पंचायत चुनाव मे प्रत्याशियों ने झोंकी ताकत, अब खोज रहे रिश्तेदारी नातेदारी
ऋषिकेश:
उत्तम सिंह
उत्तराखंड के पंचायत चुनाव के पहले चरण का मतदान 5 अक्टूबर को होना तय है।प्रथम चरण के अंतिम समय में प्रत्याशियों ने डोर टू डोर का प्रचार तेज कर दिया है। लाउडस्पीकर के साथ ही भारी संख्या में चलने वाले प्रत्याशी अब रिश्तेदारी नातेदारी लाग कर वोट मांग रहे हैं। खासतौर से प्रधान पद के प्रत्याशी तो रिश्ते-नाते का उपयोग करते हुये अपने पक्ष मे वोट करने के लिये कह रहे । यही नहीं कुछ जगहों पर लोगों को रिझाने के पार्टियों का आयोजन किया जा रहा है ।
मतदान का समय नजदीक होने के कारण प्रत्याशियों में अब वोट को पलटने की चिंता देखी जा रही है। लोगों में अपने चुनाव निशान को बताने के साथ ही उन्हें बस किसी भी तरह से मनाने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। महिला प्रत्याशी रिश्ते के माध्यम से चूल्हे तक पहुंचकर सास, बहू और देवरानी जेठानी का रिश्ता जोड़कर पैर छू रही हैं फिलहाल अब उन्हें किसी भी तरह से लोगों को अपने पक्ष में करने की चिंता सता रही है। जैसे जैसे समय नजदीक आ रहा है उनके माथे पर चिंता की लकीरें भी बढ़ती जा रही हैं|
ऋषिकेश:
उत्तम सिंह
उत्तराखंड के पंचायत चुनाव के पहले चरण का मतदान 5 अक्टूबर को होना तय है।प्रथम चरण के अंतिम समय में प्रत्याशियों ने डोर टू डोर का प्रचार तेज कर दिया है। लाउडस्पीकर के साथ ही भारी संख्या में चलने वाले प्रत्याशी अब रिश्तेदारी नातेदारी लाग कर वोट मांग रहे हैं। खासतौर से प्रधान पद के प्रत्याशी तो रिश्ते-नाते का उपयोग करते हुये अपने पक्ष मे वोट करने के लिये कह रहे । यही नहीं कुछ जगहों पर लोगों को रिझाने के पार्टियों का आयोजन किया जा रहा है ।
मतदान का समय नजदीक होने के कारण प्रत्याशियों में अब वोट को पलटने की चिंता देखी जा रही है। लोगों में अपने चुनाव निशान को बताने के साथ ही उन्हें बस किसी भी तरह से मनाने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। महिला प्रत्याशी रिश्ते के माध्यम से चूल्हे तक पहुंचकर सास, बहू और देवरानी जेठानी का रिश्ता जोड़कर पैर छू रही हैं फिलहाल अब उन्हें किसी भी तरह से लोगों को अपने पक्ष में करने की चिंता सता रही है। जैसे जैसे समय नजदीक आ रहा है उनके माथे पर चिंता की लकीरें भी बढ़ती जा रही हैं|
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