नरेंद्र नगर
वाचस्पति रयाल
सुप्रसिद्ध सिद्ध पीठ श्री कुंजापुरी पर्यटन एवं विकास मेले की प्रथम सांस्कृतिक संध्या ढोल सागर के पारखी व प्रसिद्ध लोक गायक जागर सम्राट प्रीतम भरतवाण के नाम रही।
वहीं हरियाणा के विश्वास चौहान ने व्यंगात्मक चुटकुले दिल्ली के सुक्खा सिंह उर्फ सुखविंदर सिंह मान ने पंजाबी तथा हरियाणवी लोक नृत्य से दर्शकों को देर तक गुदगुदाया।
मां दुर्गा स्तुति"शुभ संध्या का पर्व जाग"से शुरू हुई जागर सम्राट प्रीतम भरतवाण की सांस्कृतिक लोक नृत्यों व युगल गीतों में साथ देने वाली गायिका मंजू सुंद्रियाल का जादू आज दर्शकों के सर चढ़कर बोला।
लगभग एक दर्जन से अधिक गीतों में"शिव जी कैलाश रंदन"लोक नृत्य ने ऐसा समा बांधा कि पांडा में युवा झूमने को मजबूर हो गए। प्रीतम भरतवाण के के गीत मोहन तेरी मुरुली बाजे, सरूली, नौछमी नारैण,मिजाजी हौंसिया,नारैणी,मिजाज्या मेरी, आदि गढ़वाली लोक गीतों के मृत्यु नहीं दर्शकों को देर रात तक पांडाल में बांधे रखा। गाय का मंजू सुंद्रियाल ने खुलीगे होली जुन्याली रात,मोरी रक्ख्या खोली, गाकर दर्शकों को खूब गुदगुदाया। संचालन अनिल गोदियाल ने किया।
हरियाणा से आये व्यंग हास्य कलाकार विश्वास चौहान व दिल्ली के डांसर सुखा सिंह के नृत्य व पंजाबी गीतों का दर्शकों ने खूब आनंद उठाया।
प्रदेश के कृषि उद्यान मंत्री तथा मेला के मुख्य संरक्षक सुबोध उनियाल और मेला सचिव उप जिलाधिकारी लक्ष्मी राज चौहान देर रात तक कार्यक्रमों को देखने पांडाल में जमे रहे। संचालन दिल्ली से आई नीतू गोस्वामी ने किया।
.png)

एक टिप्पणी भेजें