श्यामपुर :
उत्तम सिंह
केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी व राष्ट्रीय महत्व की आल वेदर रोड परियोजना में श्यामपुर क्षेत्र में भूमि अधिग्रहण व मुआवजा निर्धारण में कही माह का विलम्ब होने के चलते क्षेत्र के भू स्वामियों में असमंजस की स्थिति बनी हुयी है। प्रभावित लोगों ने सरकार व राजमार्ग प्राधिकरण को न्यायालय की शरण मे जाने की चेतावनी दी है।
राष्ट्रीय महत्व की आल वेदर रोड परियोजना की जद में आ रही श्यामपुर क्षेत्र के लोगों के भवन व भूमि के अधिग्रहण व मुआवजा निर्धारण की धीमी व सुस्त रफ्तार से चिंतित प्रभावित लोगों ने आल वेदर रोड की जद में आ रहे श्यामपुर क्षेत्र के किसानों, व्यापारियों व काश्तकारों ने बैठक कर सरकार से जल्द आल वेदर रोड अधिग्रहण व मुआवजा निर्धारण की कार्यवाही अमल में लाने का आग्रह किया। परियोजना से प्रभावित लोगों को सम्बोधित करते हुए व्यवसायी देवेंद्र सिंह रावत ने कहा कि राजमार्ग प्राधिकरण ने 13 अक्टूबर 2017 को गजट नोटिफिकेशन जारी कर भू अधिग्रहण की सूचना जारी की। आल वेदर रोड की जद में आ रहे लोगों को जनवरी 2018 में लोगों ने अपनी भूमि के दस्तावेज भू अध्याप्ति अधिकारी के कार्यालय में जमा करने के नोटिस जारी किये। नोटिस के अनुसार 60 दिन के भीतर भूस्वामियों की भूमि सरकार में निहित किये जाने का आदेश जारी किया गया।
लोगों का कहना था । कि आठ माह व्ययतीत होने के बाबजूद भू अधिग्रहण व मुआवजा निर्धारण की कार्यवाही अमल में नही लाई गयी। जिससे लोगों में असमंजस की स्तिथि बन गई है। अधिग्रहण व मुआवजा राशि निर्धारित न होने से क्षेत्र के कास्तकार किसान व व्यापारीयों में भय का माहौल बना हुआ है।जिसके चलते आल वेदर रोड के लिए जमीन को चिन्हित किये जाने से क्षेत्र के व्यापारी व कास्तकार अपना कारोबार नही कर पा रहे है। जबकि परियोजना से प्रभावित व्यापारी व किसान समय समय पर सरकार से पत्राचार कर जानकारी मांग रहे है। जिसके लिये कही बार आर टी आई का सहारा भी लिया गया लेकिन सरकार व प्राधिकरण कोई जवाब नही दे रहा है। लोगों का कहना था कि यदि सरकार व राजमार्ग प्राधिकरण जल्द कोई कार्यवाही नही करता तो प्रभावित लोग न्यायालय की शरण मे जाने को बाध्य हो जायेगे। इस अवसर पर सुंदर सिंह रावत, देवेंद्र सिंह रावत, राकेश व्यास, नन्दन जोशी, चेतन रयाल, अशोक भल्ला, जयंत भल्ला, मुकंद राम जखमोला मौजूद रहे ।
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