भाग्य का साथ मिलेगा। कोई बड़ा काम करने की इच्‍छा जागृत होगी। चिंता तथा तनाव बने रहेंगे। प्रमाद न करें।


🍯कुंभ

स्थायी संपत्ति के कार्य बड़ा लाभ दे सकते हैं। रोजगार में वृद्धि होगी। आय के नए साधन प्राप्त हो सकते हैं। भाग्योन्नति के प्रयास सफल रहेंगे। जीवन सुखमय व्यतीत होगा। घर-बाहर प्रसन्नता रहेगी। स्वास्थ्य में राहत मिलेगी। चिंता दूर होगी। नौकरी में रुतबा बढ़ेगा।


🐟मीन

धनहानि की आशंका है। लेन-देन में जल्दबाजी न करें। थकान व कमजोरी रह सकती है। व्यापार व व्यवसाय ठीक चलेगा। नौकरी में चैन रहेगा। यात्रा मनोरंजक रहेगी। प्रेम-प्रसंग में अनुकूलता रहेगी। राजकीय बाधा दूर होकर स्थिति अनुकूल बनेगी। घर-बाहर प्रसन्नता रहेगी।


🙏आपका दिन मंगलमय हो🙏

🌺🌺🌺🌺🙏🌺🌺🌺🌺

*आचार्य  पवन  पाराशर (वृन्दावन)*

 चैत्र की प्रतिपदा को हिंदू धर्म का नया वर्ष शुरू होता है जिसे हम नव संवत्सर भी कहते हैं  आज 30 मार्च 2025 से चैत्र शुक्ल प्रतिपदा के साथ न केवल नव संवत्सर 2082 की शुरुआत होगी, बल्कि नवरात्रि की शुभ घड़ियां भी शुरू हो जाएंगी। इस वर्ष का संवत्सर "कालयुक्त" नाम से जाना जाएगा, जो ज्योतिषीय दृष्टि से काफी उग्र और प्रभावशाली माना जा रहा है।

.First navratri 2025 march 30
चैत्र नवरात्रि में  कलश स्थापना ऐसे करें--

ऐसे करें पूजन-अर्चन

शास्त्रौ के अनुसार, नवरात्रि का पर्व आरंभ करने के लिए मिट्टी की वेदी बनाकर उसमें जौ और गेंहू मिलाकर बोएं। उस पर विधि पूर्वक कलश स्थापित करें। कलश पर देवी जी मूर्ति (धातु या मिट्टी) अथवा चित्रपट स्थापित करें। नित्यकर्म समाप्त कर पूजा सामग्री एकत्रित कर पवित्र आसन पर पूर्व या उत्तर की ओर मुख करके बैठें तथा आचमन, प्राणायाम, आसन शुद्धि करके शांति मंत्र का पाठ कर संकल्प करें। रक्षादीपक जला लें।

गणेश-अंबिका, कलश (वरुण), मातृका पूजन, नवग्रहों तथा लेखपालों का पूजन करें। प्रधान देवता-महाकाली, महालक्ष्मी, महासरस्वती-स्वरूपिणी भगवती दुर्गा का प्रतिष्ठापूर्वक ध्यान, आह्वान, आसन, पाद्य, अर्घ्य, आचमन, स्नान, वस्त्र, गन्ध, अक्षत, पुष्प, पत्र, सौभाग्य द्रव्य, धूप-दीप, नैवेद्य, ऋतुफल, ताम्बूल, निराजन, पुष्पांजलि, प्रदक्षिणा आदि षोडशोपचार से विधिपूर्वक श्रद्धा भाव से एकाग्रचित होकर पूजन करें।

आज ही ग्रीष्मकालीन नवरात्रों का प्रारंभ होता है प्रथम दिन

शैलपुत्री देवी दुर्गाके नौ रूप में पहले स्वरूप में जानी जाती हैं। ये ही नवदुर्गाओं में प्रथम दुर्गा हैं। पर्वतराज हिमालय के घर पुत्री रूप में उत्पन्न होने के कारण इनका नाम 'शैलपुत्री' पड़ा।

 नवरात्र-पूजन में प्रथम दिवस इन्हीं की पूजा और उपासना की जाती है। इस प्रथम दिन की उपासना में योगी अपने मन को 'मूलाधार' चक्र में स्थित करते हैं। यहीं से उनकी योग साधना का प्रारंभ होता है।


वन्दे वंछितलाभाय चन्द्रार्धकृतशेखराम् | 

वृषारूढाम् शूलधरां शैलपुत्रीं यशस्विनीम् ||



वृषभ-स्थिता इन माता के दाहिने हाथ में त्रिशूल और बाएँ हाथ में कमल-पुष्प सुशोभित है। अपने पूर्व जन्म में ये प्रजापति दक्ष की कन्या के रूप में उत्पन्न हुई थीं, तब इनका नाम 'सती' था। इनका विवाह भगवान शंकरजी से हुआ था।


एक बार प्रजापति दक्ष ने एक बहुत बड़ा यज्ञ किया। इसमें उन्होंने सारे देवताओं को अपना-अपना यज्ञ-भाग प्राप्त करने के लिए निमंत्रित किया, किन्तु शंकरजी को उन्होंने इस यज्ञ में निमंत्रित नहीं किया। सती ने जब सुना कि उनके पिता एक अत्यंत विशाल यज्ञ का अनुष्ठान कर रहे हैं, तब वहाँ जाने के लिए उनका मन विकल हो उठा।

अपनी यह इच्छा उन्होंने शंकरजी को बताई। सारी बातों पर विचार करने के बाद उन्होंने कहा- प्रजापति दक्ष किसी कारणवश हमसे रुष्ट हैं। अपने यज्ञ में उन्होंने सारे देवताओं को निमंत्रित किया है। उनके यज्ञ-भाग भी उन्हें समर्पित किए हैं, किन्तु हमें जान-बूझकर नहीं बुलाया है। कोई सूचना तक नहीं भेजी है। ऐसी स्थिति में तुम्हारा वहाँ जाना किसी प्रकार भी श्रेयस्कर नहीं होगा।'

शंकरजी के इस उपदेश से सती का प्रबोध नहीं हुआ। पिता का यज्ञ देखने, वहाँ जाकर माता और बहनों से मिलने की उनकी व्यग्रता किसी प्रकार भी कम न हो सकी। उनका प्रबल आग्रह देखकर भगवान शंकरजी ने उन्हें वहाँ जाने की अनुमति दे दी।

सती ने पिता के घर पहुँचकर देखा कि कोई भी उनसे आदर और प्रेम के साथ बातचीत नहीं कर रहा है। सारे लोग मुँह फेरे हुए हैं। केवल उनकी माता ने स्नेह से उन्हें गले लगाया। बहनों की बातों में व्यंग्य और उपहास के भाव भरे हुए थे।

परिजनों के इस व्यवहार से उनके मन को बहुत क्लेश पहुँचा। उन्होंने यह भी देखा कि वहाँ चतुर्दिक भगवान शंकरजी के प्रति तिरस्कार का भाव भरा हुआ है। दक्ष ने उनके प्रति कुछ अपमानजनक वचन भी कहे। यह सब देखकर सती का हृदय क्षोभ, ग्लानि और क्रोध से संतप्त हो उठा। उन्होंने सोचा भगवान शंकरजी की बात न मान, यहाँ आकर मैंने बहुत बड़ी गलती की है।

वे अपने पति भगवान शंकर के इस अपमान को सह न सकीं। उन्होंने अपने उस रूप को तत्क्षण वहीं योगाग्नि द्वारा जलाकर भस्म कर दिया। वज्रपात के समान इस दारुण-दुःखद घटना को सुनकर शंकरजी ने क्रुद्ध होअपने गणों को भेजकर दक्ष के उस यज्ञ का पूर्णतः विध्वंस करा दिया।

सती ने योगाग्नि द्वारा अपने शरीर को भस्म कर अगले जन्म में शैलराज हिमालय की पुत्री के रूप में जन्म लिया। इस बार वे 'शैलपुत्री' नाम से विख्यात हुर्ईं। पार्वती, हैमवती भी उन्हीं के नाम हैं। उपनिषद् की एक कथा के अनुसार इन्हीं ने हैमवती स्वरूप से देवताओं का गर्व-भंजन किया था।


'शैलपुत्री' देवी का विवाह भी शंकरजी से ही हुआ। पूर्वजन्म की भाँति इस जन्म में भी वे शिवजी की ही अर्द्धांगिनी बनीं। नवदुर्गाओं में प्रथम शैलपुत्री दुर्गा का महत्व और शक्तियाँ अनंत हैं।




 देहरादून:

  वन विभाग, उत्तराखण्ड द्वारा वनाग्नि प्रबन्धन, अनुश्रवण हेतु

Uttarakhand forest fire alert on 15th position

मुख्यालय स्तर पर Integrated Command & Control Centre (ICCC) स्थापित करने के साथ-साथ राज्य में सूचना, चेतावनी एवं प्रबन्धन प्रणाली को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से Forest Fire Uttarakhand Mobile App विकसित किया गया है।


 1.मोबाईल एप का उपयोग विभागीय कार्मिकों के साथ-साथ विभिन्न स्वयं सहायता समूहों, महिला / युवा मंगल दलों, वनाग्नि प्रबन्धन समितियों, द हंस फाउन्डेशन के Volunteers, वन पंचायतों के सरपंचों एवं ग्राम प्रधानों / सदस्यों द्वारा भी किया जायेगा ।


2. इस स्थापित ICCC से राज्य में मानव वन्यजीव संघर्ष, वनाग्नि, अवैध पातन, अतिक्रमण, अवैध शिकार इत्यादि से सम्बन्धित शिकायतों हेतु Integrated Helpline Number 1926 भी संचालित किया गया है। 


Forest Fire Uttarakhand Mobile App एवं Integrated Helpline Number 1926 के समुचित उपयोग हेतु डॉ० धनंजय मोहन, प्रमुख वन संरक्षक (HoFF), उत्तराखण्ड एवं श्री निशान्त वर्मा, अपर प्रमुख वन संरक्षक, वनाग्नि एवं आपदा प्रबन्धन, उत्तराखण्ड द्वारा समय-समय पर समस्त प्रभागीय वनाधिकारी / उप-निदेशक को दिशा-निर्देश जारी किये गये है।

3. प्रमुख वन संरक्षक (HoFF), उत्तराखण्ड द्वारा वनाग्नि सत्र - 2025 में वनाग्नि के दृष्टिगत अतिसंवदेनशील जनपदों में वनाग्नि घटनाओं के प्रभावी नियंत्रण, जिला स्तर पर आवश्यकतानुसार उपलब्ध संसाधनों एवं अन्य रेखीय विभागों से समन्वय को सुदृढ़ करने हेतु वन विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों को जनपद स्तरीय नोडल अधिकारी के रूप में नामित किया गया है। नामित नोडल अधिकारियों द्वारा समय-समय पर वनाग्नि प्रबन्धन/नियंत्रण में की जा रही कार्यवाही हेतु फील्ड निरीक्षण करते हुए यथोचित कार्यवाही सुनिश्चित की जा रही है।

4. एफ. एस.आई. द्वारा विगत 3 वर्षों में प्राप्त फायरअलर्ट का डाटा के अध्ययन में यह पाया गया है कि विगत 3 वर्षों में इस वर्ष सबसे कम फायर अलर्ट प्राप्त हुए है।25001500NRT Alerts (Source: FSI)30841347100001.11.2022-20.03.202301.11.2023-20.03.202401.11.202420.03.2025

5. इसके साथ ही देश के अन्तर्गत समस्त राज्यों की 01 नवम्बर, 2024 से 26 मार्च, 2025 में एफ. एस. आई. द्वारा Near Real Time फायर अलर्ट की सूची में उत्तराखण्ड राज्य 15वे स्थान पर है।

6. आड़ा फुकान आदि के लिए विभिन्न प्रभागों के अन्तर्गत 'ओण दिवस' मनाये जाने की कार्यवाही की जा रही है। शीतलाखेत (अल्मोड़ा) - 01 अप्रैल तथा अडवानी (पौड़ी ) - 26 मार्च, 2025


7. वनाग्नि नियंत्रण / प्रबन्धन में सामुदायिक सहभागिता को बढ़ाने के लिए वन विभाग, उत्तराखण्ड द्वारा अल्मोड़ा वन प्रभाग के अन्तर्गत शीतलाखेत मॉडल को प्रदेश के सभी प्रभागों में replicate करने हेतु फील्ड कार्मिक/SHGs/वनाग्नि प्रबन्धन समितियों की exposure visits कराई जा रही है। वर्तमान तक 15 वन प्रभागों की 20 टीमों को exposure visits कराई गयी है, जिसमें कुल 970 कार्मिक / वन पंचायत सरपंच आदि उपस्थित रहें 

8. राज्य में वनाग्नि नियंत्रण हेतु चीड़ पिरूल एकत्रीकरण कार्य से स्थानीय जनता को सीधे जोड़ने तथा आजीविका में वृद्धि किये जाने के दृष्टिगत शासन द्वारा पूर्व निर्धारित दर रू.3/- प्रति कि.ग्रा. को संशोधित करते हुए चीड़ पिरूल एकत्रीकरण हेतु रू. 10/- प्रति कि०ग्रा० की स्वीकृति प्रदान की गयी है।

9. प्रदेश के अन्तर्गत वर्तमान में स्थापित 05 पैलेट्स / ब्रिकेट्स यूनिटों को प्रोत्साहित करने हेतु सम्बन्धित प्रभागीय वनाधिकारियों को निर्देशित किया गया है। इसके अतिरिक्त 07 नई यूनिटों (03 अल्मोड़ा, 02 चम्पावत, 01 गढ़वाल व 01 नरेन्द्रनगर) स्थापना हेतु सम्बन्धित प्रभागीय वनाधिकारियों द्वारा उद्यमियों को चिन्हित कर स्थापित करने की कार्यवाही गतिमान है। वर्तमान में अल्मोड़ा जनपद में 03 तथा चम्पावत जनपद में 01 नई यूनिट स्थापना हेतु MoU किया गया है।

10. वनाग्नि घटनाओं के दृष्टिगत प्रदेश के अति संवेदनशील / संवेदनशील वन क्षेत्रों में मौसम पूर्वानुमान केन्द्रों की स्थापना हेतु मौसम विज्ञान विभाग के साथ MoU निस्पादित किया गया है।

 कूटनीति का प्रभाव: मोदी सरकार ने विदेश में रह रहे लगभग 10,000 भारतीयों को कैसे मुक्त करवाया 


Due diplomacy of PM Modi approx 10 thousand Indians free


 मोदी सरकार के सकारात्मक और निरंतर कूटनीतिक प्रयासों ने पिछले एक दशक में विभिन्न देशों में हजारों भारतीय नागरिकों की रिहाई और माफी को आसान बनाया है। इसका सबसे ताजा उदाहरण संयुक्त अरब अमीरात द्वारा 500 भारतीय कैदियों को माफ करना है, जो भारत और खाड़ी देश के बीच मजबूत द्विपक्षीय संबंधों को दर्शाता है। 2014 से प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व ने कूटनीतिक वार्ता और उच्च-स्तरीय हस्तक्षेप के माध्यम से विदेशों में कैद लगभग 10,000 भारतीयों की सुरक्षित वापसी सुनिश्चित करके विदेश में भारतीय नागरिकों के कल्याण को प्राथमिकता दी है। राजनयिक प्रयासों के कारण भारतीय नागरिकों की रिहाई के प्रमुख उदाहरण: • संयुक्त अरब अमीरात द्वारा 2,783 भारतीय कैदियों को क्षमादान: ◦ 2025: रमजान 2025 से पहले, 500 से अधिक भारतीय कैदियों को क्षमादान दिया गया।1 ◦ 2024: ईद अल फितर और संयुक्त अरब अमीरात के राष्ट्रीय दिवस से पहले, 944 भारतीय कैदियों को क्षमादान मिला। ◦ 2023: 2023 में संयुक्त अरब अमीरात अधिकारियों द्वारा 700 से अधिक भारतीय कैदियों को क्षमादान दिया गया। ◦ 2022: कुल 639 भारतीय कैदियों को क्षमादान दिया गया। • सऊदी अरब द्वारा भारतीय नागरिकों की रिहाई:   ◦ 2019: क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान ने भारत की अपनी यात्रा के दौरान 850 भारतीय कैदियों की रिहाई का आदेश दिया, जो एक महत्वपूर्ण कूटनीतिक सफलता थी।2 • कतर द्वारा भारतीय नौसेना के दिग्गजों की रिहाई: ◦ 2023: कतर में भारतीय नौसेना के आठ सदस्यों को मौत की सजा सुनाई गई। भारत सरकार के कूटनीतिक हस्तक्षेप के कारण उनकी सजा कम कर दी गई, जिसके बाद उनमें से अधिकांश को रिहा

 मुख्यमंत्री ने दी प्रदेशवासियों को नव संवत्सर तथा चैत्र नवरात्रि की शुभकामनाएं।


CM Dhami participated in multipurpose camp in dehradun survey stadium


मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रदेशवासियों को नव संवत्सर के साथ ही चैत्र नवरात्रि की शुभकामनाएं दी है। चैत्र नवरात्रि को शक्ति की उपासना का पर्व बताते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि यह पर्व भारतीय संस्कृति की महान परंपरा का प्रतीक है। नवरात्र का यह पर्व समाज में नारी के महत्व और सामर्थ्य को दर्शाता है। इस अवसर पर किया जाने वाला कन्या पूजन नारी शक्ति के महत्व का प्रतीक है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने सभी से नारियों के सम्मान की भी अपील की है।

मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को सर्वे स्टेडियम, देहरादून में राज्य सरकार के सेवा, सुशासन और विकास के तीन साल पूर्ण होने के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में प्रतिभाग किया। 


इस अवसर पर उन्होंने जन समस्याओं के समाधान के लिए लगाए गए बहुउद्देशीय शिविर का  अवलोकन किया। इससे पहले मुख्यमंत्री ने हाथीबड़कला से सर्वे स्टेडियम तक भव्य रोड शो में प्रतिभाग किया। कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि राज्य स्थापना वर्ष के 25 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में राज्य के शहरों में देवभूमि सिल्वर जुबली पार्क का निर्माण किया जायेगा। इस अवसर पर उन्होंने ग्राम्य विकास विभाग की स्वयं सहायता समूह को क्रेडिट कार्ड लिंकेज के चेक, लाभार्थियों को महालक्ष्मी किट और कृषि यंत्र भी वितरित किए। 


मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा प्रदेश के समग्र विकास के लिए हर क्षेत्र में तेजी से कार्य किये जा रहे है। प्रदेश में शहरों से लेकर सुदूर गांवों तक सड़कों का जाल बिछाया जा रहा है, वहीं ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल लाइन का कार्य पूर्ण कर जल्द ही पहाड़ों में रेल का सपना साकार करने की दिशा में भी तेजी से कार्य किया जा रहा है। इसके साथ ही, उड़ान योजना के माध्यम से देहरादून, अल्मोड़ा, उत्तराकाशी, गौचर और पिथौरागढ़ सहित प्रदेश के लगभग 12 नगरों के लिए हेली सेवाएँ प्रारंभ होने से राज्य की एयर कनेक्टिविटी मजबूत हुई।


मुख्यमंत्री ने कहा कि दिल्ली देहरादून एक्सप्रेसवे का कार्य तेजी से पूर्ण किया जा रहा है। साथ ही देहरादून में रिस्पना और बिंदाल नदी के ऊपर फोरलेन एलिवेटेड रोड का निर्माण करने की योजना भी तैयार की जा रही है।  देहरादून में 1400 करोड़ रुपये की लागत से विभिन्न परियोजनाओं पर कार्य कर रहे हैं। शहर में स्मार्ट स्कूलों की स्थापना करने के साथ ही लैंसडाउन चौक पर 650 पाठकों की क्षमता वाली अत्याधुनिक लाइब्रेरी का निर्माण किया गया है। एक ओर जहां, शहर में पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए 30 इलेक्ट्रिक बसों का संचालन किया जा रहा है, वहीं निजी इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए 11 स्थानों पर चार्जिंग स्टेशनों का निर्माण भी किया जा रहा है।


इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने कहा कि आमजन के हित में सरकार के लिए गए फैसले देश में नजीर बन गए हैं। उन्होंने बताया कि  पिछले तीन वर्षों में अनेकों जन कल्याणकारी योजनाओं को लागू करने के साथ ही इन योजनाओं को प्रदेश के अंतिम छोर पर खड़े व्यक्ति तक पहुंचाने का संकल्प लेकर कार्य किया है। इस संकल्प को पूरा करने के लिए विभिन्न जागरुकता अभियान चलाने के साथ ही हमने लगभग सभी योजनाओं की आवेदन प्रक्रिया को ऑनलाइन किया है। साथ ही यह सुनिश्चित करने का प्रय़ास किया है कि प्रदेश वासियों को घर बैठे ही जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ मिल सके।


गौरतलब है कि सरकार के तीन वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में देहरादून के साथ ही पूरे प्रदेश में जनपद, विधानसभा और ब्लॉक स्तर पर बहुउद्देशीय शिविर आयोजित किए जा रहे हैं। इन शिविरों में, एक ही स्थान पर लोगों को विभिन्न योजनाओं की जानकारी देने के साथ-साथ मौके पर ही आवेदन और निस्तारण आदि की प्रक्रिया पूरी की जा रही है।


इस अवसर पर मेयर देहरादून श्री सौरभ थपलियाल, दर्जधारी राज्य मंत्री डॉ. देवेंद्र भसीन, श्री कैलाश पंत, अध्यक्ष नगर पालिका परिषद मसूरी श्रीमती मीरा सकलानी, भाजपा के महानगर अध्यक्ष श्री सिद्धार्थ अग्रवाल, भाजपा युवा मोर्चा की राष्ट्रीय उपाध्यक्ष श्रीमती नेहा जोशी एवं अन्य जनप्रतिनिधि उपस्थित थे।


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