Halloween party ideas 2015


- केरल, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश, पंजाब, दिल्ली एवं राजस्थान के प्रतिभागियों ने लोक परंपराओं एवं सांस्कृतिक विरासत को किया प्रस्तुत


- कैंप में युवाओं को राष्ट्रभक्ति, स्वयंसेवा, सामाजिक जिम्मेदारी, नेतृत्व, व्यक्तित्व विकास, सांस्कृतिक विविधता और राष्ट्र निर्माण में युवा भूमिका जैसे विषयों से जोड़ा गया

- प्रभावी संवाद और निखरा व्यक्तित्व ही युवाओं की असली पहचान और सफलता की नींव है: डॉ. गोविंद सिंह


vande matram camp uttarakhand



मंगलवार को मेरा युवा भारत, उत्तराखण्ड द्वारा देहरादून में आयोजित वन्दे मातरम कैंप 2026–27 का समापन विभिन्न राज्यों की सांस्कृतिक प्रस्तुतियों, व्यक्तित्व विकास सत्र एवं प्रतिभागियों के सम्मान के साथ हुआ। कैंप के दौरान आयोजित विभिन्न गतिविधियों ने युवाओं को राष्ट्रीय एकता, सांस्कृतिक विविधता, नेतृत्व, सामाजिक जिम्मेदारी एवं युवा सहभागिता से जोड़ने का अवसर प्रदान किया।


दिन की शुरुआत प्रतिभागियों के लिए प्रातःकालीन मेडिटेशन सत्र से हुई। डॉ. गोविंद सिंह, मीडिया सलाहकार समिति के अध्यक्ष, मुख्यमंत्री, उत्तराखण्ड द्वारा कम्युनिकेशन स्किल्स एवं पर्सनैलिटी डेवलपमेंट विषय पर विशेष सत्र लिया गया। उन्होंने युवाओं के व्यक्तित्व विकास, प्रभावी संवाद एवं स्वयं को बेहतर ढंग से प्रस्तुत करने के महत्व पर प्रतिभागियों के साथ संवाद किया।


इसके बाद कैंप में विभिन्न राज्यों के प्रतिभागियों द्वारा सामूहिक सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दी गईं। केरल, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश, पंजाब, दिल्ली एवं राजस्थान के प्रतिभागियों ने अपने-अपने राज्यों की लोक परंपराओं एवं सांस्कृतिक विरासत को प्रस्तुत किया। इन प्रस्तुतियों के माध्यम से भारत की विविध सांस्कृतिक परंपराओं को एक ही मंच पर देखने का अवसर मिला।


सामूहिक प्रस्तुतियों के बाद प्रतिभागियों द्वारा एकल सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी दी गईं। इनमें केरल की पारंपरिक कलरिपयट्टू तथा राजस्थान की रागिनी सहित विभिन्न राज्यों की कला एवं सांस्कृतिक अभिव्यक्तियों ने कार्यक्रम को विशेष रूप से आकर्षक बनाया। विभिन्न प्रस्तुतियों ने प्रतिभागियों के बीच सांस्कृतिक समझ और आपसी सम्मान की भावना को और मजबूत किया।


इसके पश्चात कैंप में सफलतापूर्वक सहभागिता करने वाले प्रतिभागियों को प्रमाण-पत्र वितरित किए गए। प्रमाण-पत्र वितरण कार्यक्रम में डॉ. गोविंद सिंह जी के साथ श्री राहुल डबराल, राज्य निदेशक, मेरा युवा भारत, उत्तराखण्ड तथा श्री अविनाश सिंह, उप निदेशक, मेरा युवा भारत उपस्थित रहे। अतिथियों द्वारा प्रतिभागियों को प्रमाण-पत्र प्रदान कर उनके उत्साह एवं सहभागिता को सम्मानित किया गया।


प्रमाण-पत्र वितरण के पश्चात प्रतिभागियों ने विभिन्न राज्यों के अपने साथियों एवं आयोजक टीम के साथ समूह छायाचित्र लिए और कैंप की यादों को संजोया।

वन्दे मातरम् कैंप के समापन के साथ विभिन्न राज्यों से आए युवाओं के बीच बने संवाद, सांस्कृतिक आदान-प्रदान और सीखने की प्रक्रिया ने एक सकारात्मक अनुभव के रूप में अपनी छाप छोड़ी। कैंप के दौरान आयोजित विभिन्न सत्रों एवं गतिविधियों ने युवाओं को राष्ट्रभक्ति, स्वयंसेवा, सामाजिक जिम्मेदारी, नेतृत्व, व्यक्तित्व विकास, सांस्कृतिक विविधता और राष्ट्र निर्माण में युवा भूमिका जैसे विषयों से जोड़ने का प्रयास किया।

इस प्रकार वन्दे मातरम् कैंप 2026–27 अपने निर्धारित उद्देश्यों की दिशा में सफलतापूर्वक संपन्न हुआ और प्रतिभागियों को विविध अनुभवों, संवाद एवं सीख के साथ अपने-अपने राज्यों की ओर लौटने का अवसर मिला।


मुख्य सचिव उत्तराखंड श्री आनंद बर्द्धन 08 अक्टूबर को प्रातः 10 बजे करेंगे महोत्सव का उद्घाटन

- हर्षिल, चकराता और रामगढ़ के ए-ग्रेड सेब तथा कपकोट और रामगढ़ की उच्च गुणवत्ता वाली कीवी होगी आकर्षण का केंद्र 

- ताजी सब्जियां, देशी घी, जैविक उत्पाद, हिमालयी शहद सहित विभिन्न प्राकृतिक एवं ग्रामीण उत्पाद होंगे उपलब्ध 

apple festival, uttarakhand


- ऐपण कला, ताम्र शिल्प और रिंगाल हस्तशिल्प सहित उत्तराखंड के पारंपरिक एवं GI उत्पादों का भी प्रदर्शन किया जाएगा


राष्ट्रीय कृषि और ग्रामीण विकास बैंक (नाबार्ड), उत्तराखंड क्षेत्रीय कार्यालय, देहरादून द्वारा 08 एवं 09 अक्टूबर 2026 को आईटी पार्क स्थित क्षेत्रीय कार्यालय परिसर में ‘सेब महोत्सव 3.0’ का आयोजन किया जा रहा है। दो दिवसीय महोत्सव प्रातः 10:00 बजे से सायं 6:00 बजे तक आमजन के लिए खुला रहेगा।


महोत्सव का उद्घाटन 08 अक्टूबर 2026 को उत्तराखंड शासन के मुख्य सचिव श्री आनंद बर्द्धन द्वारा किया जाएगा। कार्यक्रम में उत्तराखंड शासन के कृषि सचिव, भारतीय रिजर्व बैंक के क्षेत्रीय निदेशक, राज्य स्तरीय बैंकर्स समिति (SLBC), विभिन्न बैंकों के प्रतिनिधियों तथा अन्य हितधारकों की सहभागिता प्रस्तावित है।


‘सेब महोत्सव 3.0’ का प्रमुख उद्देश्य नाबार्ड द्वारा समर्थित विकास परियोजनाओं से जुड़े किसानों, जनजातीय समुदायों एवं कृषक उत्पादक संगठनों (FPOs) को अपने उत्पाद सीधे उपभोक्ताओं तक पहुंचाने के लिए प्रभावी विपणन मंच उपलब्ध कराना है। महोत्सव में प्रदर्शित उत्पाद उत्तराखंड के पांच जनपदों में नाबार्ड समर्थित जनजातीय विकास परियोजनाओं एवं कृषक उत्पादक संगठनों से जुड़े उत्पादकों द्वारा लाए जाएंगे।


इस वर्ष महोत्सव में उत्तराखंड के पर्वतीय क्षेत्रों के उच्च गुणवत्ता वाले उत्पाद विशेष आकर्षण का केंद्र रहेंगे। हर्षिल, चकराता एवं रामगढ़ क्षेत्र के ‘ए’-ग्रेड सेब उपलब्ध होंगे, जिनमें रॉयल डिलीशियस, गोल्डन डिलीशियस, गाला एवं रेड डिलीशियस जैसी प्रमुख किस्में शामिल हैं। इसके साथ ही कपकोट एवं रामगढ़ के कृषक उत्पादक संगठनों द्वारा प्राकृतिक विधि से उत्पादित उच्च गुणवत्ता वाली कीवी भी बिक्री के लिए उपलब्ध होगी।


महोत्सव में ताजी सब्जियां, देशी घी, जैविक सरसों तेल, जैविक गुड़, जैविक दालें, हिमालयी शहद एवं अन्य प्राकृतिक उत्पाद भी उपलब्ध रहेंगे। इसके अतिरिक्त उत्तराखंड के भौगोलिक संकेतक (GI) उत्पादों, ऐपण कला, ताम्र शिल्प एवं रिंगाल हस्तशिल्प सहित अन्य पारंपरिक एवं हस्तशिल्प उत्पादों का भी प्रदर्शन किया जाएगा।


इस आयोजन के माध्यम से नाबार्ड का उद्देश्य ग्रामीण उत्पादकों एवं कृषक उत्पादक संगठनों को उपभोक्ताओं से सीधे जोड़कर बेहतर बाजार अवसर उपलब्ध कराना तथा उत्तराखंड के विशिष्ट कृषि उत्पादों, पारंपरिक उत्पादों एवं ग्रामीण उद्यमों को प्रोत्साहित करना है।


नाबार्ड ने देहरादून एवं आसपास के क्षेत्रों के नागरिकों से अपने परिवार एवं मित्रों सहित ‘सेब महोत्सव 3.0’ में शामिल होने तथा प्रदेश के किसानों एवं ग्रामीण उत्पादकों द्वारा लाए गए गुणवत्तापूर्ण उत्पादों को देखने और खरीदने का आह्वान किया है।

 *देहरादून 06 अक्टूबर:



*जिलाधिकारी सम्बन्धित विभागाध्यक्षों से सीधे समन्वय कर समस्याओं का करें समाधान*


*माह के प्रथम मंगलवार को होने वाली बैठक से जनपदों के वर्षों से लंबित प्रकरणों के निस्तारण में मिली तेजी*


मुख्य सचिव श्री आनन्द बर्द्धन की अध्यक्षता में मंगलवार को सचिवालय में जनपदों के शासन स्तर पर लंबित प्रकरणों के निस्तारण को लेकर बैठक आयोजित हुई। बैठक में मुख्य सचिव ने सभी जनपदों से सम्बन्धित लंबित प्रकरणों की विस्तार से जानकारी लेते हुए उनके निस्तारण की प्रगति की समीक्षा की।


मुख्य सचिव ने सम्बन्धित विभागों के विभागाध्यक्षों को आपसी समन्वय से जनपदों के लंबित प्रकरणों का त्वरित निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जनपद स्तर पर किसी प्रकरण के निस्तारण में अनावश्यक विलंब नहीं होना चाहिए। जिलाधिकारी संबंधित विभागाध्यक्षों से सीधे संवाद कर समस्याओं का समाधान कराएं। आवश्यकता होने पर विभागीय उच्चाधिकारियों से सीधे समन्वय स्थापित कर प्रकरणों का शीघ्र निस्तारण सुनिश्चित किया जाए।


मुख्य सचिव ने कहा कि जनपदों से सम्बन्धित विकास कार्यों में किसी भी स्तर पर अनावश्यक विलंब नहीं होना चाहिए। उन्होंने सड़कों, पुलों, भवनों तथा अन्य निर्माण कार्यों से जुड़े लंबित प्रकरणों को प्राथमिकता के आधार पर लेते हुए शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जिन मामलों में विभागीय स्तर पर निर्णय लिया जाना है, उनमें समयबद्ध कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।


मुख्य सचिव ने जिलाधिकारियों को निर्देश दिए कि वे अपने-अपने जनपदों से सम्बन्धित लंबित प्रकरणों की नियमित रूप से समीक्षा करें तथा जिन मामलों में विभागाध्यक्ष स्तर पर समन्वय की आवश्यकता है, उनमें सीधे संबंधित विभागाध्यक्ष से वार्ता कर समाधान कराएं। उन्होंने कहा कि शासन और जनपदों के मध्य प्रभावी समन्वय से ही लंबित प्रकरणों का त्वरित निस्तारण संभव है।


उल्लेखनीय है कि जनपदों के शासन स्तर पर लंबित प्रकरणों के निस्तारण के लिए प्रत्येक माह के प्रथम मंगलवार को यह बैठक आयोजित की जा रही है। बैठक के दौरान विभिन्न जिलाधिकारियों ने इस पहल की सराहना करते हुए बताया कि इसके माध्यम से जनपदों के वर्षों से लंबित अनेक प्रकरणों का समाधान संभव हुआ है। जिलाधिकारियों ने कहा कि नियमित समीक्षा और विभागीय उच्चाधिकारियों के साथ सीधे समन्वय से लंबित मामलों के निस्तारण में तेजी आई है।


इस अवसर पर प्रमुख सचिव श्री एल. फैनाई, विशेष प्रमुख सचिव श्री अमित सिन्हा, सचिव श्री नितेश कुमार झा, डॉ. बी.वी.आर.सी. पुरूषोत्तम, श्री रविनाथ रमन, श्री चंद्रेश कुमार यादव, श्री बृजेश कुमार संत, डॉ. वी. षणमुगम, डॉ. आर. राजेश कुमार, श्री विनय शंकर पाण्डेय, श्री विनोद कुमार सुमन, सुश्री ज्योति यादव, श्री रणवीर सिंह चौहान, श्री धीराज सिंह गर्ब्याल एवं श्री राजेंद्र कुमार सहित विशेष सचिव डॉ. पराग मधुकर धकाते, कमिश्नर कुमाऊँ श्री दीपक रावत, कमिश्नर गढ़वाल श्री आनन्द स्वरूप सहित जनपदों से जिलाधिकारी उपस्थित थे।


 कैंची धाम पहुंचे ‘हनुमान अंश’ के कलाकार, मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी जी का किया धन्यवाद



 ‘हनुमान अंश’ के कलाकारों ने कैंची धाम, भीमताल पहुंचकर बाबा नीब करौरी महाराज के दर्शन किए और आशीर्वाद प्राप्त किया।


इस दौरान कलाकारों ने देवभूमि उत्तराखण्ड में मिले स्नेह, सम्मान और आत्मीय स्वागत के लिए मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी  का हृदय से धन्यवाद एवं आभार व्यक्त किया। 


 *नव नियुक्त कार्मिक सेवाभाव, संवेदनशीलता और समर्पण के साथ निभाएं जिम्मेदारी - मुख्यमंत्री*

*पारदर्शी भर्ती व्यवस्था से प्रतिभाशाली युवाओं को मिल रहा उनकी मेहनत और योग्यता का हक : मुख्यमंत्री*


*आयुष प्रदेश और ग्लोबल वेलनेस हब के रूप में उत्तराखण्ड को विकसित करने की दिशा में तेजी से हो रहा कार्य*



देहरादून;

ESI appointment


मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को मुख्यमंत्री कैम्प कार्यालय स्थित मुख्य सेवक सदन में आयोजित कार्यक्रम में आयुष विभाग के 271 तथा कर्मचारी राज्य बीमा योजना के अंतर्गत 61 एलोपैथिक फार्मेसी अधिकारियों सहित कुल 332 नव नियुक्त कार्मिकों को नियुक्ति पत्र प्रदान किए। मुख्यमंत्री ने सभी नव नियुक्त कार्मिकों को शुभकामनाएं देते हुए उनसे सेवाभाव, संवेदनशीलता और समर्पण के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करने का आह्वान किया।


मुख्यमंत्री ने कहा कि नियुक्ति पत्र प्राप्त करना युवाओं के जीवन का एक महत्वपूर्ण पड़ाव है। इसके साथ ही उनके जीवन में जनसेवा की नई जिम्मेदारी भी शुरू होती है। उन्होंने कहा कि नव नियुक्त कार्मिक अपने सरकारी दायित्व को केवल नौकरी के रूप में न देखें, बल्कि समाज के अंतिम छोर पर खड़े व्यक्ति के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने का माध्यम बनाएं। आयुष विभाग और कर्मचारी राज्य बीमा योजना से जुड़े कार्मिकों की भूमिका सीधे लोगों के स्वास्थ्य और जीवन से जुड़ी हुई है।


मुख्यमंत्री ने कहा कि दूर-दराज के क्षेत्रों से उपचार के लिए सरकारी स्वास्थ्य केंद्रों और अस्पतालों तक पहुंचने वाले लोगों के मन में व्यवस्था के प्रति एक भरोसा होता है। कार्मिकों की संवेदनशीलता, तत्परता और कार्यकुशलता इस भरोसे को और मजबूत करती है। उन्होंने नव नियुक्त कार्मिकों से कहा कि वे जहां भी सेवाएं दें, अपनी कार्यशैली से उदाहरण प्रस्तुत करें। अस्पताल या स्वास्थ्य केंद्र पहुंचने वाला प्रत्येक व्यक्ति एक उम्मीद लेकर आता है और कार्मिकों का सही निर्णय तथा ईमानदार प्रयास जरूरतमंद के जीवन में बड़ा बदलाव ला सकता है।


मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने प्रदेश की भर्ती व्यवस्था को पारदर्शी और निष्पक्ष बनाने के लिए प्रभावी कदम उठाए हैं। नकल माफिया पर कठोर कार्रवाई के साथ ही सख्त नकल विरोधी कानून लागू किया गया है। उन्होंने कहा कि आज प्रदेश के युवाओं को उनकी मेहनत और योग्यता के आधार पर सरकारी सेवाओं में अवसर मिल रहे हैं। पिछले पांच वर्षों में 35 हजार से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरी मिली है। यह राज्य में पारदर्शी भर्ती व्यवस्था के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।


मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखण्ड देवभूमि होने के साथ योग, आयुर्वेद और औषधीय जड़ी-बूटियों की समृद्ध परंपरा वाला राज्य है। राज्य सरकार उत्तराखण्ड को मॉडल ‘आयुष प्रदेश’ और ‘ग्लोबल वेलनेस हब’ के रूप में विकसित करने की दिशा में निरंतर कार्य कर रही है। प्रदेश के सभी जनपदों में आयुष सेवाओं का विस्तार करने के साथ पंचकर्म सेवाओं को आधुनिक बनाया जा रहा है तथा आयुर्वेद उत्कर्ष केंद्र स्थापित किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि ई-संजीवनी के माध्यम से लोगों को घर बैठे विशेषज्ञ परामर्श की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। ‘आयुष सेतु पोर्टल’ भी इस दिशा में महत्वपूर्ण पहल है। प्रदेश के अनेक होमस्टे को निकटवर्ती आयुर्वेद चिकित्सालयों की वेलनेस सेवाओं से जोड़ा गया है। राज्य सरकार का प्रयास है कि उत्तराखण्ड आने वाले लोगों को योग, आयुर्वेद और पंचकर्म के माध्यम से स्वास्थ्य एवं मानसिक शांति का बेहतर अनुभव मिले।


मुख्यमंत्री ने कहा कि कर्मचारी राज्य बीमा योजना की स्वास्थ्य सेवाओं का भी लगातार विस्तार किया जा रहा है। पूर्व में ईएसआई योजना प्रदेश के छह जनपदों में संचालित थी, जिसे अब सभी 13 जनपदों तक पहुंचाया गया है। रुद्रपुर में 100 बेड के ईएसआई अस्पताल का संचालन शुरू हो चुका है, जबकि हरिद्वार में 300 बेड के ईएसआई अस्पताल का निर्माण कार्य चल रहा है। काशीपुर में भी ईएसआई अस्पताल के लिए भूमि चिन्हित की गई है। इसके साथ ही स्वास्थ्य सेवाओं को और सुदृढ़ करने के लिए 47 नए चिकित्सा अधिकारियों की भर्ती प्रक्रिया अंतिम चरण में है।


मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य प्रत्येक व्यक्ति को बेहतर और सुलभ स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराना है। उन्होंने नव नियुक्त कार्मिकों से पूरी निष्ठा, ईमानदारी और सेवाभाव के साथ कार्य करने की अपेक्षा करते हुए कहा कि युवाओं की ऊर्जा और क्षमता विकसित एवं सशक्त उत्तराखण्ड के निर्माण के संकल्प को पूरा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।


आयुष एवं आयुष शिक्षा मंत्री श्री मदन कौशिक ने नव नियुक्त कार्मिकों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि राज्य सरकार प्रदेश में आयुष सेवाओं को और अधिक सुदृढ़ एवं जनसुलभ बनाने की दिशा में निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि नव नियुक्त कार्मिकों के आने से विभाग की कार्यक्षमता बढ़ने के साथ ही प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में आयुष स्वास्थ्य सेवाओं को और मजबूती मिलेगी। उन्होंने नव नियुक्त कार्मिकों से अपने दायित्वों का पूरी निष्ठा, संवेदनशीलता और सेवाभाव के साथ निर्वहन करते हुए आमजन को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने में सक्रिय भूमिका निभाने की अपेक्षा की।


इस अवसर पर राज्यसभा सांसद श्री नरेश बंसल, विधायक श्री उमेश शर्मा काऊ, श्रीमती सविता कपूर, सचिव श्रम श्री श्रीधर बाबू अद्दांकी, सचिव आयुष एवं आयुष शिक्षा श्रीमती रंजना राजगुरू, अपर सचिव श्री विजय कुमार जोगदण्डे, श्रीमती आकांक्षा कोण्डे एवं संबंधित विभागीय अधिकारी मौजूद थे।

 

 *मुख्यमंत्री ने छात्रसंघ चुनाव में जीत पर दी बधाई एवं शुभकामनाएं* 

 *युवा प्रत्येक क्षेत्र में स्वयं को अपडेट रखें और भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार रहें : मुख्यमंत्री* 

 *व्यक्तिगत विकास के साथ संगठन और समाज के सशक्तिकरण में भी योगदान दें युवा


ABVP meet CM Dhami



मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी से आज मुख्यमंत्री आवास में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) के नवनिर्वाचित पदाधिकारियों ने भेंट की। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने हाल ही में संपन्न छात्रसंघ चुनाव में विजयी हुए सभी नवनिर्वाचित पदाधिकारियों को बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि छात्र जीवन में प्राप्त दायित्व युवाओं के व्यक्तित्व विकास के साथ ही नेतृत्व क्षमता को निखारने का महत्वपूर्ण अवसर प्रदान करते हैं।



मुख्यमंत्री ने अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के महत्व और उसकी संगठनात्मक भूमिका पर भी विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि विद्यार्थी परिषद लंबे समय से छात्रहितों के साथ-साथ राष्ट्रहित, सामाजिक सरोकारों और युवाओं के व्यक्तित्व निर्माण के लिए कार्य करती रही है। संगठन युवाओं में नेतृत्व क्षमता, अनुशासन, जिम्मेदारी, राष्ट्र के प्रति समर्पण और समाज के प्रति संवेदनशीलता की भावना विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। उन्होंने नवनिर्वाचित पदाधिकारियों से संगठन की मूल भावना और उद्देश्यों के अनुरूप छात्र-छात्राओं के हितों के लिए निरंतर कार्य करने का आह्वान किया।



मुख्यमंत्री ने कहा कि किसी भी संगठन की मजबूती उसके कार्यकर्ताओं की सक्रियता, अनुशासन, समर्पण और संगठन के प्रति प्रतिबद्धता से सुनिश्चित होती है। उन्होंने नवनिर्वाचित पदाधिकारियों के साथ संगठनात्मक विषयों पर भी चर्चा की तथा छात्र-छात्राओं से निरंतर संवाद बनाए रखने और उनकी समस्याओं एवं अपेक्षाओं को समझते हुए सकारात्मक भूमिका निभाने की बात कही।



मुख्यमंत्री श्री धामी ने युवाओं से ‘फ्यूचर रेडी’ बनने का आह्वान करते हुए कहा कि आज का समय तेजी से बदल रहा है। तकनीक, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, डिजिटल माध्यमों, रोजगार के नए अवसरों और वैश्विक स्तर पर हो रहे बदलावों के बीच युवाओं के लिए स्वयं को निरंतर अपडेट रखना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि युवा केवल अपने विषय या अध्ययन के क्षेत्र तक सीमित न रहें, बल्कि देश-दुनिया में हो रहे बदलावों, नई तकनीकों, सामाजिक विषयों और रोजगार की बदलती संभावनाओं की जानकारी भी रखें।


उन्होंने कहा कि “युवा जितना अधिक स्वयं को अपडेट रखेंगे, उतना ही उनका व्यक्तिगत विकास होगा और उनकी क्षमताओं का लाभ संगठन तथा समाज को भी मिलेगा।” मुख्यमंत्री ने युवाओं को निरंतर सीखने, नई चीजों को समझने और अपने ज्ञान एवं कौशल को समय के साथ विकसित करने के लिए प्रेरित किया।


मुख्यमंत्री ने कहा कि छात्र जीवन केवल शैक्षणिक उपलब्धियों तक सीमित नहीं है, बल्कि यह नेतृत्व, संवाद, अनुशासन, निर्णय लेने की क्षमता और सामाजिक जिम्मेदारी सीखने का भी महत्वपूर्ण समय है। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को अपने शैक्षणिक जीवन के साथ-साथ रचनात्मक एवं सामाजिक गतिविधियों में भी सक्रिय भागीदारी करनी चाहिए।


मुख्यमंत्री ने नवनिर्वाचित पदाधिकारियों को उनके नए दायित्व के लिए शुभकामनाएं देते हुए अपेक्षा की कि वे छात्र-छात्राओं के हितों के लिए समर्पित भाव से कार्य करेंगे और अपने व्यवहार एवं कार्यों से अन्य युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत बनेंगे। उन्होंने कहा कि युवाओं की ऊर्जा, प्रतिभा और सकारात्मक सोच राज्य एवं देश के विकास की महत्वपूर्ण शक्ति है।



इस अवसर पर एबीवीपी के नवनिर्वाचित पदाधिकारियों ने मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त करते हुए छात्रहितों से जुड़े विषयों तथा आगामी कार्ययोजनाओं के संबंध में भी चर्चा की।


7 अक्टूबर को डोईवाला में निकलेगा ‘वोट बचाओ–देश बचाओ मार्च’



डोईवाला में परवादून जिला कांग्रेस द्वारा आयोजित बैठक में मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग भी उठी


डोईवाला, 3 अक्टूबर 2026



भारत निर्वाचन आयोग की कार्यप्रणाली, मतदाता सूची में बदलाव और SIR प्रक्रिया को लेकर उठ रहे सवालों के बीच परवादून जिला कांग्रेस कमेटी की ओर से आज काईट रेस्टोरेंट, डोईवाला में INDIA गठबंधन के सहयोगी दलों की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई।


बैठक में तय किया गया कि 2 से 8 अक्टूबर तक ‘लोकतंत्र बचाओ सप्ताह’ के तहत विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।


इसी क्रम में 7 अक्टूबर को डोईवाला में ‘वोट बचाओ–देश बचाओ मार्च’ निकाला जाएगा, जो डोईवाला उपजिलाधिकारी कार्यालय तक पहुंचेगा।


बैठक में मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग, मतदाता सूचियों में बदलाव की पूरी जानकारी सार्वजनिक करने, मतदाता सूची से नाम हटाए जाने पर संबंधित मतदाता को सूचना एवं अपील का अवसर देने, SIR प्रक्रिया में पारदर्शिता तथा चुनावी प्रक्रिया की स्वतंत्र एवं निष्पक्ष जांच की मांग को प्रमुखता से उठाने का निर्णय लिया गया।


कांग्रेस कार्यसमिति ने भी 29 सितंबर को CEC ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे/हटाने तथा SIR से संबंधित पारदर्शिता एवं जांच की मांग उठाई थी।


सुरेंद्र शर्मा, सहप्रभारी उत्तराखंड कांग्रेस ने कहा कि,

“मतदाता का अधिकार लोकतंत्र की बुनियाद है। मतदाता सूची और चुनावी प्रक्रिया को लेकर उठ रहे सवालों का पारदर्शी तरीके से जवाब मिलना चाहिए। 7 अक्टूबर का मार्च लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा की आवाज को मजबूत करेगा।”


मोहित उनियाल, जिलाध्यक्ष परवादून कांग्रेस ने कहा कि,

“वोट किसी दल की संपत्ति नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक का संवैधानिक अधिकार है। मतदाता सूची में किसी भी प्रकार की गड़बड़ी या अपारदर्शिता लोकतंत्र के लिए गंभीर विषय है। परवादून में INDIA गठबंधन के साथ मिलकर ‘वोट बचाओ–देश बचाओ मार्च’ के माध्यम से जनता की आवाज उठाई जाएगी और मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को प्रमुखता से रखा जाएगा। प्रत्येक बूथ स्तर पर कार्यक्रम की तैयारी को लेकर बैठक आयोजित की जाएगी।


राजेंद्र भंडारी, संगठन महासचिव उत्तराखंड कांग्रेस ने कहा कि,

“हर पात्र नागरिक का वोट सुरक्षित रहना चाहिए। मतदाता सूची में किसी भी बदलाव की जानकारी सार्वजनिक हो और नागरिकों को अपनी बात रखने का पूरा अवसर मिले। 7 अक्टूबर का मार्च इसी मांग को मजबूती से उठाएगा।”


सीपीआईएम से जाहिद अंजुम एवं सपा से फुरकान कुरैशी ने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में चुनाव प्रक्रिया पर जनता का भरोसा सर्वोपरि है। मतदाता सूची और SIR से जुड़े सवालों का स्पष्ट जवाब और पूरी पारदर्शिता आवश्यक है। INDIA गठबंधन लोकतंत्र और मताधिकार की रक्षा के लिए संयुक्त संघर्ष करेगा।


बैठक में उपस्थित रहे:


उत्तराखंड देहरादून जिला पंचायत अध्यक्ष सुखविंदर कौर, सीपीआईएम से जाहिद अंजुम, सपा से फुरकान कुरैशी, अनुराग कुकरेती, बलबीर सिंह (किसान सभा), गौरव चौधरी, जयेंद्र रमोला, नीरज त्यागी, अश्विनी बहुगुणा, सागर मनवाल, हेमा पुरोहित (सेवादल प्रदेश अध्यक्ष), तजिंदर सिंह ताज, इंद्रजीत सिंह, डोईवाला नगर कांग्रेस अध्यक्ष करतार नेगी, ऋषिकेश महानगर कांग्रेस अध्यक्ष ललित मोहन मिश्र, डोईवाला ब्लॉक अध्यक्ष महेंद्र भट्ट, प्रमोद कप्रवान शास्त्री, श्यामपुर ब्लॉक अध्यक्ष विजय पाल पंवार, रायवाला ब्लॉक अध्यक्ष गोकुल रमोला, रेखा कांडपाल सती, अफसाना अंसारी, हरभजन सिंह, सरजीत सिंह, युवा कांग्रेस जिलाध्यक्ष गौरव भारती, कांग्रेस एससी विभाग जिलाध्यक्ष मुकेश प्रसाद, पंचायत संगठन जिलाध्यक्ष राहुल खरोला, कांग्रेस पूर्व सैनिक संगठन जिलाध्यक्ष महेश कुकरेती, सेवादल जिलाध्यक्ष सुनील बर्मन सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस एवं INDIA गठबंधन के पदाधिकारी उपस्थित रहे।

www.satyawani.com @ All rights reserved

www.satyawani.com @All rights reserved
Blogger द्वारा संचालित.