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देहरादून :





जिला निर्वाचन अधिकारी/ जिलाधिकारी डाॅ0 आर राजेश कुमार ने अवगत कराया है कि विधानसभा सामान्य निर्वाचन-2022 हेतु 21 जनवरी 2022 से नाम निर्देशन करने की कार्यवाही प्रारम्भ होगी। जनपद देहरादून में स्थित विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों से निर्वाचन लड़ने वाले उम्मीदवारों के नाम निर्देशन पत्र दाखिल करने हेतु स्थान एवं कक्ष निर्धारित किये गए है। जनपद में नामांकन हेतु सभी व्यवस्थाएं एवं तैयारी पूर्ण कर ली गई है तथा नाम निर्देशन से सम्बन्धित समस्त कार्यवाही आंवटित विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रवार कक्षों में सम्पन्न की जाएंगी। 

विधानसभा 15-चकराता (अजजा) के लिए तहसीलदार न्यायालय कक्ष कालसी, 16- विकासनगर के लिए उप जिला मजिस्टेªट न्यायालय कक्ष विकासनगर, 17- सहसपुर के लिए तहसीलदार न्यायालय कक्ष विकासनगर, 18-धर्मपुर के लिए नगर मजिस्टेªट न्यायालय कक्ष देहरादून, 19-रायपुर के लिए उप जिला मजिस्टेªट न्यायालय कक्ष सदर देहरादून, 20- राजपुर (अजा) सहायक अभिलेख अधिकारी न्यायालय कक्ष देहरादून, 21- देहरादून कैन्टोमेंट के लिए जिला मजिस्टेªट न्यायालय कक्ष कलेक्टेªट परिसर देहरादून, 22-मसूरी के लिए उप जिला मजिस्टेªट कैम्प न्यायालय कक्ष कलेक्टेªट परिसर देहरादून, 23-डोईवाला के लिए उप जिला मजिस्टेªट न्यायालय कक्ष डोईवाला, 24- ऋषिकेश के लिए उप जिला मजिस्टेªट न्यायालय कक्ष ऋषिकेश निर्धारित किया गया है। 



 जिला निर्वाचन अधिकारी/जिलाधिकारी डाॅ0 आर राजेश कुमार की अध्यक्षता में  विधानसभा सामान्य निर्वाचन 2022, के सफल सम्पादन हेतु की गई आवश्यक तैयारियों  संबंध में एन आई सी सभागार में आयोजित बैठक में  रिटर्निंग अधिकारियों एवं संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश दिए।



बैठक में उन्होंने सभी रिटर्निंग अधिकारियों एवं नोडल अधिकारियों को अवगत कराया कि भारत निर्वाचन आयोग द्वारा आवश्यक सेवा पर अनुपस्थित मतदाताओं के रूप में डाक मतपत्र के माध्यम से मतदान की सुविधा के प्रयोजन के लिए संबंधित विभाग अपने राज्य मुख्यालय जनपद हेतु एक-एक नोडल अधिकारी नामित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि नोडल अधिकारी विभाग के संबंधित कर्मचारियों को डाक मतपत्र की सुविधा एवं जिम्मेदारियों से अवगत कराते हुए उनके फाॅर्म-डी की प्रतियां प्राप्त कर संबंधित जनपद/विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र के नोडल अधिकारियों को आयोग द्वारा निर्धारित समय सीमा के भीतर उपलब्ध कराएंगे।

उन्होंने बताया कि संबंधित विभागों/संस्थानों के कार्मिकों हेतु डाक-मतपत्र से मतदान 8, 9 व 10 फरवरी 2022 को प्रातः 9 बजे से सांय 05 बजे तक नियत है। उन्होंने सभी रिटर्निंग अधिकारियों को आयोग द्वारा आवश्यक सेवा वाले मतदाताओं हेतु मतदान करने के लिए मतदान केन्द्रों में आवश्यक व्यवस्थाएं करने के निर्देश दिए। इस दौरान जिलाधिकारी ने डाक-मतपत्र हेतु लगी टीम का रेण्डमाईजेशन, माइक्रो आॅब्जर्वर की नियुक्ति तथा मतपत्रों हेतु तहसील स्तर पर स्ट्रांग रूम की व्यवस्था, डाक मतपत्र व नाम-निर्देशन हेतु नामित किये गये सहायक रिटर्निंग आफिसरों का विवरण, फाॅर्म-12डी नोटिस की प्राप्ति तथा सभी रिटर्निंग अधिकारियों को उनकी विधानसभा में स्थापित माॅडल बूथ का एवं सखी बूथ का विवरण प्राप्त करते हुए भारत निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों अनुसार संबंधित बूथ पर व्यवस्थाएं बनाने के निर्देश दिए तथा बनाए गए बूथों का निरीक्षण कर आवश्यक व्यवस्थाएं बनाने के निर्देश दिए।

उन्होंने बताया कि जनपद में 943 मतदान केन्द्रों में वेबकास्टिंग की जानी है इसके लिए आवश्यक तैयारियों पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि 21 जनवरी से स्थैतिक निगरानी टीमों को एक्टिवेट करते हुए उन्हें आॅब्जर्वर दायित्वों का भली-भांति निर्वहन करने हेतु निर्देशित किया जाए। उन्होंने निर्देश दिए कि सभी निगरानी टीमों को चैकिंग के दौरान सरलता से व्यवहार करने तथा महिलाओं की जांच के दौरान महिलाकर्मी भी साथ रखें। किसी भी अभद्र व्यवहार की शिकायत को गम्भीरता से लिया जायगा। इसके लिए उन्होंने नोडल अधिकारी व्यय को सभी टीमों से वर्चुअल माध्यम से किसी व्यक्ति पर संदेह होने पर गहनता से जांच करते हुए इस दौरान व्यवहार में नम्रता बनाए रखने हेतु निर्देशित करने को कहा। 

बैठक में मुख्य विकास अधिकारी नितिका खण्डेलवाल (वर्चुअल माध्यम से) अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व के.के. मिश्रा, अपर जिलाधिकारी प्रशासन डाॅ0 शिव कुमार बरनवाल, उपजिलाधिकारी सदर मनीष कुमार, मसूरी नरेश दुर्गापाल, ऋषिकेश अपूर्वा पाण्डेय, डोईवाला युक्ता मिश्रा सहित संबंधित रिटर्निंग अधिकारी उपस्थित रहे तथा उपजिलाधिकारी चकराता सहित अन्य अधिकारी वर्चुअच माध्यम से जुड़े रहे।


  जिलाधिकारी/जिला निर्वाचन अधिकारी डाॅ0 आर राजेश कुमार ने अवगत कराया है कि भारत निर्वाचन आयोग द्वारा निर्वाचन व्यय की सीमा 40 लाख निर्धारित की गई है। निर्वाचन में प्रतिभाग करने वाले प्रत्यिाशियों को समस्त व्यय का अंकन  लेखा विवरण पंजिका में करना होगा तथा यह लेखा नामंाकन की तिथि से परिणाम घोषित होन की तिथि के मध्य (दो तिथियों को सम्मिलित करते हुए ) किए जाने वाला व्यय होगा। निर्वाचन व्यय पंजिका में नामाकंन फाॅर्म शुल्क, जमानत की धनराशि शपथ-पत्र एवं नामाकंन से ंसंबंधित विविध व्यय 

भी सम्मिलित किए जाएगें। निर्वाचन लड़ने वाले अभ्यर्थियों की निर्वाचन व्यय पंजिका का निरीक्षण माननीय पे्रक्षक द्वारा निर्धारित सारणी अनुसार 3 बार किया जाएगा तथा व्यय पंजिका का मय स्वप्रमाणित बाउचर का निरीक्षण प्रत्याशी द्वारा अथवा अधिकृत प्रतिनिधि द्वारा कराया जाना अनिर्वाय होगा। प्रचार-प्रसार हेतु समस्त सामग्री/वस्तुओं को जिला निर्वाचन अधिकारी/जिलाधिकारी कार्यालय द्वारा निर्धारित की गई दरों के अनुसार व्यय पंजिका में अंकन किया जाएगा। निर्वाचन के दौरान कार्यकताओं से संबंधित समस्त व्यय एवं उनके चाय, नाश्ता, सूक्ष्म जलपान/भोजन आदि व्यय, समाचार पत्रों/इलेक्ट्रानिक मीडिया में किए गए प्रचार-प्रसार का व्यय, चुनाव प्रचार में लगाए गए वाहनों के किराये एवं प्रयुक्त डीजल/पेट्रोल व्यय एवं वाहन चालक की दैनिक मजदूरी का अंकन अनिवार्य रूप से किया जाएगा। निर्वाचन के दौरान दूरभाष/मोबाईल/ब्राॅड बैंड /इंटरनेट/सोशल मीडिया पर हुए व्यय तथा  अन्य विविध व्यय जो सामान्य रूप से प्रक्रिया के दौरान होते हैं का भी अंकन व्यय पंजिका में किया जाएगा। निर्वाचन व्यय लेखा प्रस्तुत करते समय निर्वाचन व्यय हेतु खोले गए खाते की पासबुक अथवा लेन-देन का विवरण पत्र की स्वप्रमाणित छायाप्रति प्रस्तुत करने अनिवार्य है। भारत निर्वाचन आयोग के निदेशानुसार निर्वाचन के दौरान सभी राजनैतिक दलों एवं निर्वाचन लड़ने वाले अभ्यर्थियों को निर्वाचन प्रचार-प्रसार की सामग्री (पोस्टर बैनर इत्यादि) में मानव स्वास्थ्य एवं पर्यावरण के हित में प्लास्टिक को एकल उपयोग न करने एवं पर्यावरण के अनुकूल प्रचार सामग्री का उपयोग करने हेतु निर्देशित किया गया है। उन्होंने निर्वाचन लड़ने वाले अभ्यर्थियों को निर्वाचनों के परिणाम घोषित होने के 30 दिन के अन्दर जिला निर्वाचन अधिकारी के सक्षम अपने निर्वाचन व्यय का लेखा दाखिल करना होगा। उन्होंने अवगत कराया कि नियत तिथि/स्थान/समय पर व्यय पंजिका प्रस्तुत न किए जाने की स्थिति को गम्भीरता को पूर्वक लिया जाएगा एवं लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की सुसंग्त धाराओं के अन्तर्गत बिना किसी पूर्वाग्रह के दण्डनीय कार्यवाही प्रारम्भ कर दी जाएगी। जिसका पूर्ण उत्तरदायित्व संबंधित का होगा।

जिला निर्वाचन अधिकारी/जिलाधिकारी ने अवगत कराया कि निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्याशियों को निर्वाचन कार्यों में प्रयुक्त दूरभाष/मोबाईल/ब्राॅड बैंड़/इंटरनेट नंबर तथा वह किस किस नाम से आवटित है, विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र में स्थापित चुनाव कार्यालयों के पते एवं वहां पर नियुक्त प्रभारी एवं सहायक प्रभारियों का नाम पता एवं दूरभाष संख्या, निर्वाचन कार्यों में प्रयुक्त कुल वाहनों की संख्या वाहनों के प्रकार एवं उनके नंबर/लाउडस्पीकर का उल्लेख, प्रत्याशी के सूक्ष्म एवं पूर्ण नमूने के हस्ताक्षर, अधिकृत व्यक्ति/मुख्य निर्वाचन अभिकर्ता का नाम पता मोबाईल नंबर दूरभाष नंबर तथा प्रमाणित हस्ताक्षर जिसके द्वारा व्यय विवरण प्रस्तुत किया जाना है। अभ्यर्थी का पूर्ण पता (आवासीय एवं मुख्य कार्यालय दोनों) एवं दूरभाष तथा मोबाईल नंबर आदि विवरण अनिवार्यत प्रस्तुत किया जाना है।


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