रुद्रप्रयाग:
(भूपेंद्र भंडारी )
भगवान बद्री
विशाल के कपाट
खुलने से पहले
ही उत्तराखण्ड में
चार धाम यात्रा
का आगाज भी
हो गया है।
भगवान की तेल
कलश यात्रा आज
रुद्रप्रयाग पहुंची जहां
श्रद्वालुओं ने भगवान
के तेल कलश
पात्र के दर्शन
कर अपने आप
को सौभाग्यशाली माना
और यात्रा को
अग्रिम पडाव के
लिए रीति रिवाजों के
साथ रवाना किया।
भगवान बद्रीविशाल की
गाडू घडी तेल
कलश यात्रा का
दिन वैदिक काल
से बसन्त पंचमी
के दिन ही
तय किया जाता
है और फिर
भगवान के कपाट
खुलने की तिथि
तय होने से
पहले डिमरी महापंचायत द्वारा
भगवान का
पवित्र
तेल नरेन्द्रनगर राजमहल
से लाया जाता
है, जो कि
भगवान बद्रीनारायण को
पहुंचता है। इस
बार 30 अप्रैल को
भगवान के कपाट
खुल रहे हैं
और इससे पहले
सारी ब्यवस्थाएं पूरी
की जा रही
है। सुनाते हैं
आपको श्री बद्रीनाथ डिमरी
महापंचायत का वह
बयान जो पूरे
विश्व के जनमानस
के लिए कहा
गया है कि
भगवान की यात्रा
सहज और
शकुशल है।
वहीं
बद्रीनाथ व केदारनाथ के
साथ ही गंगोत्री व
यमुनोत्री के मुख्य
मार्ग पर स्थित
रुद्रप्रयाग के विधायक
भरत सिंह चैधरी
ने कहा कि
यात्रा को लेकर
सरकार पूरी तरह
से गम्भीर है
और पूरा विश्व
बिना किसी खोप
के यहां आ
सकता है और
सरकार का वायदा
है कि तीर्थ
यात्री व पर्यटकों का
पूरा ख्याल रखेगी।
कहा कि केन्द्र व
प्रदेश सरकार मिलकर
चारधाम यात्रा को
सफल बनाने पर
जुटे हैं और
विशेष तौर पर
पीएम मोदी तो
यात्रा को लेकर
काफी आशान्वित है।
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