Halloween party ideas 2015


*समानता और न्याय की दिशा में एतिहासिक कदम का 01 साल पूरा, 

*यूसीसी दिवस का भव्य उत्सवः देहरादून में राज्य स्तरीय कार्यक्रम, मुख्यमंत्री करेंगे शिरकत,*

*सेवा, समपर्ण और उत्कृष्टता का सम्मान, यूसीसी दिवस पर अनेक होंगे सम्मानित,*

*यूसीसी दिवस की तैयारियों को लेकर सीडीओ ने ली वर्चुअल समीक्षा बैठक, नोडल अधिकारियों को दिए निर्देश*

देहरादून:



उत्तराखंड में समान नागरिक संहिता (यूसीसी) लागू हुए एक वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में आगामी 27 जनवरी 2026 को ‘समान नागरिक संहिता दिवस’ के रूप में मनाया जाएगा। इस अवसर पर संस्कृति विभाग के प्रेक्षागृह (ऑडिटोरियम), नीबूंवाला, देहरादून में एक भव्य राज्य स्तरीय कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा, जिसमें मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी प्रतिभाग करेंगे।


यूसीसी दिवस की तैयारियों को लेकर मंगलवार को मुख्य विकास अधिकारी श्री अभिनव शाह ने वर्चुअल माध्यम से विभिन्न विभागों के नोडल अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि कार्यक्रम की सभी व्यवस्थाएं समयबद्ध, सुव्यवस्थित एवं गरिमापूर्ण ढंग से सुनिश्चित की जाएं।


कार्यक्रम के दौरान राज्य स्तर पर उत्कृष्ट कार्य करने वाले अधिकारियों, कर्मचारियों एवं गणमान्य नागरिकों को सम्मानित किया जाएगा। साथ ही कार्यक्रम को अधिक रोचक एवं सहभागितापूर्ण बनाने के उद्देश्य से ऑन-द-स्पॉट क्विज प्रतियोगिता का आयोजन भी किया जाएगा।


मुख्य विकास अधिकारी ने संयुक्त निदेशक, उच्च शिक्षा को निर्देश दिए कि विभिन्न विश्वविद्यालयों में विधि (कानून) की पढ़ाई कर रहे छात्रों की कार्यक्रम में सहभागिता सुनिश्चित की जाए। वहीं शिक्षा अधिकारी को यूसीसी दिवस के परिप्रेक्ष्य में विद्यालयों में निबंध, वाद-विवाद एवं चित्रकला प्रतियोगिताएं आयोजित कराने तथा विजेता विद्यार्थियों को कार्यक्रम स्थल तक लाने-ले जाने की समुचित व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए।


इसके अतिरिक्त कार्यक्रम में बार काउंसिलिंग एवं स्थानीय बार एसोसिएशन के प्रमुख पदाधिकारियों को भी आमंत्रित किया जाएगा।


लोक निर्माण विभाग को मंच, हॉल, साउंड सिस्टम, एलईडी स्क्रीन एवं टेंटेज की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। पुलिस अधीक्षक को सुरक्षा, यातायात एवं वाहन पार्किंग व्यवस्था सुदृढ़ रखने को कहा गया है। वहीं परियोजना निदेशक को आमंत्रित अतिथियों को समय से निमंत्रण पत्र वितरित करने के निर्देश दिए गए।


कार्यक्रम के सफल आयोजन हेतु सूक्ष्म जलपान, पेयजल, विद्युत, परिवहन एवं स्वास्थ्य सेवाओं सहित सभी आवश्यक व्यवस्थाओं के लिए संबंधित नोडल अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं।


समान नागरिक संहिता दिवस का यह राज्य स्तरीय आयोजन उत्तराखंड की ऐतिहासिक पहल को जन-जन तक पहुंचाने एवं सामाजिक समरसता के संदेश को सशक्त करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम होगा।




*होमगार्ड्स एवं नागरिक सुरक्षा विभाग में वर्दी सामग्री खरीद से जुड़ा घोटाला*

*भ्रष्टाचार पर CM धामी की जीरो टॉलरेंस ऑन करप्शन की नीति*

*भ्रष्टाचार के मामले में सीएम धामी ने फिर की उच्च स्तरीय अधिकारी पर कार्रवाई


CM Dhami suspended DIG , vardi scam


मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने होमगार्ड्स एवं नागरिक सुरक्षा विभाग में वर्दी सामग्री खरीद से जुड़े घोटाले में संलिप्त पाए जाने पर निदेशक होमगार्ड (डिप्टी कमांडेंट) अमिताभ श्रीवास्तव को तत्काल प्रभाव से निलंबित करते हुए मामले की जांच के लिए संयुक्त जांच समिति गठित करने के निर्देश दिए हैं। 


प्रकरण वित्तीय वर्ष 2024-25 और 2025-26 के दौरान होमगार्ड्स के लिए वर्दी सामग्री की खरीद प्रक्रिया से जुड़ा है, जिसमें टेंडर प्रक्रिया में वित्तीय अनियमितताओं के आरोप सामने आए थे। महानिदेशक, होमगार्ड्स एवं नागरिक सुरक्षा, देहरादून की ओर से शासन को भेजी गई रिपोर्ट में टेंडर प्रक्रिया में पारदर्शिता के अभाव और नियमों के उल्लंघन की बात सामने आई। 


महादिनदेशक की संतुति पर सीएम धामी ने डिप्टी कमांडेंट को तत्काल प्रभाव से निलंबित करते हुए संयुक्त जांच समिति गठित करने  के निर्देश दिए हैं।  


मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि राज्य सरकार भ्रष्टाचार के प्रति जीरो टॉलरेंस की नीति पर काम कर रही है और किसी भी स्तर पर अनियमितता या भ्रष्ट आचरण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि दोषी पाए जाने वाले किसी भी अधिकारी या कर्मचारी के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

 आज का राशिफल

दिनाँक - 24 जनवरी,2026

दिन शनिवार


rashifal today 24 jan 2026


मेष

अ, आ, चू, चे, चो, ला, ली, लू, ले, लो

कम प्रयास से काम बनेंगे। धनार्जन होगा। प्रतिष्ठा बढ़ेगी। स्वास्थ्य कमजोर रहेगा। व्यवसाय ठीक चलेगा। स्वास्थ्य का ध्यान रखना होगा। परिवार से संबंध घनिष्ठ होंगे। नए संबंधों के प्रति सतर्क रहें। भूल करने से विरोधी बढ़ेंगे। रुके धन की प्राप्ति में अड़चनें आएंगी।

वृषभ

ई, ऊ, ए, ओ, वा, वी, वू, वे, वो

मेहमानों का आगमन होगा। शुभ समाचार प्राप्त होंगे। आत्मसम्मान बढ़ेगा। वाणी पर नियंत्रण रखें। व्यापार में परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है। अपने काम से काम रखें। दूसरों के विश्वास में न आएं। परिवार में तनावपूर्ण माहौल रह सकता है।


मिथुन

का, की, कू, घ, ङ, छ, के, को, ह

लेन-देन में सावधानी रखें। रोजगार मिलेगा। व्यावसायिक यात्रा सफल रहेगी। अचानक लाभ होगा। धन संबंधी कार्यों में विलंब से चिंता हो सकती है। लाभदायक समाचार मिलेंगे। कार्य के विस्तार की योजना बनेगी। संत-समागम होगा।


कर्क

ही, हू, हे, हो, डा, डी, डू, डे, डो

चोट व रोग से हानि संभव है। कुसंगति से हानि होगी। विवाद न करें। फालतू खर्च बढ़ेंगे। आवास संबंधी समस्या का समाधान संभव है। आवेश में कोई कार्य नहीं करें। सामाजिक एवं राजकीय ख्याति में अभिवृद्धि होगी। व्यापार अच्छा रहेगा।

सिंह

मा, मी, मू, मे, मो, टा, टी, टू, टे

शारीरिक कष्ट संभव है। लेन-देन में सावधानी रखें। सुख के साधन जुटेंगे। रुका हुआ धन मिलेगा। अधूरे काम समय पर सफलता से होने पर उत्साह बढ़ेगा। वाहन चलाते समय सावधानी रखें। व्यापार के कार्य से बाहर जाना पड़ सकता है।


कन्या

ढो, पा, पी, पू, ष, ण, ठ, पे, पो

दुष्टजन हानि पहुंचा सकते हैं। नई योजना बनेगी। कार्यप्रणाली में सुधार होगा। आय बढ़ेगी। भोग-विलास में रुचि बढ़ेगी। जीवनसाथी से संबंधों में प्रगाढ़ता आएगी। स्थायी संपत्ति के मामले उलझेंगे। कार्य में मित्रों की मदद मिलेगी। आर्थिक मनोबल बढ़ेगा।

राशि फलादेश

तुला

रा, री, रू, रे, रो, ता, ती, तू, ते

कोर्ट व कचहरी में अनुकूलता रहेगी। पूजा-पाठ में मन लगेगा। व्यवसाय ठीक चलेगा। थकान रहेगी। परिवार एवं समाज में आपके कामों को महत्व एवं सम्मान प्राप्त हो सकेगा। वाणी पर संयम आवश्यक है। व्यापार-व्यवसाय में लाभ होगा।

वृश्चिक

तो, ना, नी, नू, ने, नो, या, यी, यू

चोरी, चोट व विवाद आदि से हानि संभव है। जोखिम व जमानत के कार्य टालें। धनार्जन होगा। भागदौड़, बाधाओं व सतर्कता के बाद सफलता मिलेगी। पारिवारिक सुख, संतोष बढ़ेगा। उपहार मिलने के योग हैं। अधिक व्यय न करें। खर्चों में कमी करें।

धनु

ये, यो, भा, भी, भू, धा, फा, ढा, भे

पुराना रोग उभर सकता है। बेचैनी रहेगी। जीवनसाथी से सहयोग मिलेगा। कानूनी बाधा दूर होगी। रुका धन मिलने से धन संग्रह होगा। कार्य में भागीदार सहयोग करेंगे। विकास की योजनाएं बनेंगी। दांपत्य जीवन में गलतफहमी आ सकती है।


मकर

भो, जा, जी, खी, खू, खे, खो, गा, गी

घर-परिवार की चिंता रहेगी। भूमि व भवन संबंधी योजना बनेगी। बेरोजगारी दूर होगी। आपका सामाजिक क्षेत्र बढ़ेगा। लाभदायक सौदे होंगे। विपरीत परिस्थितियों का सफलता से सामना कर सकेंगे। जीवनसाथी से आर्थिक मतभेद हो सकते हैं।

कुंभ

गू, गे, गो, सा, सी, सू, से, सो, दा

शत्रु परास्त होंगे। पार्टी व पिकनिक का आनंद मिलेगा। विद्यार्थी वर्ग सफलता हासिल करेगा। धार्मिक कार्यों में रुचि बढ़ेगी। किसी नए कार्य में भाग लेने के योग हैं। विद्वानों के साथ रहने का अवसर मिलेगा। व्यापार में भागीदार सहयोग करेंगे।

मीन

दी, दू, थ, झ, ञ, दे, दो, चा, ची

घर-परिवार की चिंता रहेगी। विवाद को बढ़ावा न दें। स्वास्थ्य कमजोर रहेगा। जोखिम न लें। अचानक यात्रा के भी अच्छे फल मिलेंगे। आमदनी में वृद्धि होगी। प्रसिद्धि एवं सम्मान में इजाफा होगा। नौकरी में उन्नति के योग हैं

 देहरादून:

rishikesh doiwala bye pass railway line


मुख्य सचिव श्री आनन्द बर्द्धन की अध्यक्षता में मण्डल रेल प्रबन्धक, उत्तर रेलवे मुरादाबाद श्रीमती विनीता श्रीवास्तव के साथ मुख्य सचिव कार्यालय में बैठक सम्पन्न हुयी। बैठक के दौरान उत्तर रेलवे से सम्बन्धित प्रकरणों एवं परियोजनाओं के सम्बन्ध में विस्तार से चर्चा हुयी। 

मुख्य सचिव ने ऋषिकेश- डोईवाला बाईपास रेलवे लाईन परियोजना के तहत् जिलाधिकारी देहरादून को राजाजी नेशनल पार्क एवं वन विभाग की 3.62 हेक्टेयर वन भूमि को लेकर रेलवे, मुख्य वन्यजीव वार्डन और राजाजी नेशनल पार्क के साथ मिलकर संयुक्त सर्वेक्षण कराते हुए निरीक्षण आख्या शासन को उपलब्ध कराए जाने के निर्देश दिए हैं।

मुख्य सचिव ने देहरादून- मोहण्ड- सहारनपुर टनल आधारित रेलवे लाईन परियोजना के सम्बन्ध में परियोजना का फाईनल लोकेशन सर्वे कराते हुए अद्यतन स्थिति से शीघ्र अवगत कराए जाने के निर्देश दिए। उन्होंने रेलवे को हर्रावाला रेलवे स्टेशन विस्तारीकरण का मास्टर प्लान को भी शासन से साझा किए जाने की बात कही। कहा कि रेलवे और जिला प्रशासन संयुक्त सर्वे करते हुए शीघ्र ही निरीक्षण आख्या शासन को उपलब्ध कराए।

मुख्य सचिव ने कुम्भ मेला - 2027 के दौरान यातायात व्यवस्था दुरूस्त रखने एवं श्रद्धालुओं को सुगम यात्रा उपलब्ध कराने के दृष्टिगत रेलवे अधिकारियों को जिलाधिकारी हरिद्वार, एसएसपी हरिद्वार, मेलाधिकारी एवं राजकीय रेलवे पुलिस (जीआरपी) को मिलकर संयुक्त रूप से ट्रैफिक प्लान तैयार किए जाने के निर्देश दिए। उन्होंने रेलवे सुरंग हरिद्वार के पास ढलान स्थिरीकरण (slop stabilization) कार्य को शीघ्र कराते हुए कृत कार्यवाही की आख्या शासन को भी उपलब्ध कराए जाने की बात कही।


इस अवसर पर सचिव परिवहन श्री बृजेश कुमार संत, अपर सचिव श्रीमती रीना जोशी सहित रेलवे के अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने चिन्तन शिविर एवं डॉयलाग ऑन विजन 2047 में प्रशासनिक अधिकारियों को किया संबोधित

*विकसित भारत का लक्ष्य प्राप्त करने में भूमिका निभाएगा विकसित उत्तराखंड का विजन*  


मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को सिविल सर्विसेस इंस्टीट्यूट में आयोजित चिन्तन शिविर एवं डॉयलाग ऑन विजन 2047 में राज्य के प्रशासनिक अधिकारियों को संबोधित किया। 

मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि इस दो दिवसीय शिविर के माध्यम से, प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के संकल्प के अनुसार 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने के लिए ठोस, व्यवहारिक और समयबद्ध रणनीति तैयार की जाएगी। इस दौरान उत्तराखण्ड के समग्र विकास से जुड़े सभी प्रमुख क्षेत्रों पर गहन विचार-विमर्श किया जाएगा। जिससे राज्य के भविष्य के लिए एक स्पष्ट, व्यवहारिक और समयबद्ध दिशा निर्धारित की जा सकेगी।

मुख्यमंत्री श्री धामी ने कहा कि वर्ष 2047 तक भारत को पूर्ण विकसित राष्ट्र बनाने का संकल्प तभी साकार हो सकता है जब देश का प्रत्येक राज्य समान रूप से विकसित हो। इसके लिए उत्तराखण्ड को भी अपने संसाधनों, क्षमताओं और विशिष्टताओं के अनुरूप विकास की एक स्पष्ट और दीर्घकालिक दिशा तय करनी होगी। 

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री द्वारा प्रस्तुत “विकसित भारत” का संकल्प किसी एक सरकार, किसी एक कार्यकाल या किसी एक योजना तक सीमित नहीं है, बल्कि ये एक ऐसा व्यापक और दीर्घकालिक राष्ट्रीय दृष्टिकोण है, जिसमें भारत को आर्थिक, सामाजिक, तकनीकी, सामरिक तथा सांस्कृतिक रूप से सशक्त, आत्मनिर्भर और वैश्विक नेतृत्वकर्ता राष्ट्र के रूप में स्थापित करने का संकल्प निहित है। इस विज़न की सबसे बड़ी विशेषता है कि इसमें विकास को केवल आंकड़ों तक सीमित नहीं रखा गया है, बल्कि इसे मानव केंद्रित, समावेशी और सतत बनाया गया है। विकसित भारत का अर्थ एक ऐसे भारत का निर्माण है जहाँ प्रत्येक नागरिक को समान अवसर प्राप्त हों, जहाँ शासन व्यवस्था पारदर्शी, संवेदनशील और जन-केंद्रित हो। 


*प्रशासनिक तंत्र की भूमिका*

मुख्यमंत्री ने कहा कि नीति निर्माण से लेकर उसके क्रियान्वयन और अंतिम सफलता तक प्रशासन की सक्रियता, संवेदनशीलता और दक्षता ही ये तय होती है। इसलिए इस विज़न को साकार करने में प्रशासनिक तंत्र की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। इसके लिए हमारे प्रशासन को न केवल तेजी और पारदर्शिता के साथ कार्य करना होगा, बल्कि प्रत्येक नीति, निर्णय और योजना को ‘लक्ष्य आधारित’ एवं ‘जन-केंद्रित’ दृष्टि से लागू करना होगा। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा कि आप लोग अपने कार्यों को केवल आदेश देने या मीटिंग करने तक सीमित न रखें, बल्कि अपने दायरे में आने वाले प्रत्येक कार्य को नवाचार, पारदर्शिता, समयबद्ध और परिणाम केंद्रित दृष्टिकोण के साथ तत्परता और जवाबदेही के साथ पूर्ण करें। मुख्यमंत्री श्री धामी ने कहा कि आज हम विकसित उत्तराखंड से विकसित भारत के संकल्प को साकार करने का रोडमैप बना रहे हैं। इसका अर्थ केवल योजनाएं और नीतियां बनाने या लक्ष्य निर्धारित करने तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि हमें ये ये देखना होगा कि हमारी योजनाओं और नीतियों से आम नागरिकों के जीवन में क्या बदलाव आएगा। इसके लिए हमें, किसानों की आय वृद्धि, युवाओं के लिए रोजगार सृजन, महिलाओं के लिए समान अवसर जैसे मानकों पर ध्यान देना होगा। उन्होंने कहा कि इन लक्ष्यों की प्राप्ति ही विकसित उत्तराखंड और विकसित भारत की वास्तविक कसौटी तय करेंगे। 


*टीम उत्तराखंड की तरह कार्य करें* 

मुख्यमंत्री श्री धामी ने कहा कि पर्वतीय राज्य होने के नाते हमारे सामने कुछ विशेष चुनौतियाँ भी हैं, लेकिन इन्हीं चुनौतियों के भीतर अनेकों अवसर छिपे हुए हैं। यदि हम अपनी नीतियों और योजनाओं को राज्य की भौगोलिक परिस्थितियों, स्थानीय आवश्यकताओं और भविष्य की जरूरतों के अनुरूप ढालें, तो उत्तराखण्ड इकोनॉमी और इकोलॉजी के बीच संतुलन स्थापित कर देश में विकास को नई दिशा दे सकता है। इसके लिए हमें तय करना होगा कि वर्ष 2047 में हमारा राज्य शिक्षा, स्वास्थ्य, उद्योग, पर्यटन, कृषि, ऊर्जा, तकनीक और सुशासन जैसे क्षेत्रों में किस स्तर तक पहुँचना चाहिए।  साथ ही साथ विभागीय सीमाओं से ऊपर उठकर विजन 2047 को साकार करने के लिए सभी विभागों के बीच समन्वय स्थापित करते हुए आगामी पच्चीस वर्षों की स्पष्ट कार्ययोजना तैयार करनी होगी। उन्होंने कहा कि हमें “सोलो प्लेयर” वाली मानसिकता से ऊपर उठकर निकलकर “टीम उत्तराखंड” के रूप में कार्य करना होगा। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि जिस स्थान से आपने अपनी सेवा शुरु की है वहां के विकास पर विशेष ध्यान दें, साथ ही जन जन की सरकार, जन जन के द्वार कार्यक्रम के दौरान सामने आने वाली जनसमस्याओं को डायरी में नोट करते हुए, उनके निराकरण करें। 


*विकसित उत्तराखण्ड की नींव*

अपने संबोधन में मुख्यमंत्री ने कहा कि विकसित उत्तराखंड की नींव सुशासन, तकनीक एवं नवाचार और जन केंद्रित सतत एवं संतुलित विकास के तीन स्तंभों पर टिकी है। सुशासन का अर्थ केवल नियमों और प्रक्रियाओं का पालन करना नहीं बल्कि हमें ये सुनिश्चित करना होगा कि हर निर्णय समय पर हो, हर योजना पारदर्शी हो और हर अधिकारी अपने दायित्व के प्रति जवाबदेह हो। उन्होंने कहा कि हमें ई-गवर्नेंस, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, डेटा एनालिटिक्स सहित आधुनिक तकनीकों का उपयोग करके शासन को और अधिक प्रभावी, तेज और पारदर्शी बनाना होगा। साथ ही ये भी सुनिश्चित करना होगा कि तकनीक केवल शहरी क्षेत्रों तक सीमित न रहे, बल्कि दूरस्थ और सीमांत गाँवों तक भी पहुँचे। इसके साथ ही, हमारी नीतियों और योजनाओं के केंद्र में आम नागरिकों का कल्याण सर्वोपरि होना चाहिए। उन्होंने कहा कि जनता का विश्वास प्रशासन की सबसे बड़ी पूंजी है और इसे बनाए रखना हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखण्ड जैसे पर्यावरणीय दृष्टि से संवेदनशील राज्य में विकास और पर्यावरण के बीच संतुलन बनाए रखना अत्यंत आवश्यक है। आपदा प्रबंधन को हमें विकास योजना का अभिन्न हिस्सा बनाना होगा। 


*निर्धारित करें आउटपुट और आउटकम*

उन्होंने कहा कि अधिकारियों को प्रत्येक योजना का स्पष्ट आउटपुट और आउटकम निर्धारित करना होगा। केवल रुपया व्यय हो जाना ही किसी योजना की सफलता का पैमाना नहीं है। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को प्रेरित करते हुए कहा कि आपका प्रत्येक निर्णय केवल आज को प्रभावित नहीं करता, बल्कि आने वाले भविष्य की दिशा भी तय करता है। बतौर प्रशासनिक अधिकारी आपके निर्णय, कार्य और नीतियों से जनता के जीवन में जो सकारात्मक परिवर्तन हुए हैं, वही भविष्य में आपकी वास्तविक पहचान बनेंगे। इसलिए अपने दायित्वों को केवल प्रशासनिक जिम्मेदारी न समझें, बल्कि इसे समाज सेवा और राष्ट्र निर्माण का अवसर मानकर निभाएँ। उन्होंने कहा कि कभी कभी देखने में आता है कि जनता की बात अनसुनी रह जाती है, कभी लालफीताशाही कार्यों में देरी लाती है ये स्थितियाँ प्रशासन पर जनता के विश्वास को कमजोर करती हैं। उन्होंने कहा कि विकसित भारत और विकसित उत्तराखण्ड की ये यात्रा लंबी है, यदि हमारी दिशा सही रहेगी, हमारी नीति स्पष्ट रहेगी, हमारी नीयत साफ रहेगी और हमारा संकल्प अडिग रहेगा तो हम अपने लक्ष्य को पूर्ण करने में अवश्य सफल रहेंगे।


*संबोधन में बाद भी मंथन में शामिल हुए सीएम*

सिविल सर्विसेस इंस्टीट्यूट में आयोजित चिन्तन शिविर एवं डॉयलाग ऑन विजन 2047 में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, उद्घाटन सत्र के बाद भी काफी देर तक शामिल हुए। प्रथम सत्र में संबोधन के बाद, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी मंच के नीचे हॉल की प्रथम पंक्ति में बैठ गए। इस दौरान मंच पर विभिन्न विषयों पर मंथन और संवाद चलता रहा, सीएम पुष्कर सिंह धामी इस दौरान हॉल में बैठकर, परिचर्चा को सुनते रहे, साथ ही संवाद के प्रमुख बिंदुओं और सुझावों को नोट भी करते रहे। 


इस अवसर पर सेतु आयोग के सीईओ श्री शत्रुघ्न सिंह, प्रमुख सचिव श्री आर. के. सुधांशु, डॉ. आर. मीनाक्षी सुंदरम, नीति आयोग से प्रोग्राम डायरेक्टर डॉ. नीलम पटेल, आईएएस अधिकारी एवं विभिन्न विषयों के विशेषज्ञ मौजूद थे।


जगद्गुरु शंकराचार्य श्री अविमुक्तेश्वरानंद जी के साथ हुए दुर्व्यवहार के विरोध में महादेव मंदिर प्रांगड़,नागल ज्वालापुर,डोईवाला में कांग्रेस का मौन उपवास।



धर्मनगरी प्रयागराज में जगद्गुरु शंकराचार्य श्री अविमुक्तेश्वरानंद जी के साथ हुए दुर्व्यवहार के विरोध में आज कांग्रेसजनों द्वारा महादेव मंदिर प्रांगण, नागल ज्वालापुर में दो घंटे का मौन उपवास किया गया।


यह कार्यक्रम डोईवाला से पूर्व कांग्रेस प्रत्याशी व डोईवाला ब्लॉक प्रमुख गौरव चौधरी के संयोजन में आयोजित किया गया। मौन उपवास के माध्यम से कांग्रेसजनों व क्षेत्रवासियों ने न केवल इस दुर्भाग्यपूर्ण घटना की निंदा की, बल्कि सनातन संस्कृति, धार्मिक गरिमा और संवैधानिक मूल्यों की रक्षा का संकल्प भी दोहराया।


डोईवाला ब्लॉक प्रमुख गौरव चौधरी ने कहा कि जगद्गुरु शंकराचार्य जी जैसे पूज्य संत के साथ दुर्व्यवहार केवल एक व्यक्ति का नहीं, बल्कि हमारी सनातन परंपरा और सांस्कृतिक चेतना का अपमान है। कांग्रेस पार्टी इस प्रकार की घटनाओं का पुरजोर विरोध करती है और समाज में सौहार्द व सम्मान की भावना को बनाए रखने के लिए सदैव प्रतिबद्ध है।


परवादून कांग्रेस जिलाध्यक्ष मोहित उनियाल ने कहा की संत समाज का अपमान किसी भी रूप में स्वीकार्य नहीं है। यह मौन उपवास हमारी आस्था, संस्कृति और सनातन मूल्यों की रक्षा का प्रतीक है। सरकार को चाहिए कि वह इस घटना पर संवेदनशीलता दिखाए और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो, इसके लिए ठोस कदम उठाए।

कांग्रेस नेताओं ने स्पष्ट किया कि पार्टी धर्म, संस्कृति और संवैधानिक मर्यादाओं की रक्षा के लिए सड़क से सदन तक संघर्ष करती रहेगी।


इस अवसर पर डोईवाला ब्लॉक प्रमुख गौरव चौधरी,परवादून कांग्रेस जिलाध्यक्ष मोहित उनियाल,उमेद बोरा,रफल सिंह,वीरेंद्र थापा,जितेंद्र कुमार,सुनील दत्त राजेन्द्र उपाध्याय,योगराज चंद्र बोरा,माधोसिंह,धर्मेन्द्र मुंमगाई,धर्मेन्द्र बिष्ट,धन सिंह बोरा,अर्जुन लोधी,अंकित कुमार,विशाल कुमार,राहुल कुमार,आकाश कुमार,चंदर बोरा,राजपाल लोधी,युवराज आदि भारी संख्या में क्षेत्रवासी व कांग्रेस जन उपस्थित रहे।

 डोईवाला:




डोईवाला:


 नगर कांग्रेस डोईवाला कार्यालय के उद्घाटन कार्यक्रम में अपना अमूल्य सहयोग प्रदान करने के लिए ज़िला पंचायत अध्यक्ष सुखविंदर कौर ,जिला अध्यक्ष परवादून ,मोहित उनियाल पूर्व जिला अध्यक्ष अश्वनी बहुगुणा, ब्लॉक प्रमुख डोईवाला गौरव सिंह, पूर्व गन्ना समिति अध्यक्ष मनोज नौटियाल, नगर पालिका अध्यक्ष प्रत्याशी सागर मनवाल, पूर्व मंत्री शूरवीर सजवान,पूर्व मंत्री हीरा सिंह बिष्ट , सेवादल प्रदेश अध्यक्ष हेमा पुरोहित , डोईवाला कांग्रेस ब्लॉक अध्यक्ष महेंद्र भट्ट , सेवादल कांग्रेस ज़िलाध्यक्ष सुनील कुमार वर्मन, डोईवाला डोईवाला कांग्रेस पार्टी के मंडल अध्यक्ष संजीव भट्ट आशीष मनवाल साजिद अली ,देवराज सावन ,शार्दुल नेगी ,अमित सैनी ,प्रवीण सैनी ,भारत भूषण भाई ,मनोज चमोली ,रोहीत नेगी ,जस्सू भाई ,अर्जुन रावत,बलविंदर सिंह,मोईन खान,राहुल खरोला,मोहित कपूरवान,बालेन्दर सजवान,ताजबर नेगी,कीर्ति नेगी मनु नेगी,सतीश नेगी,बलदेव भाई,वनिताअसवाल ,शांति रावत,प्रभा नेगी,सुमन रावत,रेखा रावत,लक्ष्मी बिष्ट,दीपा थपलियाल ,मंगल सजवान,खेम सिंह सजवान,देवनी सजवान,रोशन नेगी,आदि मौजूद रहे ।

 महाराजा मनुजेंद्र शाह की जन्मपत्री के अनुसार तिथि घोषित



राजमहल नरेंद्र नगर राजमहल में सदियों पुरानी परंपरा का निर्वहन करते हुए महाराजा मनुजेंद्र शाह की जन्मपत्री और पंचांग के सूक्ष्म विचार के बाद बद्रीनाथ धाम के कपाट खुलने की तिथि औपचारिक रूप से घोषित की गई। परंपरानुसार ब्रह्म मुहूर्त में 23 अप्रैल को प्रातः 6:15 बजे बद्रीनाथ धाम के कपाट श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ विधि-विधान के साथ खोले जाएंगे।


यह उल्लेखनीय है कि टिहरी राजपरिवार की यह परंपरा सदियों से चली आ रही है, जिसके अनुसार सबसे पहले बद्रीनाथ धाम के कपाट की तिथि महाराजा की कुंडली के आधार पर तय की जाती है। इसके उपरांत केदारनाथ धाम, गंगोत्री धाम और यमुनोत्री धाम—चारों धामों के कपाट खोलने की तिथियाँ अलग-अलग समय पर परंपरानुसार निर्धारित की जाती हैं। चारधाम परंपरा में बद्रीनाथ धाम को सर्वाधिक महत्वपूर्ण माना जाता है, क्योंकि यहीं से संपूर्ण यात्रा का आध्यात्मिक संकेत मिलता है।


आज इस ऐतिहासिक अवसर पर बद्रीनाथ केदारनाथ मंदिर समिति के अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी राजमहल नरेंद्र नगर में परंपरा के इस पावन अनुष्ठान में सम्मिलित हुए। गौरतलब है कि अध्यक्ष द्विवेदी शीतकालीन यात्राओं को निरंतर प्रोत्साहित करने के साथ-साथ मुख्य चारधाम यात्रा की व्यवस्थाओं को भी सुदृढ़ करने में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं। यह सभी व्यवस्थाएँ पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व वाली भाजपा सरकार द्वारा सुनिश्चित की जा रही हैं।


इस अवसर पर अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी ने राज्य और देशभर के श्रद्धालुओं को शुभकामनाएँ देते हुए बद्रीनाथ धाम आने का सादर निमंत्रण दिया। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि इस वर्ष से ऋषिकेश में बस अड्डे के समीप पर्यटन विभाग के विशाल परिसर में बद्रीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति का कार्यालय संचालित होगा, क्योंकि यहीं से तीर्थयात्रियों को लेकर विभिन्न गंतव्यों के लिए बसें प्रस्थान करती हैं—जिससे यात्रियों को सुविधा और समन्वय दोनों में लाभ मिलेगा।


कार्यक्रम के दौरान अध्यक्ष द्विवेदी ने टिहरी राजपरिवार के सदस्यों—महाराजा मनुजेंद्र शाह , भवानी प्रताप राव, कीर्ति प्रताप—कुल पुरोहितों तथा बद्रीनाथ धाम के मुख्य पुजारियों (रावल) से भेंट कर उन्हें आगामी बद्रीनाथ-केदारनाथ-गंगोत्री-यमुनोत्री यात्रा की तैयारियों की जानकारी दी और सभी को बधाई दी।


इस प्रकार, आस्था, परंपरा और आधुनिक व्यवस्थाओं के समन्वय के साथ चारधाम यात्रा 2026 की औपचारिक शुरुआत की घोषणा हुई—जो देवभूमि उत्तराखंड की आध्यात्मिक विरासत और सांस्कृतिक निरंतरता का जीवंत प्रमाण है। 🙏

www.satyawani.com @ All rights reserved

www.satyawani.com @All rights reserved
Blogger द्वारा संचालित.