देहरादून ;
देहरादून
मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने देर सांय वीडियो कांफ्रेंसिग द्वारा प्रदेश में कोरोना वायरस की अद्यतन स्थिति और इसके संक्रमण को कम करने के लिए की गई तैयारियों की विस्तृत समीक्षा की।
मुख्यमंत्री ने निर्देश दिये कि गेहूँ की आटा मिलें चलती रहें, ये सुनिश्चित कर लिया जाए। पंजीकृत और अन्य श्रमिकों व अन्य ज़रूरतमंदों को तत्काल सहायता उपलब्ध कराई जाए। आवश्यक सावधानियां बरतते हुए फार्मा इंडस्ट्री चलती रहें। जो लोग बाहर से आ रहे हैं, उनको होम क्वारेंटाईन कराया जाए। कोरोना संदिग्ध लोगों जिनकी रिपोर्ट लम्बित है, को सख्ती के साथ घर पर क्वारेंटाईन किया जाए। इस पर लगातार चैकिंग भी की जाए। जिलाधिकारी इनको क्रास चेक करा लें। जिलों में होम डिलीवरी व्यवस्था को मजबूत करें। सोशल डिस्टेंसिंग का अनुपालन सुनिश्चित किया जाए। मुख्यमंत्री ने अभी तक की स्थिति पर संतोष व्यक्त करते हुए कहा कि इसी प्रकार आपसी समन्वय से आगे भी काम करना है। कोई छोटी से छोटी कोताही भी नहीं होनी चाहिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आवश्यकता होने पर देहरादून व हल्द्वानी में 500 बेड के प्री फैब कोरोना अस्पताल बनाए जा सकते हैं, इसके लिए संबंधित जिलाधिकारी 5 एकङ भूमि चयनित कर लें। जिन भी सीएमओ व अन्य अधिकारियों के नम्बर सार्वजनिक कर रहे हैं उन्हें सहायक भी दे दे। छोटी आटा चक्कियो को चलने दे। थोक सप्लाई को न रोके। दुकानों पर रेट लिस्ट अवश्य लगें। फूड प्रोसेसिंग से संबंधित फेक्ट्री चलती रहें। कल मार्केट आवश्यक वस्तुओं के लिए सुबह 7 से दोपहर 1 बजे तक खुले रहेंगे। फल सब्जी की ठेलिया चल सकती हैं। चार पहिया वाहन पूरी तरह बंद रहेंगे। दोपहिया वाहन सुबह 7 से दोपहर 1 बजे तक चलेंगे परंतु इनपर एक ही व्यक्ति बैठेगा।
बैठक में सचिव नितेश झा ने बताया कि अभी उत्तराखंड कोरोना के फेज एक में ही है। यहां पाए गए पाजिटिव केस बाहर से आए हुए हैं। स्थानीय संक्रमण नहीं हुआ है। सोशल डिस्टेंसिंग रखने में सफल रहे तो राज्य में कोरोना मामलों को रोकने में अवश्य कामयाब रहेंगे। आयुष चिकित्सकों की सेवाएं भी ली जाएंगी। जिला चिकित्सालयों में कोरोना स्पेसिफिक अस्पताल स्थापित कर रहे हैं। आवश्यक दवाओं और उपकरणों की व्यवस्था की गई है।
सचिव सुशील कुमार ने बताया कि खाद्यान्न पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है।
बैठक में मुख्य सचिव उत्पल कुमार सिंह, डीजीपी अनिल कुमार रतूङी, सचिव अमित नेगी अन्य शासन के वरिष्ठ अधिकारी, जिलाधिकारी और अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
कोविड-19 की रोकथाम एवं प्रभावी नियंत्रण हेतु सम्पूर्ण देश में किये गये 21 दिन के लाॅक डाउन के दूसरे दिन आज निर्धारित समय अनुसार आवश्यक सेवाएं यथा डीजल, पैट्रोल, गैस, खाद्य सामग्री, फल, सब्जी, दवा तथा पशुओं के चारे की आपूर्ति निर्बाद रही। जिलाधिकारी डाॅ आशीष कुमार श्रीवास्तव ने अवगत कराया कि निर्धारित समयानुसार खाद्य वस्तुओं के क्रय-विक्रय के समय समस्त जनपद के विभिन्न तहसीलों में सामाजिक दूरी (सोशल डिस्टेंसिंग) हेतु विभिन्न सार्वजनिक स्थानों पर एक-एक मीटर की दूरी पर चूने के सफेद निशान लगवाकर जनमानस द्वारा सहयोग प्रदान किया गया एवं दिये गये निर्देशों के अनुपालन मंें ब्लिचिंग व सोडियम होइपोक्लोराइड के घोल का छिड़काव किया गया। जिलाधिकारी ने अवगत कराया कि जनपद में दैनिक उपयोग की आवश्यक वस्तुएं एवं खाद्यान प्रयाप्त मात्रा में उपलब्ध है। उन्होंने जनपद के समस्त नागरिकों से किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न देने तथा सामग्री क्रय करते समय सामाजिक दूरी (सोशल डिस्टेंसिंग) का परिपालन एवं अनावश्यक घरों से बाहर न निकलने की अपेक्षा की। जिलाधिकारी ने जनपद में खाद्य सामग्री एवं आवश्यक वस्तुओं की बिक्री निर्धारित दरों पर ही हो इसके लिए उन्होंने विभिन्न तहसीलों की सयंुक्त टीमों को अपने-अपने क्षेत्रान्तर्गत निरन्तर निरीक्षण अभियान चलाते हुए कार्यवाही करने के निर्देश दिये।
जिलाधिकारी डाॅ आशीष कुमार श्रीवास्तव ने अवगत कराया है कि जनपद देहरादून में झुग्गी झोपड़ियों एवं बस्तियों में निवासरत् लगभग 95 अकुशल श्रमिकों एवं उनके परिवारों को खाद्यान किट (3 किलो चावल, 5 किलो आटा, 1 किलो चीनी, 1 रिफाइण्ड, मसाले व नमक) उपलब्ध कराई गयी। जिलाधिकारी की पहल पर जिसमें जनपद के ऐसे वरिष्ठ नागरिकों एवं ऐसे विद्यार्थी जिनके पास खाना बनाने की सुविधा उपलब्ध नही है को भोजन उपलब्ध कराने के निर्देश दिये गये थे, जिसके क्रम में आज 2 वरिष्ठ नागरिकों एवं 48 विद्यार्थियों ने भोजन उपलब्ध कराने हेतु अपना पंजीकरण करवाया है।
कल दिनांक 27 मार्च 2020 को आढत बाजार केवल खुदरा व्यापारियों को सामग्री विक्रय करने हेतु अपरान्ह 02 से 04 बजे तक ही खुला रहेगा, किन्तु ऐसे थोक व्यापारियों से केवल खुदरा व्यापारी ही सामान क्रय कर सकेंगे, जो पुलिस द्वारा निर्गत किये गये पास पर ही आवागमन कर सकेंगे। इस दौरान जनमानस इस खरीदारी से प्रतिबन्धित रहेगा। इसी प्रकार कल निरंजनपुर स्थित सब्जी मण्डी से खुदरा व्यापारी ही सब्जी खरीद सकेगें। आम नागरिकों को सब्जी की आपूर्ति मोबाइल ठेला एवं वैन के माध्यम से सुनिश्चित की जायेगी। खाद्य पदार्थों के पैकेजिंग से सम्बन्धित दुकाने भी आवश्यक सेवाओं में सम्मिलित हैं वे भी कल से अपने निर्धारित समय प्रातः 07 बजे से अपरान्ह 01 बजे तक खुली रहेगी। खाद्य एवं आवश्यक सामग्रियों का निर्धारित मूल्य से अधिक दाम लेना आपराधिक होगा, जिसके लिए सम्बन्धित के विरूद्ध आवश्यक कार्यवाही अमल में लायी जायेगी। आदेशों का उल्लंघन करने वालों पर तत्काल प्रभावी कार्यवाही की जायेगी।
जनपद के नागरिकों जो पका हुआ खाना अपने निवास स्थान में मंगवाना चाहते हैं, वे अपने आवास के निकटतम जिला प्रशासन द्वारा अनुमति प्राप्त टीफिन (भोजना) बनाने वालों से जिसकी सूची जिला प्रशासन की वेबसाईट में dehradun.gov.in/dehradun.nic.in उपलब्ध है से दूरभाष से आर्डर कर स्वंय भुगतान के आधार पर भोजन मंगवा सकते है। उपरोक्त टीफिन (भोजन) बनाने वाले, उपभोक्ताओं द्वारा दिये गये भोजन के आर्डर को उपभोक्ताओं के निवास पर पंहुचाने हेतु वाहन आवागमन पास के लिए जिला प्रशासन की वेबसाईट dehradun.gov.in/dehradun.nic.in पर आवेदन कर प्राप्त कर सकते हैं। टीफिन (भोजन) बनाने वाले निर्माताओं को आवश्यक खाद्य सामग्री की उपलब्धता में कोई समस्या उत्पन्न होने पर जिला प्रशासन के अधिकारियों से सम्पर्क कर सकते हैं।
जिलाधिकारी अवगत कराया है कि यदि कोई व्यक्ति भुगतान के आधार पर स्वंय आयसोलेट होना चाहते हैं तो इस निमित्त जनपद मेें होटल सोलिटीयर में 29 कक्ष उपलब्ध हैं, जिनमें 2 हजार रू0 प्रति व्यक्ति, प्रति कक्ष की दर सम्बन्धित को भुगतान करना होगा तथा आयसोलेट के दौरान चाय, नाश्ता एवं खाने की सुविधा उपलब्ध रहेगी। -
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