ऋषिकेश :
उत्तम सिंह
गुमानीवाला में आयोजित नौ दिवसीय श्रीमद देवी भागवत कथा के सप्तम दिन व्यासपीठ कथा वाचक डॉ0 सतीश कृष्ण वत्सल जी ने शिव विवाह प्रसंग सुनाया जिसमे कैलाश की भव्यता व सुंदरता का वर्णन किया है भव्यता ,सुंदरता पर्यावरण युक्त स्थान पर ही सम्भव होती है। अतः अपने आस पास को कैलाश की भाँति सुंदर और भव्य बनाना है तो अपने आचरण के साथ ही पर्यावरण व अपने आसपास के वातावरण कक साफ सुथरा रखने में सहयोग करना होगा। कथा स्थल पर शिव विवाह के अवसर पर शिव गौरा की विवाह की सुंदर झांकियां तथा नृत्य प्रस्तुत किये गए। इसअवसर पर आचार्य दिल मणि पैन्यूली मुख्य आचार्य दया राम पैन्यूली, राजेश व्यास, सतीश रावत, कांति राम ममगाई, ज्योत राम शर्मा, टी0 के0 भट्ट, सूरज मणि गोदियाल, जसोदा देवी, रुकमा व्यास गुड्डी देवी सुशीला देवी व्यास, केदारी देवी ,सावित्री देवी, सुमति देवी रावत आदि श्रद्धालु मौजूद रहे ।
उत्तम सिंह
गुमानीवाला में आयोजित नौ दिवसीय श्रीमद देवी भागवत कथा के सप्तम दिन व्यासपीठ कथा वाचक डॉ0 सतीश कृष्ण वत्सल जी ने शिव विवाह प्रसंग सुनाया जिसमे कैलाश की भव्यता व सुंदरता का वर्णन किया है भव्यता ,सुंदरता पर्यावरण युक्त स्थान पर ही सम्भव होती है। अतः अपने आस पास को कैलाश की भाँति सुंदर और भव्य बनाना है तो अपने आचरण के साथ ही पर्यावरण व अपने आसपास के वातावरण कक साफ सुथरा रखने में सहयोग करना होगा। कथा स्थल पर शिव विवाह के अवसर पर शिव गौरा की विवाह की सुंदर झांकियां तथा नृत्य प्रस्तुत किये गए। इसअवसर पर आचार्य दिल मणि पैन्यूली मुख्य आचार्य दया राम पैन्यूली, राजेश व्यास, सतीश रावत, कांति राम ममगाई, ज्योत राम शर्मा, टी0 के0 भट्ट, सूरज मणि गोदियाल, जसोदा देवी, रुकमा व्यास गुड्डी देवी सुशीला देवी व्यास, केदारी देवी ,सावित्री देवी, सुमति देवी रावत आदि श्रद्धालु मौजूद रहे ।
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